सोशल मीडिया की आभासी दुनिया में बनी दोस्ती किस तरह सीमाओं को लांघकर दूरियों को तय कर सकती है, इसका एक अनोखा मामला राजधानी भोपाल में सामने आया है. जर्मनी की रहने वाली एक महिला अपनी छोटी बेटी के साथ मध्य प्रदेश पहुंची. इस यात्रा के पीछे करीब 10 साल पुरानी फेसबुक फ्रेंडशिप की कहानी सामने आई है. हालांकि, भारत प्रवास के दौरान महिला और उसकी बेटी का टूरिस्ट वीजा समाप्त हो गया, जिसके बाद मामले की जानकारी पुलिस और स्थानीय प्रशासन को लगी.
दरअसल, जर्मन महिला की फेसबुक के माध्यम से जबलपुर निवासी एक युवक से पहचान हुई थी. दोनों के बीच बातचीत बढ़ने के बाद महिला ने पूर्व में युवक को जर्मनी भी बुलाया था. महिला अपनी बेटी के साथ पिछले साल भारत आई थी. जबलपुर का युवक भी दोनों के साथ अलग-अलग जगहों पर घूमने जाता था.
वीजा अवधि समाप्त होने पर महिला थाना पुलिस ने जबलपुर निवासी युवक को बुलाकर पूछताछ की है. फिलहाल सुरक्षा और देखभाल के लिहाज से महिला और उसकी बेटी को भोपाल स्थित 'गौरवी सेंटर' में रखा गया है.
आर्थिक तंगी के कारण नहीं लौट सकी
पुलिस कमिश्नर संजय कुमार ने बताया, मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने महिला और उसकी बेटी को उनके गृह देश (जर्मनी) वापस भेजने की आधिकारिक प्रक्रिया शुरू कर दी है.
कुमार ने बताया, ''जर्मनी की नागरिक जेसिका पिछले साल सितंबर में 180 दिनों के टूरिस्ट वीजा पर भारत आई थी. वर्तमान में उसका वीजा समाप्त हो चुका है. शुरुआती जांच में पता चला है कि आर्थिक तंगी (पैसों की कमी) के कारण वह वापस नहीं जा सकी और भारत में ही रुकी रही. हमने मुंबई में संबंधित विभाग और जर्मन एम्बेसी को पत्र लिखा है ताकि उनका वीजा एक्सटेंशन और टिकट की व्यवस्था की जा सके. हमारी पहली प्राथमिकता महिला और उसकी बेटी को सुरक्षित जर्मनी वापस भेजना है.''
पुलिस प्रशासन जर्मन एम्बेसी के समन्वय से आगे की विधिक कार्रवाई कर रहा है. इसके साथ ही पुलिस यह भी जांच कर रही है कि महिला के भारत आने का मुख्य उद्देश्य क्या था और जबलपुर निवासी युवक के साथ उसके संबंधों का क्या आधार है.
धर्मेंद्र साहू