मध्य प्रदेश की धार लोकसभा सीट के नतीजे घोषित हो गए हैं. इस सीट से बीजेपी के छत्तर सिंह दरबार ने जीत हासिल की है. उन्होंने कांग्रेस के दिनेश गिरवाल 156029 वोटों से मात दी है.

राजनीतिक पृष्ठभूमि
धार लोकसभा सीट पहला चुनाव 1967 में हुआ. यह सीट अनुसूचित जनजाति के उम्मीदवार के लिए आरक्षित है. पहले चुनाव में यहां पर भारतीय जनसंघ के भारत सिंह को जीत मिली. इसके अगले 2 चुनावों में भी भारत सिंह जीतने में कामयाब रहे.
कांग्रेस ने पहली बार 1980 के चुनाव में इस सीट पर जीत हासिल की. और इसके अगले 3 चुनाव में यहां पर 'हाथ' का ही कब्जा रहा. 1996 के चुनाव में इस सीट से बीजेपी के छत्तर सिंह ने कांग्रेस के सुरजभान सिंह को हराया. बता दें कि सुरजभान सिंह इससे पहले 1989 और 1991 के चुनाव में जीत हासिल किए थे.
1996 के चुनाव में जीत हासिल करने वाली बीजेपी को अगले चुनाव यानी 1998 में हार मिली और कांग्रेस के गजेंद्र सिंह यहां के सांसद बने. 1998 और 1999 में हारने के बाद बीजेपी ने एक बार फिर इस सीट पर जीत हासिल की और छत्तर सिंह दूसरी बार इस सीट पर जीत हासिल करने में कामयाब रहे.
2009 में कांग्रेस ने एक बार फिर इस सीट पर वापसी की और गजेंद्र सिंह ने बीजेपी के मुकाम सिंह को मात दे दी. फिलहाल इस सीट पर बीजेपी का कब्जा है और सावित्री ठाकुर यहां की सांसद हैं. देखा जाए तो इस सीट पर बीजेपी के मुकाबले कांग्रेस का पलड़ा भारी रहा है.
कांग्रेस को यहां 7 बार जीत मिली तो बीजेपी को 3 बार. धार लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत विधानसभा की 8 सीटें आती हैं. सरदारपुर, मनवार, बदनावर, गंधवानी, धर्मपुरी, डॉ. अंबेडकरनगर-महू, कुकशी, धार यहां की विधानसभा सीटें हैं. यहां की 8 विधानसभा सीटों में से 6 पर कांग्रेस और 2 पर बीजेपी का कब्जा है.
सामाजिक तानाबाना
मध्य प्रदेश का ये जिला धार नगरी के नाम से विख्यात है. इस शहर की स्थापना परमार राजा भोज ने की थी. ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से यह मध्य प्रदेश का एक महत्वपूर्ण शहर है. यह शहर पश्चिमी मध्य प्रदेश के मालवा क्षेत्र में स्थित है.
एक जमाने में मालवा की राजधानी रहा यह शहर धार किला और भोजशाला मंदिर की वजह से पर्याप्त संख्या में पर्यटकों को आकर्षित करने में सफल रहता है. राजनीतिक लिहाज से भी यह क्षेत्र काफी महत्वपूर्ण है. 2011 की जनगणना के मुताबिक धार की जनसंख्या 25,47,730 है. यहां की 78.63 फीसदी आबादी ग्रामीण क्षेत्र में रहती है और 21.37 फीसदी आबादी शहरी क्षेत्र में रहती है. धार में अनुसूचित जनजाति के लोगों की संख्या ज्यादा है. यहां की 51.42 फीसदी जनसंख्या अनुसूचित जनजाति की है और 7.66 फीसदी जनसंख्या अनुसूचित जाति की है.
2014 का जनादेश
2014 के चुनाव में बीजेपी की सावित्री ठाकुर ने कांग्रेस के उमंग सिंघर को मात दी थी. सावित्री ठाकुर को 5,58,387(51.86 फीसदी) वोट मिले थे. उमंग सिंघर को 4,54,059(42.17 फीसदी) वोट मिले थे. दोनों के बीच हार जीत का अंतर 1,04,328 वोटों का था. बसपा के अजय रावत 1.36 फीसदी वोटों के साथ इस चुनाव में तीसरे स्थान पर थे.
चुनाव की हर ख़बर मिलेगी सीधे आपके इनबॉक्स में. आम चुनाव की ताज़ा खबरों से अपडेट रहने के लिए सब्सक्राइब करें आजतक का इलेक्शन स्पेशल न्यूज़ लेटर