स्वतंत्रता दिवस पर देश आज अपना 80वां जश्न मना रहा है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली के लाल किले से इस राष्ट्रीय समारोह की अगुवाई कर रहे हैं. इस साल का आयोजन इसलिए भी खास है क्योंकि राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् के 150 साल पूरे होने का जश्न भी इसी मौके पर मनाया जा रहा है.
पहली बार लाल किले के इस राष्ट्रीय कार्यक्रम में वंदे मातरम् को औपचारिक रूप से गाया गया. समारोह में देश की युवा शक्ति की ऊर्जा और उम्मीदों पर खास ध्यान दिया जा रहा है और यह भी दिखाया जा रहा है कि युवा पीढ़ी किस तरह भारत को साल 2047 तक विकसित भारत बनाने के सफर में योगदान दे रही है. प्रधानमंत्री मोदी ने लाल किले से राष्ट्रीय ध्वज फहराया.
लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने युवाओं के लिए बड़ी घोषणाएं कीं. पीएम मोदी ने कहा कि सरकार अगले एक साल में 1 करोड़ युवाओं को एआई (AI) स्किल्स की ट्रेनिंग देगी. इसके साथ ही छात्रों के लिए ऑनलाइन कोचिंग व्यवस्था की शुरुआत भी की जाएगी.
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PM मोदी ने कहा कि मैं देश के सभी राजनीतिक दलों से आग्रह करता हूं कि महिलाओं के सम्मान में आगे आइए. सभी राजनीतिक दलों से आग्रह है कि समय की मांग है कि महिला आरक्षण लागू करके महिला सम्मान में आप भी जुड़िए.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए कहा, 'मैने जो भूमिका आपके सामने रखी है, उसके पीछे 2047 का लक्ष्य, मजबूत नींव पर खड़ा है. 2047 विकसित भारत का लक्ष्य, इन मजबूत नींव पर खड़ा है. 2047 विकसित भारत का लक्ष्य, पिछले 12 वर्षों में देशवासियों ने जो सामर्थ्य दिखाया है उस सामर्थ्य का हिस्सा है. सदी का एक-चौथाई हिस्सा बीत चुका है और अगला एक-चौथाई हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण है. अब हम रुक नहीं सकते हैं, हमारी गति नहीं रुक सकती है.
पीएम मोदी ने कहा कि हमारी दिशा तय हो चुकी है. हमें उसे प्राप्त करके रहना है. इसके लिए हमें हमारे वर्क कल्चर को बदलना होगा, हमारे वर्क कल्चर को बदलते हुए हमें हमारी सोच को भी बदलना होगा. हमें हमारे काम की गति को भी बदलना होगा. जो काम पिछले 5-7 दशक में नहीं हुए हैं, वो काम हमें आगामी 5-7 साल में करने हैं. मेरा भरोसा है, मेरी देश की युवा शक्ति पर, मेरे देश के नौजवानों पर, मेरे देश की माताओं बहनों पर, मेरे देश के किसानों पर, मेरे देश के मजदूरों पर, कि हम इस सपने को साकार कर सकते हैं.
PM मोदी ने कहा कि एक समय था जब मैं आत्मनिर्भरता की बात कर रहा था तो कुछ एयरकंडीशनर चेंबर में बैठकर सोचने वाले लोग हमें बता रहे थे कि ग्लोबलाइजेशन का क्या होगा, लेकिन पूरी दुनिया देख रही है कि पिछले 1 दशक में ऐसा लग रहा है कि लोगों ने ग्लोबलाइजेशन बोलना ही बंद कर दिया. जहां से ग्लोबलाइजेशन की आवाजें आती थीं, अब वो आवाजें सुनाई नहीं देती है, लेकिन दुर्भाग्य से इस संकट के कालखंड में कुछ लोगों ने अपना रुतबा दिखाने के लिए संसाधनों को वेपनाइज्ड करने का खेल खेला है.
प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया अपने पास जो कुछ भी है उसे वेपनाइज्ड करने में लगी है. संसाधनों का वेपनाइज्ड, पेट्रोल, डीजल, खाद, दवाईयां, इतना ही नहीं भूभाग को भी वेपनाइज्ड किया जा रहा है. ऐसे समय अगर हम आत्मनिर्भर के मंत्र को लेकर 10 साल सही दिशा में न चले होते तो हम ऐसी चुनौतियों का मजबूती से सामना कैसे करते.
लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने युवाओं के लिए बड़ी घोषणाएं कीं. पीएम मोदी ने कहा कि एक साल में 1 करोड़ युवाओं को एआई (AI) स्किल्स की ट्रेनिंग दी जाएगी. इसके साथ ही छात्रों के लिए ऑनलाइन कोचिंग व्यवस्था की शुरुआत भी की जाएगी.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, बीते वर्षों में हमारा दृढ़ विश्वास रहा है कि भारत को अब दूसरे देशों पर निर्भर रह कर नहीं जीना है. हमें आत्मनिर्भर बनना चाहिए. दुनिया में बहुत कुछ मिलता है, सस्ता मिलता है, जल्दी मिलता है लेकिन उससे हमारा सामर्थ्य तैयार नहीं होता. इसलिए हमें भी अपनी क्षमताओं को बढ़ाना है. अपने हितों की सुरक्षा हमें खुद करनी है इसलिए आत्मनिर्भर भारत का संकल्प लेकर हम आगे बढ़ रहे हैं.
