scorecardresearch
 

कोरोना वैक्सीन की बर्बादी में बिहार नंबर 1, केंद्र ने संसद में रखी राज्यों की लिस्ट

केंद्र सरकार द्वारा संसद में जानकारी दी गई है कि 1 मई 2021 से 13 जुलाई तक देश में करीब ढाई लाख वैक्सीन की डोज़ खराब हुई हैं. वैक्सीन की बर्बादी बिहार में सबसे ज्यादा हुई है.

वैक्सीनेशन को लेकर केंद्र का बयान वैक्सीनेशन को लेकर केंद्र का बयान
स्टोरी हाइलाइट्स
  • वैक्सीन की बर्बादी पर केंद्र सरकार का जवाब
  • बिहार में सबसे अधिक खराब हुई हैं डोज़

देश में कोरोना वैक्सीनेशन का काम तेज़ी से जारी है. अभी तक 45 करोड़ से अधिक डोज़ लगाई जा चुकी हैं. इस बीच वैक्सीन वेस्टेज का मसला चर्चा में रहा है. केंद्र सरकार द्वारा संसद में जवाब दिया गया है कि जुलाई तक सबसे अधिक वैक्सीन वेस्टेज बिहार में हुई है. 

केंद्र सरकार द्वारा संसद में जानकारी दी गई है कि 1 मई 2021 से 13 जुलाई तक देश में करीब ढाई लाख वैक्सीन की डोज़ खराब हुई हैं. जिन राज्यों में वैक्सीन खराब गई है, उसमें बिहार, जम्मू-कश्मीर, त्रिपुरा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, पंजाब, मणिपुर और मेघालय हैं. 

बिहार में 1.26 लाख, दिल्ली में 19 हज़ार, जम्मू-कश्मीर में 32 हजार, मणिपुर में 12 हजार, मेघालय में 3500, पंजाब में करीब 13 हजार, त्रिपुरा में 27 हजार और उत्तर प्रदेश में करीब 13 हजार वैक्सीन खराब हुई हैं. 

सरकार द्वारा इन राज्यों के अलावा किसी अन्य राज्य के वैक्सीन वेस्टेज के आंकड़े नहीं दिए गए हैं. सरकार द्वारा अभी तक सभी राज्यों को करीब 42 लाख एक्स्ट्रा वैक्सीन की डोज़ दी गई हैं. आपको बता दें कि देश में अभी तक वैक्सीन की कुल 45,07,06,257 डोज़ दी गई हैं. वैक्सीनेशन के मामले में उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र जैसे राज्य आगे चल रहे हैं.  


वैक्सीन वेस्टेज पर अशोक गहलोत का जवाब

वैक्सीन की बर्बादी को लेकर कई बार राजनीतिक बयानबाजी भी हुई है, बीजेपी द्वारा राजस्थान, छत्तीसगढ़ पर वैक्सीन वेस्टेज का आरोप लगाया गया था. ऐसे में जब केंद्र सरकार ने ये वैक्सीन वेस्टेज वाले राज्यों की जानकारी दी, तब राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने इसपर टिप्पणी की. 

अशोक गहलोत ने ट्वीट किया कि लोकसभा में केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया है कि राजस्थान में कोई वैक्सीन डोज बर्बाद नहीं हुई बल्कि 13 जुलाई तक 2.46 लाख वैक्सीन डोज अतिरिक्त लगाई गईं. यह उन लोगों के लिए करारा जवाब है जिन्होंने वैक्सीन बर्बादी के झूठे आरोप लगाकर हमारे हेल्थ वर्कर्स का मनोबल गिराया था.

अशोक गहलोत के मुताबिक, वैक्सीन वायल में कई बार 10 की जगह 11 डोज आती हैं. सावधानीपूर्वक वैक्सीनेशन से इस अतिरिक्त डोज का भी इस्तेमाल किया जाता है, इसके कारण वैक्सीन वेस्टेज नेगेटिव यानी शून्य से कम है. जानकारी के अभाव में विपक्षी नेताओं ने नेगेटिव वेस्टेज का मजाक उड़ाया था. 

 

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें