उत्तर प्रदेश के पूर्वी छोर पर बसे बलिया जिले की एक विधानसभा सीट है बेल्थरा रोड विधानसभा सीट. बलिया जिले की देवरिया और मऊ से लगती सीमा पर बसा बेल्थरा रोड एक कस्बा है. बेल्थरा रोड विधानसभा क्षेत्र उद्योग शून्य है. इस विधानसभा क्षेत्र के कई गांव सरयू नदी के तट पर बसे हैं. बलिया जिला मुख्यालय से बेल्थरा रोड की दूरी करीब 65 किलोमीटर है.
बेल्थरा रोड विधानसभा क्षेत्र में मां मातेश्वरी शक्तिपीठ, मां भागेश्वरी और परमेश्वरी के प्राचीन मंदिर है. किसी जमाने में पीतल, कांसा और तांबा उद्योग के लिए प्रसिद्ध रहा खैराडीह भी इसी विधानसभा क्षेत्र में पड़ता है. ये विधानसभा क्षेत्र लाल मिर्च की खेती के लिए भी प्रसिद्ध रहा है. बेल्थरा रोड रेल और सड़क मार्ग के जरिए देश-प्रदेश के अन्य इलाकों से जुड़ा हुआ है. ये विधानसभा क्षेत्र सलेमपुर लोकसभा क्षेत्र में आता है.
राजनीतिक पृष्ठभूमि
बेल्थरा रोड विधानसभा सीट आरक्षित सीट है. साल 2008 के परिसीमन से पहले ये विधानसभा सीट सामान्य सीट हुआ करती थी. इस विधानसभा क्षेत्र का नाम पहले सीयर विधानसभा हुआ करता था. समाजवादी पार्टी (सपा) के कद्दावर नेता शारदानंद अंचल इस विधानसभा सीट से कई दफे विधायक रहे. इस विधासनभा सीट के चुनावी अतीत की चर्चा करें तो 1962 में कांग्रेस के मांधाता सिंह, 1967 में सोशलिस्ट पार्टी के शिवपाल यादव, 1969 और 1980 में निर्दलीय बब्बन सिंह, 1974 और 1977 में कांग्रेस के रफीउल्ला विधायक निर्वाचित हुए.
इस विधानसभा सीट से 1985 में लोक दल और 1989 में जनता दल, 1993 और 2002 में सपा के टिकट पर शारदा नंद अंचल विधानसभा पहुंचे. 1991 और 1996 में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के हरिनारायण राजभर जीते. 2007 में बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के केदार वर्मा विधानसभा पहुंचे. 2008 के परिसीमन के बाद ये सीट आरक्षित हो गई. बेल्थरारोड सुरक्षित विधानसभा सीट के लिए साल 2012 में हुए पहले चुनाव में सपा के गोरख पासवान विधायक निर्वाचित हुए. सपा के गोरख पासवान ने बसपा के छट्ठू राम को हराया था.
2017 का जनादेश
बेल्थरा रोड विधानसभा सीट से सपा के टिकट पर तब के निवर्तमान विधायक गोरख पासवान चुनाव मैदान में थे. गोरख के मुकाबले बसपा ने पुराने दिग्गज घूरा राम और बीजेपी ने नए चेहरे धनंजय कन्नौजिया पर दांव लगाया था. बीजेपी के धनंजय ने इस सीट पर 21 साल का सूखा खत्म करते हुए कमल खिला दिया. धनंजय ने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी गोरख पासवान को 18319 वोट से हरा दिया था. बसपा के घूरा राम तीसरे स्थान पर रहे थे.
सामाजिक ताना-बाना
बेल्थरा रोड विधानसभा सीट के सामाजिक समीकरणों की बात करें तो इस विधानसभा क्षेत्र में कुल तीन लाख से अधिक मतदाता हैं. इस विधानसभा सीट के जातिगत समीकरणों की बात करें तो यहां अनुसूचित जाति के मतदाताओं की बहुलता है. बेल्थरा रोड विधानसभा सीट का चुनाव परिणाम निर्धारित करने में अन्य पिछड़ा वर्ग के मतदाता भी निर्णायक भूमिका निभाते हैं. इस विधानसभा क्षेत्र में यादव मतदाता भी अच्छी तादाद में हैं.
विधायक का रिपोर्ट कार्ड
बेल्थरा रोड विधानसभा सीट से विधायक धनंजय कन्नौजिया का दावा है कि उनके कार्यकाल में विकास हुआ है. विरोधी दलों के नेताओं का दावा है कि इलाके का विकास थम गया है. बलिया जिले की इस विधानसभा सीट के लिए यूपी चुनाव के छठे चरण में 3 मार्च को मतदान होना है. बता दें कि यूपी में विधानसभा चुनाव सात चरणों में होने हैं.