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, देश आजाद होने के बाद विश्व में सेमीकंडक्टर की चर्चा हो चुकी थी. हमारे यहां भी बातें होती थी लेकिन सेमीकंडक्टर का कोई बड़ा प्लान हम आगे नहीं बढ़ा पाए. आज की डिजिटल दुनिया और तकनीक में हम चिप का महत्व समझते हैं. कोई भी इलेक्ट्रॉनिक सामान होगा, हर किसी में चिप अनिवार्य है. इसके बिना दुनिया थम जाए ऐसी स्थिति पैदा होती है. इसलिए भारत ने आत्मनिर्भर होने की दिशा में अपना सेमीकंडक्टर प्लांट लगाया है. 3 प्लांट शुरू हो गए हैं. आने वाले 7-8 साल में और प्लांट शुरू होने वाले हैं.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से कहा कि पिछले 12 सालों में डिफेंस प्रोडक्शन करीब 4 गुना बढ़ा, खादी एवं ग्रामोद्योग का उत्पादन करीब 5 गुना हुआ, इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग करीब 7 गुना बढ़ा, आधुनिक रेलवे कोच का निर्माण 21 गुना बढ़ा, मोबाइल फोन उत्पादन 33 गुना बढ़ा, इतना ही नहीं आधुनिक युग को लेकर भी डिजिटल और इनोवेशन की दुनिया में भी हमने अपना परचम लहराया.
PM मोदी ने कहा कि इंटरनेट यूजर्स, इंटरनेट कंज्यूमर्स करीब-करीब 4 गुना बढ़े करीब-करीब 50 गुना बढ़े, पेटेंट ग्रांट होने की संख्या 4 गुना बढ़ी, डिजिटल ट्रांजेक्शन 100 गुना बढ़े, सामान्य मानवी की सुविधा की ओर भी हमने उतनी ही गंभीरता से काम किया. हर साल औसतन 15 गुना ज्यादा तेजी से हमने नल से जल कनेक्शन दिए, हर साल औसतन 6 गुनी ज्यादा रफ्तार से लोगों को गैस कनेक्शन दिए, हर साल 4 गुनी रफ्तार से गरीबों के लिए शौचाल्य बनाने का काम किया, हर साल 3 गुना ज्यादा तेजी से गरीबों को घर देने का काम किया, देश ने गवर्नेंस में भी बहुत बदलाव लाया. सैकड़ों की तादाद में कानूनों को खत्म किया. पिछली शताब्दी के कानूनों से 21वीं शताब्दी की मार्च नहीं हो सकती.
PM ने कहा हमने आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए मेट्रो का विस्तार किया.. ये सब, ये रफ्तार, ये विस्तार, ये उपलब्धी आजादी के बाद पहली बार पिछले 1 दशक में देखी है. जब इतनी सारी सिद्धियां हमारे सामने है, इतनी तेज गति दिखाई देती हो, देशवासियों का सामर्थ्य पल-पल प्रकट होता है तब तो 2047 में विकसित भारत बनने का संकल्प कभी भी अधूरा नहीं रह सकता है. ये सारे आंकड़े इस बात की गवाही देते हैं कि हम आगे बढ़ने वाले हैं.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले की प्राचीर से 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर देश को संबोधित करते हुए कहा, कोई भी राष्ट्र तब महान बनता है, तब अपनी सिद्धियों को प्राप्त करता है, जब अपने सपनों, अपने संकल्पों और अपने सामर्थ्य के दम पर आगे बढ़ता है.
PM मोदी ने बताया, अब छोटे सपनों से चलने वाला नहीं है. हमें बड़े सपने देखने होंगे क्योंकि बड़े सपने हमारी सोच को भी विस्तार देते हैं. हमारे संकल्प दृढ़ होने चाहिए. जब संकल्प दृढ़ होता है तो कठिनाईयों से, आपदाओं के बीच से रास्ते निकालने का सामर्थ्य अपने आप उभर कर आता है.
प्रधानमंत्री ने कहा, हमारे संकल्प भी ऊंचे होने चाहिए क्योंकि जब सपने ऊंचे होते हैं, संकल्प ऊंचे होते हैं तो हमारे सामर्थ्य की ऊंचाई भी बढ़ती है, हमारे प्रयासों की ऊंचाई भी बढ़ती है और तब जाकर हम सपनों को साकार कर सकते हैं.
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, 'मेरे प्यारे देशवासियों, पिछले दिनों देश के कुछ हिस्सों में बाढ़ का प्रकोप रहा. अनेक परिवार प्रभावित हुए. उनके दुख-दर्द को हम भली-भांति अनुभव करते हैं. पीड़ित परिवारों को मैं विश्वास दिलाता हूं कि हम और पूरा देश उनके साथ खड़ा है.'
