बिजनौर में करीब 13 लाख रुपये कीमत की दो भैंसों की चोरी का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. पशुपालक के घेर से चोरी हुई दोनों भैंसों को पुलिस ने संभल जिले से जीवित बरामद कर लिया. चोरों तक पहुंचने के लिए पुलिस ने एक-दो नहीं, बल्कि 75 से ज्यादा CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली. अलग-अलग जगहों से मिले सुरागों को जोड़ते हुए पुलिस की जांच बिजनौर से आगे बढ़कर संभल तक पहुंच गई. इस मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपियों में दो ऐसे हैं, जिन्हें पुलिस रिकॉर्ड में हिस्ट्रीशीटर बताया गया है. पुलिस के मुताबिक, साक्ष्यों के आधार पर तीनों आरोपियों की पहचान हुई और इसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया.
मामला बिजनौर के कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के ग्राम इस्लामपुर लालू उर्फ मालीवाला का है. गांव निवासी जलालुद्दीन पुत्र मुर्तजा ने 8 सितंबर 2026 को थाने में तहरीर दी थी. उन्होंने पुलिस को बताया कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उनके घेर का ताला तोड़ दिया और अंदर बंधी उनकी दो भैंस चोरी कर लीं. पशुपालक ने पुलिस को बताया था कि चोरी हुई दोनों भैंसों की कीमत करीब 13 लाख रुपये है. शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने अज्ञात चोर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया और मामले की जांच शुरू कर दी.
पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती चोरी हुई दोनों भैंसों का पता लगाना और उन्हें चोरी करने वालों तक पहुंचना था. इसके लिए पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की. इसके साथ ही उन संभावित रास्तों पर लगे कैमरों को भी देखा गया, जहां से चोरी के बाद भैंसों को ले जाया गया हो सकता था.
पुलिस ने जांच को आगे बढ़ाते हुए 75 से अधिक CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली. अलग-अलग जगहों की फुटेज को एक-एक कर देखा गया और उनसे मिले सुरागों को आपस में जोड़ा गया. CCTV फुटेज से मिले सुराग पुलिस के लिए अहम साबित हुए. जांच की दिशा धीरे-धीरे बिजनौर से बाहर निकल गई. पुलिस को ऐसे संकेत मिले, जिनके आधार पर टीम संभल जिले तक पहुंची. यानी एक पशुपालक के घेर से शुरू हुई भैंस चोरी की जांच CCTV कैमरों की मदद से दूसरे जिले तक पहुंच गई. पुलिस ने संभावित रास्तों और संदिग्ध गतिविधियों को ट्रैक करते हुए जांच को आगे बढ़ाया.
बिजनौर से संभल तक पहुंची पुलिस
पुलिस की जांच संभल जिले के थाना असमौली क्षेत्र तक पहुंची. वहां पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चोरी की गई दोनों भैंसों को बरामद कर लिया. खास बात यह रही कि दोनों भैंसें जीवित मिलीं. दोनों पशुओं की बरामदगी के बाद पुलिस ने मामले में शामिल आरोपियों की पहचान पर काम शुरू किया. पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान सामने आए साक्ष्यों के आधार पर तीन आरोपी इस मामले में प्रकाश में आए. इसके बाद तीनों को गिरफ्तार कर लिया गया. पुलिस की कार्रवाई से चोरी हुई दोनों भैंसें वापस मिल गईं. करीब 13 लाख रुपये कीमत के दोनों पशुओं के जीवित बरामद होने से पशुपालक को राहत मिली.
पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है. इनमें दो आरोपी पुलिस रिकॉर्ड में हिस्ट्रीशीटर बताए गए हैं. गिरफ्तार आरोपियों में सुभान उर्फ भूरा पुत्र उस्मान, निवासी ग्राम भनेड़ा, थाना किरतपुर, बिजनौर शामिल है. पुलिस के अनुसार वह हिस्ट्रीशीटर है. दूसरा आरोपी नीटू पुत्र जगदीश, निवासी ग्राम भरेकी, थाना किरतपुर, बिजनौर है. पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक उसे भी हिस्ट्रीशीटर बताया गया है. तीसरे आरोपी की पहचान इस्तकार उर्फ टाईगर पुत्र हनीफ, निवासी ग्राम भनेड़ा, थाना किरतपुर, बिजनौर के रूप में हुई है. पुलिस के मुताबिक, तीनों आरोपियों के खिलाफ मामले में मिले साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.
पुलिस ने बताया कि मामले की विवेचना के दौरान धारा 317(2) बीएनएस की बढ़ोतरी की गई है. मामले में आगे की विवेचनात्मक और कानूनी कार्रवाई जारी है. इस पूरे मामले में पुलिस की जांच का सबसे अहम हिस्सा CCTV फुटेज रहा. घटनास्थल से लेकर संभावित रास्तों तक अलग-अलग स्थानों पर लगे 75 से ज्यादा कैमरों की फुटेज खंगाली गई. इन्हीं फुटेज से मिले सुरागों को जोड़कर पुलिस उस जगह तक पहुंची, जहां चोरी की गई दोनों भैंसों को रखा गया था.
विवेचना में BNS की एक और धारा बढ़ी
पुलिस की कार्रवाई की खास बात यह रही कि शिकायत दर्ज होने के बाद टीम ने तेजी से जांच आगे बढ़ाई. 8 सितंबर को पशुपालक ने चोरी की शिकायत दी थी. इसके बाद पुलिस ने CCTV फुटेज खंगालने का काम शुरू किया और जांच को बिजनौर से बाहर दूसरे जिले तक ले गई. संभल के असमौली क्षेत्र से दोनों भैंसों की बरामदगी के बाद पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया. इनमें दो हिस्ट्रीशीटर बताए गए हैं. इस तरह करीब 13 लाख रुपये कीमत की दो भैंसों की चोरी का मामला CCTV कैमरों से मिले सुरागों के जरिए खुला. पुलिस ने 75 से ज्यादा कैमरों की फुटेज खंगालकर जांच को आगे बढ़ाया और आखिरकार दोनों चोरी हुई भैंसों को जीवित बरामद कर लिया.
ऋतिक राजपूत