देश का आम बजट 2026 (Union Budget 2026) 1 फरवरी रविवार को संसद में पेश किया जाएगा. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (FM Nirmala Sitharaman) का ये 9वां यूनियन बजट होगा और वे सुबह 11 बजे अपना बजट भाषण शुरू करेंगी. ट्रंप टैरिफ की ग्लोबल टेंशन (Trump Tariff Tension) के बीच मोदी सरकार के बजट में क्या-क्या खास होगा, ये कहना अभी जल्दबाजी होगी. इससे पहले आपको देश के Budget से जुड़ी कुछ दिलचस्प बातें बताते हैं, जिन्हें शायद आप नहीं जानते होंगे.
Budget शब्द कहां से आया?
बजट को लेकर लोग खूब चर्चाएं करते हैं और वित्त मंत्री के बजट भाषण पर भी पैनी नजर रखते हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि ये 'Budget' शब्द कहां से आया. अगर नहीं, तो इसके इतिहास के बारे में जान लेना आपके लिए बेहद जरूरी है. बता दें कि ये फ्रेंच भाषा के लातिन शब्द 'बुल्गा' से उत्पन्न हुआ है, जिसका आम बोलचाल में मतलब होता है चमड़े का थैला.
बुल्गा से फ्रांसीसी शब्द बोऊगेट बना था और इसके बाद अंग्रेजी भाषा में बोगेट शब्द अस्तित्व में आया. इसी बोगेट शब्द से 'बजट' शब्द प्रचलन में आया. इसके नाम के मतलब के अनुसार ही लंबे समय तक बजट चमड़े के बैग में ही लेकर आया जाता रहा था.
भारत का पहला बजट कब आया था?
Budget शब्द की उत्पत्ति के बाद अब जान लीजिए कि आखिर दुनिया में पहला आम बजट पेश कहां किया गया था और भारत का पहला बजट कब और किसने पेश किया था. तो बजट इतिहास पर नजर डालने पर पता चलता है कि सरकार की ओर से जनता के सामने पेश किया जाने वाला सालभर के लिए देश की आय और खर्च का लेखा-जोखा, बजट डॉक्युमेंट की शुरुआत सबसे पहले ब्रिटेन में की गई थी. भारत में पहला बजट (India's First Budget) ब्रिटिश काल में ही पेश हुआ था और इसे 7 अप्रैल 1860 को ब्रिटिश सरकार में वित्त मंत्री जेम्स विल्सन ने पढ़ा था.
ये था आजाद भारत का पहला बजट
अंग्रेजों से आजादी मिलने के बाद आजाद भारत के पहले बजट की हिस्ट्री को देखें, तो इसे साल 1947 में संसद में पेश किया गया था. अंग्रेजों के देश से चले जाने के बाद देश के पहले वित्त मंत्री आर के शनमुखम चेट्टी (RK Shanmukham Chetty) बने थे. उन्होंने 26 नवंबर 1947 को देश का Budget पेश किया था. 1892 में जन्मे शनमुखम चेट्टी पेशे से एक वकील भी रहे थे और जाने-माने अर्थशास्त्री भी थे.