बांग्लादेश में नई सरकार बन रही है. बीएनपी के नेता तारिक रहमान पीएम बनेंगे. आज बांग्लादेश के संसद में उनका शपथग्रहण समारोह है. बांग्लादेश का ये संसद वहां का एक ऐतिहासिक भवन है और अतीत की कई महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाओं का गवाह भी रहा है. यह भवन ऐतिहासिक, राजनीतिक और आर्किटेक्चरल दृष्टिकोण से बहुत ही खास है. इसका अपना एक अलग इतिहास रहा है. (Photo - AP)
बांग्लादेश राष्ट्रीय संसद भवन का नाम जातीय संसद भवन है. संसद परिसर शेर-ए-बांग्ला नगर में स्थित है. बांग्लादेश संसद की आधिकारिक वेबसाइट पर दी गई जानकारी के मुताबिक, यह परिसर लगभग 215 एकड़ में फैला हुआ है, जिसमें मुख्य संसद भवन, रेसिडेंशियल फैसिलिटी और खूबसूरत लैंड स्कैप शामिल हैं. संसद भवन के पश्चिम में रोकेया सरानी, दक्षिण में मानिक मियां एवेन्यू, उत्तर में लेक रोड और पूर्व में मीरपुर रोड स्थित हैं. (Photo - Reuters)
संसद भवन का हेक्सागोनल आकार आसपास के वातावरण के साथ आर्किटेक्ट के सामंजस्य को दर्शाता है. इस भवन का डिजाइन मानवीय आवश्यकताओं, नागरिक पहचान और लोकतांत्रिक सत्ता के प्रति गहरे सम्मान को दर्शाता है. इस भवन के लिए वास्तुकार लुई आई. काह्न ने सादगी और प्रतीकात्मकता पर आधारित एक भव्य संरचना की कल्पना की थी. जहां विशाल ज्योमेट्रिकल आकृतियां शक्ति और एकता को व्यक्त करती हैं. (Photo - AP)
फिलाडेल्फिया में रहने वाले एक अमेरिकी वास्तुकार लुई इसाडोर कान ने बांग्लादेश के संसद भवन को डिजाइन किया है. लुई वास्तुकला के प्रति अपने विलक्षण और दूरदर्शी दृष्टिकोण के लिए प्रसिद्ध थे. उन्होंने 'साइलेंस और लाइट' के अपने व्यक्तिगत फिलॉसफी पर आधारित विशाल इमारतों का निर्माण किया. उनका काम मानव जीवन और ब्रह्मांड के अंतर्संबंध की गहरी समझ को दर्शाता है और बांग्लादेश का संसद भवन भी उनकी इसी उत्कृष्ट रचनाशीलता और कल्पना का एक उत्कृष्ट उदाहरण है. (Photo - Getty)
ईंटों की भव्य इमारतों और प्राकृतिक सामग्रियों के उपयोग के लिए प्रसिद्ध, कान ने ऐसी संरचनाओं का निर्माण किया जो प्रकृति के साथ मानवीय अहसास के मेल को दिखाती है. लुई 20वीं सदी के सबसे महत्वपूर्ण वास्तुकारों में से एक थे, जिन्हें एआईए गोल्ड मेडल और आरआईबीए गोल्ड मेडल सहित कई प्रतिष्ठित पुरस्कार प्राप्त हुए. (Photo - AFP)
बांग्लादेश संसद भवन अकादमी पुरस्कार विनर डॉक्यूमेंट्री "माई आर्किटेक्ट" में प्रमुखता से दिखाया गया है. इसमें लुई आई. कान के नाम और विरासत और उनकी स्थापत्य संबंधी उपलब्धियों के बारे में जानकारी दी गई है. बांग्लादेश का संसद भवन चारों तरफ से पानी से घिरे एक खूबसूतर इमारत है. इसकी खूबसूरती देखते ही बनती है. यह आर्किटेक्ट का एक बेजोड़ नमूना है. (Photo - AP)
संसद कक्ष में 354 सदस्यों के बैठने की क्षमता है. इसमें पोडियम और वीआईपी गैलरी भी हैं. कक्ष की न्यूनतम ऊंचाई 117 फीट है और बैठने की व्यवस्था 66 फीट के क्षेत्रफल में फैली हुई है. इसकी एक खास विशेषता संसद भवन के ऊपर बनी सीढ़ी है, जिससे प्राकृतिक रोशनी अंदर आती है. 215 एकड़ में फैला संसद भवन परिसर में 6.5 एकड़ में फैली संगमरमर की इमारत का ढांचा है. इसके अलावा छात्रावास, झीलें और सुंदर बगीचे भी हैं. (Photo - AFP)
इस संसद भवन परिसर के कई हिस्से हैं. इसमें साउथ प्लाजा, प्रेसिडेंशियल प्लाजा, मुख्य संसद भवन और एक सुंदर उद्यान शामिल है. इसके इमारतों में संसद सचिवालय, स्थायी समिति के कमरे, मंत्रियों के कार्यालय, सूचना केंद्र, गैलरी, खुला कॉनकोर्स, विजिटर्स का वेलकम एरिया मौजूद है. (Photo - AFP)
15 फरवरी, 1982 को शेर-ए-बांग्ला नगर स्थित नए संसद भवन में उस वर्ष संसद का अंतिम सत्र शुरू हुआ, जिसने बांग्लादेश की लोकतांत्रिक यात्रा में एक नए अध्याय की शुरुआत की. इससे पहले बांग्लादेश की संविधान सभा की पहली बैठकें उस इमारत में हुई थीं जिसमें अब प्रधानमंत्री का कार्यालय है, जिसे पुराना संसद भवन के नाम से जाना जाता है. (Photo - AFP)