अमेरिकी हमले में मारे गए भारतीय युवक का शव 8 दिन बाद गांव पहुंचा, परिवार ने की ये मांग

शिव आनंद के पिता रामजी चौरसिया ने जिला मजिस्ट्रेट को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें परिवार ने शिव आनंद की पत्नी के लिए सरकारी नौकरी, केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार से 1-1 करोड़ रुपये की आर्थिक मदद, उनके दो बच्चों के लिए 12वीं कक्षा तक मुफ्त शिक्षा और शिव आनंद को शहीद का दर्जा देने की मांग की.

Advertisement
Indian seafarer's mortal remains reach home eight days after US strike Indian seafarer's mortal remains reach home eight days after US strike

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 18 जून 2026,
  • अपडेटेड 7:44 AM IST

ओमान की खाड़ी में मर्चेंट जहाज 'MT सेटेबेलो' पर अमेरिकी सेना के हमले में जिस भारतीय नाविक शिव आनंद चौरसिया की मौत हो गई थी, उनका शव 8 दिन बाद बुधवार को उनके पैतृक गांव पहुंचा.

शिव आनंद उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के सुरौली गांव के रहने वाले थे. उनके घर पर शोक मनाने वालों की भीड़ जमा हो गई. उनके शव को हवाई जहाज से गोरखपुर लाया गया और फिर एम्बुलेंस से गांव पहुंचाया गया. हालांकि, परिवार वालों ने शुरू में शव को एम्बुलेंस से बाहर निकालने से मना कर दिया और मृतक के लिए सरकारी मदद और सम्मान की मांग की.

Advertisement

शिव आनंद के पिता रामजी चौरसिया ने जिला मजिस्ट्रेट को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें परिवार ने शिव आनंद की पत्नी के लिए सरकारी नौकरी, केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार से 1-1 करोड़ रुपये की आर्थिक मदद, उनके दो बच्चों के लिए 12वीं कक्षा तक मुफ्त शिक्षा और शिव आनंद को शहीद का दर्जा देने की मांग की.

परिवार के विरोध के बाद, जिला मजिस्ट्रेट मधुसूदन हुल्गी और एसपी मौके पर पहुंचे और उन्हें भरोसा दिलाया कि उनकी मांगें राज्य सरकार तक पहुंचाई जाएंगी. हुल्गी ने कहा कि प्रशासन परिवार के दुख में शामिल है. उन्होंने शिव आनंद की पत्नी और बच्चों से मुलाकात की. उन्होंने बताया कि परिवार ने आर्थिक मदद और रोजगार समेत कई मुद्दे उठाए हैं और सरकार से इन पर विचार करने के लिए लिखित अनुरोध भेजा जाएगा.

Advertisement

अधिकारियों के अनुसार, परिवार के अनुरोध पर गुरुवार सुबह शव का पोस्टमार्टम किया जाएगा, जिसके बाद अंतिम संस्कार होगा. सलेमपुर से समाजवादी पार्टी के सांसद रामाशंकर राजभर ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और 1 करोड़ रुपये का मुआवजा, परिवार के एक सदस्य के लिए सरकारी नौकरी और सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार की मांग की. उन्होंने कहा कि यह मुद्दा संसद में उठाया जाएगा और समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव परिवार को हर संभव मदद देंगे.

बीजेपी विधायक सुरेंद्र चौरसिया ने भी परिवार से मुलाकात की और कहा कि वे इस मुश्किल समय में उनके साथ खड़े हैं.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »