मायलापुर (विधानसभा क्षेत्र संख्या 25) चेन्नई के सबसे पुराने और सांस्कृतिक रूप से विशिष्ट इलाकों में से एक है. यह क्षेत्र अपनी समृद्ध विरासत, धार्मिक जीवन, घनी आबादी वाले रिहायशी इलाकों और सक्रिय व्यावसायिक सड़कों के लिए जाना जाता है. मान्यता है कि महान तमिल कवि तिरुवल्लुवर का जन्म भी मायलापुर में हुआ था.
इस क्षेत्र की पहचान ऐतिहासिक कपालेश्वरर मंदिर, पारंपरिक अग्रहारा गलियों, सांस्कृतिक संस्थानों और शैक्षणिक केंद्रों से जुड़ी है. इसी वजह से मायलापुर को अक्सर “मंदिरों का नगर” कहा जाता है. यहां शासन और प्रशासन का सीधा संबंध विरासत संरक्षण, मंदिर उत्सवों के प्रबंधन और नागरिक सुविधाओं की गुणवत्ता से जुड़ा रहता है. घनी आबादी और ऐतिहासिक ढांचे के कारण यहां आधुनिक सुविधाओं और परंपराओं के बीच संतुलन बनाना एक बड़ी चुनौती है.
राजनीतिक और सामाजिक रूप से मायलापुर में लंबे समय से बसे मध्यम और उच्च-मध्यम वर्ग के परिवार, पेशेवर लोग, व्यापारी, मंदिरों से जुड़े समुदाय, छात्र और सेवा क्षेत्र के लोग रहते हैं. यहां जातिगत प्रभाव बहुत कम दिखाई देता है. लोगों का मतदान व्यवहार अधिकतर सांस्कृतिक पहचान, नागरिक सेवाओं और प्रशासन के कामकाज पर निर्भर करता है. रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन, मंदिर समितियां, सांस्कृतिक संगठन और व्यापारी संघ जनमत को प्रभावित करने में अहम भूमिका निभाते हैं.
भौगोलिक रूप से मायलापुर एक छोटा लेकिन बहुत घना इलाका है. यहां की संकरी गलियां पहले पैदल चलने और मंदिरों के लिए बनाई गई थीं, लेकिन अब उन पर भारी ट्रैफिक रहता है. यह क्षेत्र त्रिप्लिकेन, टी. नगर, अलवरपेट और अड्यार से सड़कों और बस मार्गों के जरिए जुड़ा हुआ है, जबकि मेट्रो सेवा से आवागमन और बेहतर हुआ है. इसके बावजूद ट्रैफिक जाम, पार्किंग की कमी और पैदल यात्रियों की सुरक्षा यहां की स्थायी समस्याएं हैं. भारी बारिश के समय कुछ निचले इलाके जलभराव से भी प्रभावित होते हैं.
मायलापुर के प्रमुख स्थल कपालेश्वरर मंदिर परिसर और उसकी माडा गलियां, संतोम चर्च, समुद्र तट से जुड़ी सड़कें, तिरुवल्लुवर मंदिर, संस्कृत कॉलेज, आदि केशव पेरुमल मंदिर, रामकृष्ण मठ और विवेकानंद कॉलेज, साथ ही संगीत सभाएं, सांस्कृतिक केंद्र और विविध व्यंजन वाले क्षेत्र हैं.
यहां की मुख्य समस्याओं में ट्रैफिक और पार्किंग की कमी, मंदिर उत्सवों के दौरान भीड़ प्रबंधन, जल निकासी और जलभराव, कचरा प्रबंधन, विरासत वाली सड़कों और इमारतों का संरक्षण, शोर और वायु प्रदूषण, फुटपाथों की स्थिति और मंदिर व रिहायशी इलाकों में अतिक्रमण शामिल हैं.
मायलापुर के मतदाता जागरूक, सक्रिय और अपनी बात खुलकर रखने वाले हैं. वे ऐसे प्रशासन को प्राथमिकता देते हैं जो नियमित रूप से काम करे, स्थानीय संस्कृति और मंदिर-केंद्रित पहचान का सम्मान करे और नागरिक समस्याओं का संवेदनशील समाधान निकाले.
Nataraj.r
ADMK
Sripriya
MNM
Mahalakshmi.k
NTK
Nota
NOTA
Karthick.d
AMMKMNKZ
Balaji
BSP
Radha M (transgender)
IND
Nallappan.g
IND
Natarajan P
IND
Pasupathi Pragalathan
IND
Mohanraj.j
JJ
Selvakumar
IND
Rangarajan.r
IND
Nandagopal.g
IND
Senthil Kumar.d
AMAK
Arunraj Balan
IND
Varatharajan.v.s
IND
Kajendran.m
IND
V. Vijaya Krishna
IND
Shanmugarajan B
IND
Malar Kannan.r
IND
Kuppuswamy.t.m
IND
Venkatesh
IND
तमिलनाडु में डीएमके ने महिलाओं के लिए 8000 रुपये का कूपन देने का वादा किया है. मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने कहा कि कूपन इसलिए दिया जा रहा है ताकि लोग अपनी पसंद के अनुसार घरेलू सामान खरीद सकें. पार्टी की डिप्टी जनरल सेक्रेटरी ने बताया कि यह मेनिफेस्टो पूरी तरह से लोगों से बातचीत और उनके सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है.
