विल्लुपुरम जिला मुख्यालय होने के साथ-साथ एक महत्वपूर्ण परिवहन और प्रशासनिक केंद्र है और विधानसभा क्षेत्र भी है.यह शहर रेलवे और सड़क नेटवर्क के प्रमुख मार्गों पर स्थित है, इसलिए शासन, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और व्यापार का केंद्र माना जाता है.
इस क्षेत्र में मतदाताओं की अपेक्षाएं काफी अधिक हैं और वे साफ-सफाई, कानून-व्यवस्था, बुनियादी सुविधाओं और सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर जागरूक रहते हैं. यहां सरकारी कर्मचारी, व्यापारी, परिवहन से जुड़े लोग, छात्र, मजदूर और कल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थी बड़ी संख्या में रहते हैं. जातीय समीकरणों का असर जरूर है, लेकिन विधायक की उपलब्धता, प्रशासनिक कार्यक्षमता और संकट के समय त्वरित प्रतिक्रिया भी मतदाताओं की राय को प्रभावित करती है.
शहरी इलाकों के साथ-साथ आसपास के ग्रामीण गांव भी इस क्षेत्र में आते हैं. अच्छी रेल और सड़क कनेक्टिविटी के बावजूद अंदरूनी सड़कों की हालत, जलनिकासी, ट्रैफिक जाम, बस स्टैंड की भीड़ और मानसून में जलभराव बड़ी समस्याएं हैं. रेलवे जंक्शन, बस स्टैंड क्षेत्र, सरकारी दफ्तरों के आसपास, बाजार इलाके, मेडिकल कॉलेज क्षेत्र और जलापूर्ति वाले इलाके संवेदनशील माने जाते हैं.
यहां स्थित श्री शिवलोगनाथन मंदिर (तिरुमुंडीचरम) एक प्राचीन और प्रमुख धार्मिक स्थल है. मुख्य समस्याओं में बाढ़, ट्रैफिक, पानी की अनियमित आपूर्ति, अस्पतालों में भीड़, स्वच्छता, अतिक्रमण, खराब सड़कें और युवाओं के लिए रोजगार शामिल हैं. मतदाताओं की प्राथमिकताएं अलग-अलग हैं. शहरी लोग सफाई और ड्रेनेज चाहते हैं, व्यापारी सुगम यातायात, सरकारी कर्मचारी बेहतर प्रशासन, महिलाएं पानी-स्वास्थ्य-सुरक्षा, युवा अच्छी शिक्षा और नौकरी, जबकि बुजुर्ग बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं और परिवहन सुविधा चाहते हैं.
यह क्षेत्र द्रविड़ राजनीति की दो प्रमुख पार्टियों का मजबूत गढ़ माना जाता है और यहां से चुने गए प्रतिनिधि अक्सर राज्य मंत्रिमंडल में मंत्री बनते हैं.
Shanmugam C Ve
ADMK
Selvam J
NTK
Dass K
MNM
Balasundaram R
AMMKMNKZ
Nota
NOTA
Shanmugam A
IND
Sivabalan N
BSP
Shanmugam G
IND
Duraisamy D
MKLMNTRAPR
Kesavan P
IND
Shanmugam V
IND
Devanathan N
VTVTK
Jaiaadhe R
IND
Raman K
IND
Victor A S
DESMI
Kuppan V
IND
Kumar R
IND
Dakshinamoorthy Su Va
IND
Balu K
IND
Prabakaran M
IND
Iyyanar G
IND
Mohamed Ibraim A
ADK
Subramanian R
IND
Narendiran D
IND
Iniyadayalan G
IND
कमल हासन, जिन्हें लोग ‘उलगनायगन’ कहते हैं, ने अपने अभियान के जरिए साफ कर दिया कि यह चुनाव सिर्फ तमिलनाडु का नहीं, बल्कि पूरे देश के भविष्य का सवाल है. उन्होंने परिसीमन के मुद्दे को केंद्र में रखते हुए मुख्यमंत्री स्टालिन के रुख का समर्थन किया.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तमिलनाडु में लोकसभा में महिला आरक्षण बिल का संशोधन पारित न होने पर निराशा जाहिर करते दिखे. उन्होंने कांग्रेस और डीएमके को बिल न पारित होने का जिम्मेदार ठहराया. उन्होंने कहा कि ये लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है और बीजेपी और एनडीए महिलाओं के अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखेंगे.
