कांग्रेस के राज्यसभा सांसद राजीव सातव का निधन हो गया है. वो पिछले कई दिनों से कोरोना से जूझ रहे थे. उनकी उम्र 46 साल थी. 22 अप्रैल को राजीव सातव की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था. पिछले कई दिनों से उनकी तबीयत लगातार बिगड़ती ही जा रही थी.
कोरोना के हल्के लक्षण दिखने के बाद उन्होंने जांच कराई थी, जिसके बाद 22 अप्रैल को उनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी. उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था. उनकी हालत में सुधार हो रहा था, लेकिन पिछले कुछ दिनों से उनकी तबीयत बिगड़ती जा रही थी. अस्पताल के सूत्रों ने बताया कि राजीव कोरोना से रिकवर कर रहे थे. लेकिन अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने लगी, जिसके बाद उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया था. लेकिन रविवार को उनका निधन हो गया.
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने राजीव सातव के निधन पर दुख जताते हुए ट्वीट किया, "मुझे अपने दोस्त राजीव सातव को खोने का दुख है. वो विशाल क्षमता वाले नेता थे, जिन्होंने कांग्रेस के आदर्शों को मूर्त रूप दिया था. ये हम सभी के लिए बहुत बड़ी क्षति है."
I’m very sad at the loss of my friend Rajeev Satav. He was a leader with huge potential who embodied the ideals of the Congress.
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi)
It’s a big loss for us all. My condolences and love to his family.
वहीं, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी उनके निधन पर दुख जताया है. प्रियंका ने ट्वीट किया, "राजीव सातव के रूप में हमने अपना एक प्रतिभाशाली साथी खो दिया. वो दिल के साफ, ईमानदार, कांग्रेस के आदर्शों के लिए प्रतिबद्ध और भारतीयों के प्रति समर्पित थे. मेरे पास शब्द नहीं हैं. बस उनकी पत्नी और बच्चों के लिए प्रार्थना हैं. उन्हें उनके बिना आगे बढ़ने की शक्ति मिले."
In Rajiv Satav we have lost one of our brightest colleagues. Clean of heart, sincere, deeply committed to the ideals of the Congress & devoted to the people of India.
— Priyanka Gandhi Vadra (@priyankagandhi)
I have no words, just prayers for his young wife & children. May they have the strength to carry on without him.
कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने ट्वीट कर कहा, "निशब्द! आज एक ऐसा साथी खो दिया जिसने सार्वजनिक जीवन का पहला कदम युवा कांग्रेस में मेरे साथ रखा और आज तक साथ चले पर आज...राजीव सातव की सादगी, बेबाक़ मुस्कुराहट, ज़मीनी जुड़ाव, नेतृत्व और पार्टी से निष्ठा और दोस्ती सदा याद आएंगी. अलविदा मेरे दोस्त! जहां रहो, चमकते रहो!!"
निशब्द !
— Randeep Singh Surjewala (@rssurjewala)
आज एक ऐसा साथी खो दिया जिसने सार्वजनिक जीवन का पहला कदम युवा कांग्रेस में मेरे साथ रखा और आज तक साथ चले पर आज...
राजीव सातव की सादगी, बेबाक़ मुस्कराहट, ज़मीनी जुड़ाव, नेत्रत्व और पार्टी से निष्ठा और दोस्ती सदा याद आयेंगी।
अलविदा मेरे दोस्त !
जहाँ रहो, चमकते रहो !!!
कौन थे राजीव सातव?
राजीव सातव की गिनती कांग्रेस के बड़े नेताओं में होती थी. उन्हें राहुल गांधी का करीबी भी माना जाता था. राजीव सातव महाराष्ट्र से आते थे. वो विधायक से लेकर लोकसभा और राज्यसभा के सांसद तक रह चुके थे.
उनका जन्म 21 सितंबर 1974 को महाराष्ट्र के पुणे में हुआ था. वो महाराष्ट्र में कांग्रेस का बड़ा चेहरा थे. राजीव 2008 से 2010 तक महाराष्ट्र युवा कांग्रेस और 2010 से 2014 तक युवा कांग्रेस के अध्यक्ष रह चुके थे. राजीव पहली बार 2009 से 2014 तक महाराष्ट्र विधानसभा के सदस्य रहे. 2014 में हिंगोली लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा और जीते. उसके बाद अप्रैल 2020 में उन्हें राज्यसभा सांसद चुना गया था.