उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने पुलिस प्रशासन और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म मेटा के सुरक्षा तंत्र को घंटों तक तनाव में रखा. एक 17 साल की नाबालिग लड़की ने फेसबुक पर लाइव आकर आत्महत्या का स्वांग रचा. वीडियो इतना वास्तविक था कि फेसबुक (मेटा) के आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) ने इसे तत्काल 'लाइफ थ्रेट' मानकर पुलिस को ऑटोमैटिक अलर्ट भेज दिया.
फेसबुक पर लाइव आई युवती के बैकग्राउंड में एक दर्द भरा गाना बज रहा था. वीडियो में वो कैमरे के सामने कुछ गोलियां खाती हुई नजर आ रही थी. इतना ही नहीं, उसने रोंगटे खड़े कर देने वाला कैप्शन भी लिखा था. युवती ने अपने दोस्तों को संबोधित करते हुए सोशल मीडिया पर पोस्ट में लिखा था, "यदि मैं मर जाऊं, तो यह मत पूछना कि मैं क्यों मरी. बस खुद सोचना कि इसका क्या कारण हो सकता है."
सोशल मीडिया मुख्यालय से मिले अलर्ट के बाद गोरखपुर पुलिस तुरंत एक्टिव हुई. तकनीकी सर्विलांस के जरिए युवती की लोकेशन ट्रेस की गई, जो गुलरिहा इलाके के एक किराए के मकान की निकली. बिना वक्त गंवाए पुलिस टीम मौके पर पहुंची, लेकिन अंदर का नजारा देख अधिकारी दंग रह गए. जिसे पुलिस 'सुसाइड' समझकर बचाने पहुंची थी, वो लड़की सुरक्षित थी. उसने बताया कि यह सब महज एक 'प्रैंक' था.
गुलरिहा थाना प्रभारी (SHO) विजय प्रताप सिंह ने इस मामले का खुलासा करते हुए बताया कि युवती मूल रूप से बिहार के गोपालगंज जिले की रहने वाली है. वो गोरखपुर के एक स्थानीय होटल में शेफ का काम करती है. सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय रहती है. पूछताछ में उसने कबूला कि वीडियो में दिखने वाली 'गोलियां' असल में च्युइंग गम थीं. उसने सिर्फ अपने दोस्तों के साथ मजाक करने के लिए ड्रामा रचा था.
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि युवती का खुद को नुकसान पहुंचाने का कोई इरादा नहीं था, लेकिन इस तरह के भ्रामक कंटेंट से सरकारी मशीनरी का समय बर्बाद हुआ और दहशत फैली. पुलिस ने युवती को भविष्य में इस तरह की हरकत न करने और गुमराह करने वाला कंटेंट न बनाने की सख्त हिदायत दी. कड़ी चेतावनी देने के बाद उसे छोड़ दिया गया है.