आवास वित्त कंपनियों के रेगुलेटर नेशनल हाउसिंग बैंक (NHB) ने कंपनियों से कहा है कि वे 25 लाख रुपये और इससे ज्यादा के जानबूझकर नहीं चुकाए गए ऋण मामलों की जानकारी साझा करें ताकि इस तरह के कर्जदारों को आगे ऋण लेने से रोका जा सके.
एनएचबी ने 25 लाख रुपये व इससे अधिक के कर्ज को जानबूझकर नहीं चुकाने के मामलों में सूचनाएं साझा करने की प्रणाली के लिए दिशा निर्देश तय किए हैं. इसके अनुसार उसने यह कदम की सलाह और पूरी समिति की सिफारिशों के आधार पर उठाया है.
एनएचबी के अनुसार इस तरह की जानबूझकर कर्ज नहीं चुकाने वालों की जानकारी सभी क्रेडिट इन्फॉर्मेशन कंपनियों (सीआईसी) से भी साझा कर सकती हैं. नियमों के तहत एचएफसी जानबूझकर कर्ज नहीं चुकाने वालों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई कर सकती हैं.