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एजेंडा आजतक में बोले रामदेव-कोई मुझे योगी माने या ना माने, मैं उपयोगी जरूर हूं

योगगुरु बाबा रामदेव ने कहा है कि वो अंतिम सांस तक योग नहीं छोड़ेंगे. रामदेव ने कहा कि उनके पास न तो ब्लैक मनी है, न ही सफेद धन है. आचार्य बालकृष्ण बिना वेतन वाले सीईओ हैं.

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एजेंडा आज तक में बाबा रामदेव एजेंडा आज तक में बाबा रामदेव

योगगुरु बाबा रामदेव ने कहा है कि वो अंतिम सांस तक योग नहीं छोड़ेंगे. रामदेव ने कहा कि उनके पास न तो ब्लैक मनी है, न ही सफेद धन है. आचार्य बालकृष्ण बिना वेतन वाले सीईओ हैं.

उन्होंने कहा कि लोग पतंजलि की नकल तो करते हैं. योग करने से उद्योग तो उसका बाई प्रोडक्ट है, वो अपने आप मिल जाएगा. अपने आप को पहचानना योग है. योग करने वाला 100 नहीं 200 फीसदी ग्रोथ हासिल कर सकता है.

नोटबंदी का अभियान हमने पूरे देश में खड़ा किया. जनजागरण का अभियान चलाया. मेरा मानना है कि नोटबंदी से आतंकवाद और नक्सलवाद की कमर टूटी है. सभी को पता है कि इनकी फंडिंग बंद हो चुकी है. काला धन दोबारा न आए, इसके लिए उपाय करना होगा. सरकार की चुनौती बढ़ गई है. मोदी जी की नीयत पर शक नहीं किया जा सकता है. लेकिन इसके लिए बेहतर बंदोबस्त किए जा सकते थे. 2000 के नए नोट पर फिर से विचार करना होगा.

नोटबंदी से पतंजलि के बिजनेस पर असर हुआ या नहीं, इस सवाल पर रामदेव ने कहा कि पिछले महीने की तुलना में इस महीने का ग्रोथ बढ़ा है और दिसंबर में इसे दोगुना करने का लक्ष्य है. नोटबंदी के बावजूद हम अगले साल 100 फीसदी की ग्रोथ हासिल करेंगे.

यह पूछे जाने पर कि रामदेव का बिजनेस फलफूल रहा है जबकि बाकी पीछे हट जाते हैं. उन्होंने कहा, 'हमारी नीयत ठीक है. हम वर्ल्ड क्लास प्रोडक्ट और कम प्रॉफिट पर लाते हैं.

मैं उपयोगी जरूर हूं
कोई मुझे योगी माने या न माने, मैं इस देश के लिए उपयोगी हूं और मैंने इसे साबित किया है. देश का पैसा देश की सेवा में लगना चाहिए. मैंने नूडल्स का स्वदेशीकरण कर दिया है. माल्ट प्रोडक्ट्स का भी स्वदेशीकरण कर दिया है.

रामदेव ने कहा 'आज तक' चैनल स्वदेशी है जिसने विदेशी मीडिया ब्रांड्स को पछाड़ दिया है. शुरू से नंबर वन है. तो पतंजलि सभी विदेशी ब्रांड्स को क्यों नहीं पछाड़ सकता.

हमारा देश कई वर्षों तक गुलाम रहा है. इस देश में साहस की कमी है, शौर्य की कमी है. हमारे देश में प्रतिभाओं की कमी नहीं है. यह तो अभी शुरुआत है. अभी मेरी 50 साल की यात्रा बाकी है.

मोदी वजीर, मैं फकीर
यह पूछे जाने पर कि क्या आप प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हर बात से इत्तेफाक नहीं रखते? इस पर रामदेव ने कहा, 'मोदी जी वजीर हैं, मैं फकीर हूं. ममता बनर्जी के सवाल पर उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में कोई भी व्यक्ति प्रधानमंत्री बनने का सपना देख सकता है. यह बयान रिकॉर्डेड है. जो कोई इस देश में पैदा हुआ है, वो इस देश की धरोहर है. योगगुरु ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को 'अच्छा लड़का' करार दिया.

लालू प्रसाद से मिलने के सवाल पर रामदेव ने कहा कि किसी रिश्ते की बात नहीं है. लालू जी को मैंने कपाल भांति कराई, अनुलोम-विलोम कराया. उन्हें किसी तरह का शारीरिक कष्ट था. मेरा किसी से बैर नहीं है. मैं तो राहुल-सोनिया के बारे में कामना करता हूं कि वो स्वस्थ रहें. मैं चाहता तो सोनिया-नेहरू परिवार से बदला ले सकता था लेकिन मैंने नहीं किया. संन्यासी बदला नहीं लेता, बदलाव के लिए काम करता है.

रामदेव ने कहा, 'मैं शिक्षा में पक्षपात नहीं देखना चाहता हूं. मैं ब्रिटेन की तरह शिक्षा प्रणाली अपने देश में भी चाहता हूं, जहां हर वर्ग के लोगों को उच्च शिक्षा हासिल हो. अगर सरकारें नहीं कर पाती हैं तो मैं करके दिखाउंगा.'

राजनीति में आने के सवाल पर रामदेव ने कहा कि राजनीति मेरा आपद धर्म है. मेरा मूल धर्म योग है. जब-जब मेरी जरूरत होगी, मैं देश को खतरे से बचाऊंगा लेकिन कभी भी राजनीतिक पद नहीं लूंगा.

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