आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने शनिवार को पंजाब के सीएम भगवंत सिंह मान के साथ जालंधर में ट्रेड कमीशन की बैठक में शामिल हुए. इस दौरान उन्होंने व्यापारियों, दुकानदारों और कारोबारियों की समस्याएं सुनी और तत्काल समाधान का भरोसा दिलाया.
उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार व्यापारियों, दुकानदारों और कारोबारियों की मदद करने के लिए हमेशा तत्पर है. इसी उद्देश्य से सरकार ने पंजाब स्टेट ट्रेडर्स कमीशन का गठन कर व्यापारियों की छोटी-छोटी समस्याओं का तत्काल समाधान दे रही है.
उन्होंने छोटे व्यापारियों को अर्थव्यवस्था की रीढ़ की हड्डी बताते हुए कहा कि इससे पहले किसी भी सरकार ने छोटे व्यापारियों की समस्याओं को नहीं सुना. पिछली सरकारों में व्यापारियों वसूली की जाती थी, जिसे भगवंत मान सरकार ने पूरी तरह से बंद करा दिया है.
व्यापारियों से संवाद करते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि हमारी सरकार को काम करते हुए चार साल पूरे हो गए हैं. पंजाब के इतिहास में पहले कोई ऐसी सरकार नहीं रही, जो चार साल काम करने के बाद लोगों के साथ आमने-सामने बैठकर बात कर सके. पहले कांग्रेस, भाजपा और अकाली दल की सरकारें आईं. जब उनके नेता चार साल बाद लोगों के बीच जाते थे, तो लोग उन्हें गांवों में घुसने नहीं देते थे और उन्हें मारने के लिए जूते लेकर खड़े होते थे. आज चार साल बाद जब हम लोगों के बीच जा रहे हैं, तो लोग हमें देखकर मुस्कुरा रहे हैं, हमारी तारीफ कर रहे हैं और हंसकर गले लगाने को तैयार हैं. वे हमारी और हमारे काम की तारीफ कर रहे हैं.
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि बठिंडा में आम आदमी पार्टी का मेयर बना है. शुक्रवार को वहां रोड शो के दौरान लोग अपनी दुकानों से निकल कर हमारा स्वागत कर रहे थे. उनकी बॉडी लैंग्वेज से साफ पता चल रहा था कि वे लोग हमें देखकर दिल से कितने खुश थे. पंजाब के लोग जिस तरह सरकार के काम की तारीफ कर रहे हैं, यह शायद पंजाब के इतिहास में पहली बार हो रहा है कि एक सरकार ने चार साल पूरे कर लिए हैं और लोग उसे इतना पसंद कर रहे हैं कि दोबारा उसकी सत्ता चाहते हैं.
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि इस पूरे सिस्टम में एक छोटे व्यापारी की कोई नहीं सुनता. जब हम पंजाब की अर्थव्यवस्था और जीडीपी की बात करते हैं, तो सिर्फ बड़े-बड़े उद्योगपतियों और हजारों करोड़ के निवेश की चर्चा होती है. जबकि अर्थव्यवस्था की असली रीढ़ की हड्डी छोटे व्यापारी हैं. व्यापारी की बात तो सभी करते हैं, लेकिन आज तक ऐसी कोई सरकार या पार्टी नहीं देखी जो व्यापारियों तक जाकर उनकी समस्याओं का समाधान कर सके.
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अगर सड़क टूट जाए या खंभे की स्ट्रीट लाइट खराब हो जाए, तो उसे ठीक कराने के लिए दफ्तरों और विधायक के कई चक्कर लगाने पड़ते है. इसी समस्या को दूर करने के लिए 'आप' सरकार ने पंजाब स्टेट ट्रेडर्स कमीशन का गठन किया, ताकि एक छोटे व्यापारी की आवाज सीधे मुख्यमंत्री तक पहुंच सके. यह कमीशन राज्य, जिला और हलके के स्तर पर काम करता है.
इसके तहत पूरे पंजाब में करीब 800 छोटी-बड़ी मार्केट चिन्हित हैं. व्यापारियों की हर समस्याएं सीधे मुख्यमंत्री के पास जाती हैं और तत्काल समाधान होता है. इससे पहले ऐसी कोई सरकार नहीं आई है, जिसमें एक छोटे व्यापारी की आवाज भी सीधे मुख्यमंत्री तक पहुंचती हो और सीएम खुद हर समस्या का समाधान करता हो?
पिछली सरकारों में की जाती थी वसूली- केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछली सरकारों में हर व्यापारी और उद्योगपति से वसूली की जाती थी. लेकिन हमारी सरकार के इन पांच सालों में वसूली सिस्टम बंद कर दिया है. अब कोई वसूली करने नहीं आता. हमारी सरकार पूरी ईमानदारी से चल रही है. हालांकि, बड़े स्तर पर एक और वसूली शुरू हो गई है. उन्होंने कहा कि पंजाब में चार पार्टियां हैं. एक चिट्टा पार्टी है, जिसने पंजाब के घर-घर में चिट्टा पहुंचाया.
लोग उसे नफरत और गुस्से से बेअदबी पार्टी भी कहते हैं, क्योंकि उनकी सरकार में बेअदबी की कई घटनाएं हुईं. दूसरी ईडी पार्टी है, जो ईडी का दुरुपयोग करके व्यापारियों से वसूली कर रही है. तीसरी झगड़ा पार्टी है, जिसके नेता आपस में ही झगड़ते रहते हैं और आज भी झगड़ रहे हैं. चौथी आम आदमी पार्टी है, जो जनता की अपनी पार्टी है और लोगों के लिए काम कर रही है.
