दिसंबर तिमाही में विदेशी निवेशकों और म्यूचुअल फंड ने कुछ स्टॉक्स पर जमकर दाव लगाया है. इन निवेशकों ने इसमें लगातार हिस्सेदारी बढ़ाई है. बजट से पहले छह शेयरों में अच्छी खरीदारी देखने को मिली है. ये छह शेयर- mphasis Ltd, Swiggy, Sagility, Bank of Maharashtra, RBL Bank और Anand Rathi Wealth हैं.
RBL Bank में म्यूचुअल फंड की हिस्सेदारी दिसंबर तिमाही में 384 बेसिस पॉइंट बढ़कर 34.44 प्रतिशत हो गई, जो सितंबर तिमाही में 30.6 प्रतिशत थी. इस प्राइवेट बैंक में एफपीआई की हिस्सेदारी तीसरी तिमाही में 642 बेसिस पॉइंट बढ़कर 21.91 प्रतिशत हो गई, जो दूसरी तिमाही में 15.49 प्रतिशत थी. जनवरी में इस शेयर में अभी तक 6 फीसदी तक की गिरावट आई है.
वहीं जनवरी में स्विगी लिमिटेड के शेयरों में 17 प्रतिशत की गिरावट आई है. इसके साथ ही, कंपनी का शेयर दिसंबर में 10,000 करोड़ रुपये जुटाने के अपने QIP प्राइस 375 रुपये से नीचे कारोबार कर रहा है. FPI और म्यूचुअल फंड ने ऑनलाइन फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म में अपनी हिस्सेदारी क्रमशः 384 बेसिस पॉइंट और 534 बेसिस पॉइंट बढ़ाई है.
बैंक ऑफ महाराष्ट्र में विदेशी निवेशकों (FPI) ने 2.57 प्रतिशत अतिरिक्त हिस्सेदारी खरीदी, जबकि म्यूचुअल फंड्स ने भी 4.15 प्रतिशत अतिरिक्त हिस्सेदारी हासिल की. बैंक ऑफ महाराष्ट्र का तीसरी तिमाही का मुनाफा सिस्टमैटिक्स के अनुमानों से 9 प्रतिशत अधिक रहा, जिसकी खास वजह नेट इंटरेस्ट इनकम (एनआईआई), उच्च शुल्क आय और कम प्रावधान थे. जनवरी में इसके शेयरों में 2.80 फीसदी की उछाल आई है, जबकि एक महीने में इसमें 14 प्रतिशत से ज्यादा की तेजी आई है.
सैजिलिटी लिमिटेड में विदेशी निवेशकों ने 4.66 प्रतिशत और म्यूचुअल फंड ने 4.56 प्रतिशत की हिस्सेदारी बढ़ाई. जनवरी में अब तक शेयर में 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है.
एमफैसिस लिमिटेड में म्यूचुअल फंड्स की हिस्सेदारी 6.25 प्रतिशत बढ़ी, जबकि FPI ने 1.27 प्रतिशत की ग्रोथ दर्ज की है. वहीं आनंद राठी वेल्थ लिमिटेड में म्यूचुअल फंड्स और एफपीआई दोनों ने अपनी हिस्सेदारी 1 प्रतिशत बढ़ाई. दोनों कंपनियों ने अपने तीसरी तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं. पीएल कैपिटल ने एमफैसिस के ऑर्डर बुक में विस्तार को देखते हुए इस शेयर को 'खरीदें' की सलाह दी और इसका टारगेट 3,480 रुपये रखा. जनवरी में इस शेयर में 3 प्रतिशत की गिरावट आई है.
आनंद राठी वेल्थ के मामले में पीएल कैपिटल ने कहा कि कमजोर तिमाही प्रदर्शन को ध्यान में रखते हुए हमने वित्त वर्ष 2026, वित्त वर्ष 2027 और वित्त वर्ष 2028 के लिए अपने अनुमानों में 2 प्रतिशत की कटौती की है. हम 3,100 रुपये के एक साल के टारगेट के साथ 'बने रहें' रेटिंग को दोहराते हैं. यह शेयर जनवरी में 5 प्रतिशत नीचे गिर गया है.
(नोट- किसी भी शेयर में निवेश से पहले अपने योग्य सलाहकार की मदद जरूर लें.)