18 सितंबर 2026 से मंगल ने अपनी नीच राशि कर्क में प्रवेश किया था और अब 12 नवंबर तक इसी राशि में गोचर करेंगे. इस तरह मंगल लगभग 55 दिनों तक कर्क राशि में रहने वाले हैं. खास बात यह है कि 31 अक्टूबर तक उच्च के गुरु भी कर्क राशि में मंगल के साथ रहेंगे. गुरु की यह स्थिति मंगल के नीचत्व को भंग करेगी. ऐसे में मंगल का यह गोचर सभी राशियों के लिए एक जैसा नहीं रहेगा. कुछ राशियों के लिए नीच मंगल का गोचर विशेष रूप से लाभकारी होगा. विशेषकर वृषभ, कन्या, धनु और कुम्भ राशि के लिए. आइए विस्तार से जानते हैं.
वृषभ राशि
वृषभ राशि के लिए मंगल सप्तम और द्वादश भाव के स्वामी होकर तीसरे भाव में गोचर करेंगे. यह स्थिति दाम्पत्य जीवन और व्यापार से जुड़े मामलों में शुभ फल देगी. व्यापार में साझेदारी और नए संपर्कों से लाभ के अवसर बनेंगे. कार्यक्षेत्र में पदोन्नति के योग बन सकते हैं. वहीं मनचाही जगह से अलग स्थान पर स्थानांतरण भी संभव है. यात्राएं लाभकारी रहेंगी और भाई-बहनों का सहयोग मिलेगा. बातचीत के तरीके में प्रभाव बढ़ेगा, जिससे लोग आपकी बात को गंभीरता से लेंगे. विदेश में कार्यरत अथवा मल्टीनेशनल कंपनियों से जुड़े लोगों के लिए समय विशेष रूप से उपयोगी रह सकता है. विदेश जाने की इच्छा रखने वालों के लिए भी अवसर बन सकते हैं. हालांकि अधीरता पर नियंत्रण रखना आवश्यक होगा.
कन्या राशि
कन्या राशि के लिए मंगल तीसरे और आठवें भाव के स्वामी होकर लाभ भाव में गोचर करेंगे. यह स्थिति कन्या राशि के लिए विशेष फलदायी रहेगी लंबे समय से मन में चल रही इच्छाओं के पूरे होने के रास्ते खुलेंगे. आय के नए स्रोत बन सकते हैं और लाभ के विशेष अवसर प्राप्त होंगे. लंबे समय से अटका धन वापस मिलने की संभावना रहेगी. व्यापारियों के लिए नए ग्राहक जुड़ सकते हैं और नए ऑर्डर मिलने से कारोबार में गति आएगी. मित्रों का सहयोग महत्वपूर्ण साबित होगा. हालांकि उपलब्धियों के बीच अहंकार से बचना जरूरी रहेगा. विनम्र व्यवहार बनाए रखने से बने हुए अवसर अधिक स्थायी लाभ में बदल सकते हैं.
धनु राशि
धनु राशि के लिए मंगल द्वादश और पंचम भाव के स्वामी होकर अष्टम भाव में गोचर करेंगे. यह स्थिति प्रेम संबंधों के लिए अनुकूल परिणाम दे सकती है. विद्यार्थियों के लिए भी यह समय महत्वपूर्ण रहेगा. जो विद्यार्थी उच्च शिक्षा के लिए विदेश जाना चाहते हैं, उनकी इच्छा पूरी होने की दिशा में परिस्थितियां बन सकती हैं. रिसर्च और शोध से जुड़े विद्यार्थियों को विशेष लाभ मिलेगा. गुप्त विषयों और शोधपरक कार्यों में रुचि बढ़ सकती है. हालांकि अष्टम भाव में मंगल का प्रभाव अचानक घटनाओं की संभावना भी बढ़ाता है. इसलिए वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतें और जल्दबाजी में कोई निर्णय लेने से बचें.
कुंभ राशि
कुंभ राशि के लिए मंगल तीसरे और दशम भाव के स्वामी होकर छठे भाव में गोचर करेंगे. कन्या राशि के साथ कुम्भ राशि के लिए भी मंगल का यह गोचर विशेष रूप से लाभदायक रहेगा. ऑनलाइन कारोबार, ट्रेडिंग, टूर एंड ट्रेवल तथा संपर्कों से जुड़े काम करने वालों को अच्छे अवसर प्राप्त हो सकते हैं. विरोधी चाहकर भी आसानी से नुकसान नहीं पहुंचा पाएंगे. व्यापारियों के लिए नए काम और प्रतिस्पर्धा में आगे बढ़ने के अवसर बनेंगे. कर्ज से जुड़े मामलों में राहत मिल सकती है. किसी कानूनी विवाद में भी परिस्थितियां अनुकूल दिशा में आगे बढ़ने के संकेत दे सकती हैं. प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को मेहनत का अच्छा परिणाम मिल सकता है.
अंशु पारीक