Brass Cleaning Easy Trick: भारत में ज्यादातर घरों में मंदिरों में पीतल और तांबे के बर्तन इस्तेमाल किए जाते हैं. पूजा-पाठ में इस्तेमाल होने वाले पीतल के बर्तन अक्सर रोजाना इस्तेमाल से काले या धुंधले पड़ जाते हैं. सुबह-शाम की पूजा में पीतल के दीये, लोटे और पूजा की थाली का इस्तेमाल बेहद शुभ माना जाता है. लेकिन रोजाना धूप, दीप, रोली और जल के संपर्क में आने की वजह से ये बर्तन बहुत जल्दी काले, मटमैले और बदरंग हो जाते हैं.
कई बार साबुन या डिटर्जेंट से घंटों घिसने के बाद भी इनकी पुरानी चमक वापस नहीं आती, जिससे अक्सर लोग परेशान रहते हैं. अगर आपके घर के मंदिर में रखे पीतल के बर्तन भी अपनी चमक खो चुके हैं, तो अब आपको घंटों मेहनत करने की बिल्कुल जरूरत नहीं है. रसोई में मौजूद सिर्फ दो चीजों और गर्म पानी के इस्तेमाल से आप इन्हें मिनटों में बिल्कुल नए जैसा चमका सकते हैं.
पीतल चमकाने के लिए जरूरी चीजें
इस जादुई घरेलू घोल को बनाने के लिए आपको केवल तीन चीजों की जरूरत होगी:
साफ करने का आसान तरीका
घोल तैयार करें: सबसे पहले एक बड़े बर्तन या टब में हल्का गर्म पानी लें. अब इसमें 2 चम्मच नमक और एक से दो चम्मच सिट्रिक एसिड डालकर अच्छी तरह घोल लें.
बर्तनों को डुबोएं: मंदिर के काले या धुंधले पड़े पीतल के बर्तनों को इस तैयार घोल में 5 से 10 मिनट के लिए पूरी तरह डुबोकर छोड़ दें.
हल्के हाथों से साफ करें: कुछ ही देर में आप देखेंगे कि पानी में मौजूद एसिड और नमक की वजह से बर्तनों का कालापन अपने आप छूटने लगा है. अब स्पंज या हल्के स्क्रबर से बर्तनों को पोंछ लें.
साफ पानी से धोएं: बर्तनों को घोल से निकालकर नॉर्मल साफ पानी से अच्छी तरह धो लें और फिर सूखे सूती कपड़े से तुरंत सुखा लें.
आप देखेंगे कि सालों पुराने और काले पड़े पीतल के बर्तन बिना किसी मेहनत के एकदम नए और सोने जैसे चमक उठेंगे!
खास टिप
पीतल के बर्तनों को साफ पानी से धोने के बाद तुरंत सूखे कपड़े से पोंछना बेहद जरूरी है. अगर बर्तन पर पानी की बूंदें सूखने दी जाएं, तो उन पर फिर से पानी के दाग पड़ सकते हैं.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क