scorecardresearch
 
Advertisement

Movie Review: आजादी और विभाजन की दास्तां है फिल्म 'पार्टीशन 1947'

Movie Review: आजादी और विभाजन की दास्तां है फिल्म 'पार्टीशन 1947'

भारत की आज़ादी और बंटवारे पर बनी फिल्मों की लंबी फेहरिस्त में शामिल नई फिल्म है The Partition: 1947. अंग्रेज़ी में viceroy’s house के नाम से बनी इस फिल्म की रिलीज़ से पहले एक ऐसे राज़ से पर्दा उठाने का दावा किया गया था जिसके बारे में ज्यादा लोग नहीं जानते. हालांकि 1 घंटा 46 मिनट की इस फिल्म में इस राज़ पर सिर्फ 5 मिनट ही खर्च किए गए.फिल्म की कहानी आधारित है 11 साल पहले आई एक गुमनाम सी किताब The shadow of the great game: The untold story of India’s Partition. इस किताब को लिखने वाले थे लॉर्ड माउंटबेटन के जूनियर स्टाफ अधिकारी और बार में भारत के सीनियर सिविल सेवा अधिकारी रहे नरेंद्र सिंह सरीला ने.किताब में सरीला लिखते हैं और उसी आधार पर फिल्म में गुरिंदर चड्ढा ने दिखाया है कि भारत के बंटवारे के पीछे असली वजह रूस को एशिया में प्रवेश करने से रोकना था ताकि मिडिल ईस्ट के तेल के कुओं पर रूस नज़र ना डाल पाए.फिल्म बताती है कि बंटवारे पर फैसला भले ही 1946 में हुआ लेकिन इसका खाका 1945 में ही तैयार हो गया था, यहां तक की उसके कागज़ात तक बना लिए गए थे. किताब की रिलीज़ के समय उसकी काफी आलोचना हुई थी और अब फिल्म की रिलीज़ के समय भी इतिहासकार फिल्म में इस्तेमाल किए गए तथ्यों पर सवाल खड़े कर रहे हैं.

Advertisement
Advertisement