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पिछले साल पंजाब से ईडी पार्टी को 60 करोड़ रुपए का चंदा मिला, जबकि आम आदमी पार्टी को सिर्फ 70 लाख रुपए का चंदा मिला. पंजाब में सरकार आम आदमी पार्टी की है, जबकि ईडी पार्टी की सिर्फ दो सीटें हैं. ईडी पार्टी को पंजाब के व्यापारियों, उद्योगपतियों और कंपनियों से 60 करोड़ का चंदा इसलिए मिल गया, क्योंकि लोगों को ईडी और सीबीआई की धमकियां दी गईं. जिसने पैसे नहीं दिए, उस पर ईडी की रेड कराई गई. पिछले कुछ दिनों से लगातार रेड हो रही हैं.
कुछ लोग गिरफ्तार हो जाते हैं, लेकिन इसके बार में कुछ पता ही नहीं चलता. ऐसा इसलिए क्योंकि वे पैसे देकर अपना मामला खत्म करवा लेते हैं. राज्य में आम आदमी पार्टी की सरकार कोई वसूली नहीं कर रही है, जबकि केंद्र में बैठी ईडी पार्टी धमकियां देकर चंदा वसूल रही है.
अरविंद केजरीवाल ने कहा कि जब हमने पंजाब में सरकार संभाली, तो लॉ एंड ऑर्डर के दो सबसे बड़े मुद्दे थे- गैंगस्टर और नशा. मैंने पंजाब के सभी गैंगस्टर्स का पूरा इतिहास पढ़ा है. ये सारे गैंगस्टर पुरानी पार्टियों के रिश्तेदार, चमचे या उनके सगे-संबंधी हैं. सारे गैंगस्टर्स इन्हीं पुरानी पार्टियों की पैदाइश हैं. अब भगवंत मान सरकार एक-एक कर सारे गैंगस्टर्स का सफाया कर रही है.
पंजाब के इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है कि विदेशों में बैठे सात गैंगस्टर्स को सात अलग-अलग देशों से डिपोर्ट करके पंजाब लाया गया और उन्हें सजा दिलवाई गई. सिर्फ एक गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई बचा है, जो साबरमती जेल में ईडी पार्टी का दामाद बनकर उनके संरक्षण में बैठा है. उसने पूरी दुनिया में हंगामा मचा रखा है. केंद्र सरकार के गृह मंत्रालय ने आदेश पास किया है कि उसे उस जेल से कोई नहीं ले जा सकता.
वह उसी जेल में बैठकर केवल भारत समेत पूरी दुनिया में अपना नेटवर्क चला रहा है. अगर वह पंजाब में कोई अपराध करता है, तो पंजाब पुलिस उसे वहां से ला नहीं सकती, उसे साबरमती जेल जाकर ही अपनी जांच करनी पड़ेगी. उसे चारों तरफ से पूरी सुरक्षा और सुविधाएं दी गई हैं. आज पंजाब में जो भी गैंगस्टर राज बचा है, वह सिर्फ ईडी पार्टी की देन है.
पंजाब में नशे का जिक्र करते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि ईडी पार्टी और चिट्टा पार्टी की गठबंधन सरकार ने पंजाब के घर-घर तक नशा पहुंचा था. इनके मंत्री अपनी गाड़ियों में नशा रखकर घर-घर पहुंचाते थे. आज पंजाब में नशेड़ियों, नशा बेचने वालों और बड़े-बड़े तस्करों के खिलाफ जबरदस्त कार्रवाई चल रही है. उनकी संपत्तियों पर बुलडोजर चल रहे हैं. शुक्रवार से पंजाब पुलिस ने एक नई मुहिम शुरू की है, जिसके तहत नशे का पैसा हवाला के जरिए बाहर भेजने वाले डीलरों पर कार्रवाई शुरू की गई है.
जब हमने सरकार संभाली थी, तो 70 फीसद नशा पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए आता था और 30 फीसद नशा गुजरात से आता था. भगवंत मान सरकार ने पंजाब-पाकिस्तान बॉर्डर पर एंटी-ड्रोन सिस्टम लगाकर पाकिस्तान से आने वाले नशे को काफी हद तक बंद करा दिया है, लेकिन अब 70 फीसद चिट्टा गुजरात से आता है.
अरविंद केजरीवाल ने याद दिलाया कि 2021 में मुंद्रा पोर्ट से 3 हजार किलो ड्रग्स पकड़ी गई थी. यह 21 हजार करोड़ रुपए की ड्रग्स तो वह थी जो पकड़ी गई थी, लेकिन जो ड्रग्स नहीं पकड़ी जाती, उसका किसी को पता ही नहीं है. पिछले साल सीएजी की रिपोर्ट आई कि गुजरात में 2200 किलो ड्रग्स चूहे खा गए.
आज गुजरात पूरे देश में ड्रग्स का गेटवे बना हुआ है और वह भी ईडी पार्टी के अंडर में आता है. लेकिन भगवंत मान सरकार नशे के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रही है. पंजाब के लोगों का आशीर्वाद रहा, तो अगले पांच साल भी यह कार्रवाई करते रहेंगे.
aajtak.in