Assembly Election Updates: असम, केरल और पुडुचेरी में चुनाव के बाद अब पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हैं. पश्चिम बंगाल की 294 सदस्यीय विधानसभा के लिए 23 अप्रैल और 29 अप्रैल को वोट डाले जाएंगे. जबकि तमिलनाडु की सभी 234 विधानसभा सीटों पर 23 अप्रैल को वोटिंग होगी. बंगाल में चुनावी पारा चढ़ने के बीच ममता बनर्जी की अगुवाई वाली तृणमूल कांग्रेस (TMC) को झटका लगा है. बंगाल के अल्पसंख्यक बहुल मुर्शिदाबाद जिले की जलांगी विधानसभा सीट से TMC विधायक अब्दुर रज्जाक ने गुरुवार को पार्टी छोड़ने का ऐलान किया है.
डीएमके ने काले झंडे लहराकर और परिसीमन विधेयक की प्रतियां जलाकर विरोध प्रदर्शन किया.16 अप्रैल को डीएमके की बैठकों में ‘काला रंग’ छाया रहा.
स्टालिन की डीएमके ने इस मुद्दे को 'नॉर्थ बनाम साउथ' के रूप में पेश करना शुरू कर दिया है. पार्टी का कहना है कि परिसीमन पर केंद्र सरकार का फैसला क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व को कमजोर कर सकता है.
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने केंद्र सरकार के परिसीमन बिल के खिलाफ कड़ा विरोध जताया है. उन्होंने नामक्कल में चुनाव प्रचार के दौरान बिल की प्रति जलाई और काला झंडा दिखाया. स्टालिन ने इसे तमिलों के खिलाफ फासीवादी कदम बताया और पूरे द्रविड़ क्षेत्र में आंदोलन फैलाने की चेतावनी दी. डीएमके नेताओं ने कहा कि ये बिल दक्षिण भारत के राजनीतिक अधिकारों को कमजोर करेगा और उत्तर भारत के वर्चस्व को बढ़ाएगा.
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने वोटिंग से हफ्ता भर पहले परिसीमन का मुद्दा लपक लिया है. डीएमके की कैंपेन स्ट्रैटेजी बदल कर परिसीमन पर फोकस हो गई है, और काले झंडे के साथ विरोध प्रदर्शन हो रहा है. AIADMK को बचाव की मुद्रा में आना पड़ा है, जबकि टीवीके नेता विजय परिसीमन का जोरदार विरोध कर रहे हैं.
चेन्नई के टी नगर में जब विजय का रोड शो निकला, तो सड़कों का नजारा देखने लायक था. समर्थकों की भारी भीड़ और जबरदस्त उत्साह के बीच पूरा माहौल किसी फिल्मी सीन जैसा लग रहा था. विजय ने टी नगर में घूम-घूमकर प्रचार किया. इस सीट से उनके सबसे करीबी साथी आनंद चुनाव लड़ रहे हैं, जहां मुकाबला काफी कड़ा माना जा रहा है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 2029 के आम चुनाव से महिला आरक्षण कानून लागू करना चाहते हैं, और उसके लिए संसद के विशेष सत्र में संशोधन विधेयक लाए जा रहे हैं. एक विधेयक परिसीमन को लेकर है, जिसका विपक्षी दल खासकर दक्षिण भारत के नेता कड़ा विरोध कर रहे हैं - क्या बीजेपी ने कोई जोखिम भरा कदम बढ़ाया है?
तमिलनाडु के चुनावी रण में एडप्पादी पलानीस्वामी के लिए 2026 की यह जंग उनके राजनीतिक अस्तित्व की सबसे बड़ी परीक्षा साबित होने वाली है. ईपीएस अपनी 'स्ट्रॉन्गमैन' छवि और एनडीए के साथ के भरोसे जयललिता की विरासत को अपने नाम करने की कोशिश कर रहे हैं.