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने डीएमके का चुनावी मेनिफेस्टो जारी किया. इसमें महिलाओं को 2000 रुपये मासिक सहायता, पेंशन बढ़ाकर 2000 रुपये करने और मुफ्त बिजली जारी रखने का वादा किया गया है. इसके अलावा 10 लाख घर बनाने, छात्रों को लैपटॉप देने और स्वास्थ्य बीमा योजना का दायरा बढ़ाने की घोषणा की गई है.
तमिलनाडु में 2026 विधानसभा चुनाव से पहले अभिनेता और TVK प्रमुख विजय ने अपनी पार्टी के उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है. विजय खुद त्रिची ईस्ट और पेरंबूर सीट से चुनाव लड़ेंगे. पार्टी ने 234 सीटों पर उम्मीदवार घोषित किए हैं.
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव से पहले AIADMK ने 17 सीटों के लिए उम्मीदवारों की सूची जारी की है. पार्टी प्रमुख एडप्पडी के. पलानीस्वामी ने अनुभवी नेताओं पर भरोसा जताया है. NDA गठबंधन के साथ AIADMK सत्ता में वापसी की कोशिश कर रही है.
तमिलनाडु चुनाव के लिए मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने अपने 'महा-महा' गठबंधन का पूरा फॉर्मूला फाइनल कर लिया है. इसके तहत DMK 164 सीटों पर खुद चुनाव लड़ेगी, जबकि 70 सीटें कांग्रेस और अन्य सहयोगियों को दी गई हैं. खुद स्टालिन अपनी पारंपरिक सीट कोलाथुर से मैदान में उतरेंगे. खास बात यह है कि इस बार स्टालिन ने 18 महिलाओं और 60 नए चेहरों के साथ-साथ डॉक्टर, इंजीनियर और वकीलों जैसे पढ़े-लिखे उम्मीदवारों पर बड़ा दांव लगाया है.
तमिलनाडु में 164 सीटों पर चुनाव लड़ेगी DMK, इस सीट से चुनावी मैदान में उतरेंगे स्टालिन. एमके स्टालिन ने DMK की ओर से बड़ा चुनावी ऐलान किया है. पार्टी इस बार 164 सीटों पर खुद चुनाव लड़ेगी, जबकि 70 सीटें सहयोगी दलों के लिए छोड़ी गई हैं. स्टालिन खुद कोलाथुर सीट से मैदान में उतरेंगे. इस “महा-महा गठबंधन” में कौंग्रेस को 28 और DMDK को 10 सीटें दी गई हैं
सीट बंटवारे से नाराज अन्नामलाई नहीं लड़ेंगे चुनाव? आलाकमान को लिखी चिट्ठी. तमिलनाडु में बीजेपी को बड़ा झटका लगा है. पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष के. अन्नामलाई ने विधानसभा चुनाव नहीं लड़ने का फैसला किया है. सूत्रों के मुताबिक, अन्नामलाई सीट बंटवारे को लेकर AIADMK के साथ हुए समझौते से नाराज हैं. उन्होंने दिल्ली में पार्टी आलाकमान को चिट्ठी लिखकर अपनी आपत्ति जताई है
तमिलनाडु में चुनाव से बीजेपी में फूट की खबरें हैं. AIADMK के साथ सीट बंटवारे से नाराज राज्य के कद्दावर बीजेपी नेता के अन्नामलाई विधानसभा चुनावों से दूरी बना सकते हैं. अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने दिल्ली में आलाकमान को चिट्ठी लिखी है.
AIADMK ने दूसरी लिस्ट जारी करते हुए लीमा रोज को लालगुडी सीट से मैदान में उतारा है. वह लॉटरी किंग मार्टिन की पत्नी हैं. पार्टी के एडवोकेट विंग के सेक्रेटरी मंगुलम के. महेंद्रन मदुरै ईस्ट से चुनाव लड़ेंगे.
तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के लिए AIADMK और बीजेपी के बीच सीटों का जिस तरह बंटवारा हुआ, उसमें बीजेपी की कई मांगें नहीं मानी गई हैं. बीजेपी के प्रति AIADMK के ताजा रुख की वजह भी के. अन्नामलाई ही हैं. क्योंकि पलानीस्वामी और अन्नामलाई की ’दुश्मनी’ का इतिहास पुराना है.