उत्तर प्रदेश के बलिया में साइबर ठगी का एक मामला सामने आया है. यहां अज्ञात लोगों ने एक पुलिसकर्मी को ही शिकार बना लिया. ई-कॉमर्स कंपनी के ऑपरेटर बनकर ठगों ने ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट पर ज्यादा मुनाफे का लालच दिया और एक कांस्टेबल से 5.43 लाख रुपए की ठगी कर ली.
पुलिस के मुताबिक, यह मामला बलिया जिले के रसड़ा कोतवाली क्षेत्र का है. पछुवा गांव निवासी अंतलेश कुमार, जो आज़मगढ़ में कांस्टेबल के पद पर तैनात हैं, की शिकायत पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ IT एक्ट की धारा 66D के तहत FIR दर्ज की गई है. अंतलेश कुमार को टेलीग्राम पर एक लिंक मिला था.
इस लिंक को मुंबई में हेड ऑफिस वाली एक बड़ी ई-कॉमर्स कंपनी का बताया गया. ब्रांड के नाम और प्रोफाइल पर भरोसा करके उन्होंने उस प्लेटफॉर्म के जरिए इन्वेस्टमेंट करना शुरू कर दिया. 31 जुलाई से 29 दिसंबर 2025 के बीच उन्होंने कई बार रकम ट्रांसफर की थी. अधिकतम रकम 1.45 लाख रुपए थी.
इस तरह पीड़ित ने कुल 5,43,836 रुपए बताए गए अकाउंट में जमा कर दिए. कांस्टेबल का कहना है कि जब निजी जरूरत के चलते उन्होंने पैसे निकालने की कोशिश की, तो ट्रांजैक्शन फेल होने लगा. इसके कुछ समय बाद उनका अकाउंट ही डिलीट कर दिया गया. इसके बाद उन्हें ठगी का एहसास हुआ.
उन्होंने साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई. रसड़ा कोतवाली इंचार्ज योगेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि इस मामले की जांच शुरू कर दी गई है. साइबर ठगों की पहचान करने और पैसे के ट्रेल का पता लगाने की कोशिश की जा रही है. आजमगढ़ में ये अपने तरह का पहला मामला है, जब कोई पुलिसकर्मी ठगों का शिकार बना है.