लाल किला से पीएम मोदी ने कहा कि देश अब छोटे सपनों से चलने वाला नहीं है. बड़े सपने हमारी सोच को विस्तार देते हैं. इसके साथ ही उन्होंने 2047 तक विकसित भारत बनाने के लक्ष्य पर बात की.
PM मोदी ने कहा, 'मेरे प्यारे देशवासियों, कोई भी राष्ट्र तब महान बनता है, जब अपनी सिद्धियों को प्राप्त करता है. जब अपने सपनों, अपने संकल्पों और अपने सामर्थ्य के दम पर आगे बढ़ता है. बड़े सपने हमारी सोच को भी विस्तार देते हैं.'
स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लाल किले से राष्ट्रीय ध्वज फहराया. लाल किले से 'वंदे मातरम' का गायन किया गया.
आजादी सिर्फ सत्ता या व्यवस्था से मुक्ति का नाम नहीं, बल्कि हर नागरिक के अपने हिस्से की स्वतंत्रता, सम्मान और बेहतर जीवन की तलाश है. 79 साल की लोकतांत्रिक यात्रा में भारत ने भूख, गरीबी, अशिक्षा और अभावों से काफी दूरी तय की है, लेकिन नई पीढ़ी के लिए आजादी के मायने अब बदल गए हैं.
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स्वतंत्रता दिवस समारोह के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राजघाट पहुंचे. उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को नमन किया और देश के स्वतंत्रता सेनानियों को याद किया.
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देशवासियों को शुभकामनाएं दीं. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मां भारती की आजादी के लिए अपना सर्वस्व अर्पित करने वाले सभी वीर सेनानियों को कोटि-कोटि नमन करता हूं. आइए, इस स्वतंत्रता दिवस पर विकसित, समृद्ध और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण को और गति देने का संकल्प लें.
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भारत को बधाई दी है. उन्होंने कहा 'अमेरिका की ओर से, मैं भारत के लोगों को उनके स्वतंत्रता दिवस पर हार्दिक बधाई देता हूं.'
राष्ट्रपति ट्रंप और प्रधानमंत्री मोदी के बीच व्यक्तिगत संबंधों की वजह से, अमेरिका-भारत संबंध लगातार बढ़ रहे हैं और पहले से कहीं ज़्यादा मज़बूत हुए हैं. रक्षा और ऊर्जा सुरक्षा से लेकर जरूरी खनिजों, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, अंतरिक्ष सहयोग और व्यापार तक, हमारा सहयोग हमारे दोनों देशों और व्यापक हिंद महासागर क्षेत्र को सुरक्षित, मजबूत और अधिक समृद्ध बना रहा है.
कुछ बात है कि हस्ती, मिटती नहीं हमारी... सदियों रहा है दुश्मन, दौर-ए-ज़मां हमारा.
आजादी के शुरुआती दौर में हमने लड़खड़ाते हुए चलना सीखा. पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू और सरदार पटेल ने देश को राष्ट्र के तौर पर एकीकृत किया, लोकतांत्रिक संस्थाओं की नींव रखी गई. संसदीय प्रक्रियाओं को संविधान के हिसाब से अपनाना शुरू किया. भाषाओं के आधार पर राज्य बने, देश के विकास के लिए योजनाओं का खाका तैयार किया गया. वो एकछत्र कांग्रेस का दौर था, लेकिन तब भी विपक्ष की जगह रही. हमने संविधान और लोकतांत्रिक व्यवस्था को अपनाया और उसकी मजबूती के लिए काम करना शुरू किया.
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80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दिल्ली स्थित अपने आवास पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया.
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अपने आवास पर तिरंगा फहराया.
80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रसिद्ध रेत कलाकार सुदर्शन पटनायक ने पुरी (ओडिशा) के बीच पर रेत कलाकृति बनाई है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर देशवासियों को शुभकामनाएं दीं. उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम के अनगिनत सेनानियों को नमन करते हुए उनके साहस, बलिदान और देश के प्रति समर्पण को याद किया.
दिल्ली में 80वें स्वतंत्रता दिवस समारोह की तैयारियों को लेकर DCP नॉर्थ राजा बंथिया ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस कई महीनों से तैयारी कर रही थी. उन्होंने कहा कि आज लाल किले पर प्रधानमंत्री राष्ट्रीय ध्वज फहराएंगे और पहली बार यहां ‘वंदे मातरम्’ का गायन भी होगा. इस साल स्वतंत्रता दिवस समारोह की थीम भी ‘वंदे मातरम्’ रखी गई है. DCP ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था के तहत पुलिसकर्मी सुबह 3 बजे से ही मौके पर मौजूद हैं और पूरे इलाके को सील कर दिया गया है.
सुरक्षा के लिहाज से भी लाल किले पर खास तैयारियां की गई हैं. यहां 1000 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जो एआई आधारित वीडियो एनालिटिक्स से लैस हैं. डीसीपी नॉर्थ राजा बंथिया के मुताबिक पिछले साल दिल्ली में हुई घटनाओं को देखते हुए इस बार खास सुरक्षा व्यवस्था की गई है, ताकि आने वाले लोगों को कम से कम परेशानी हो. सुरक्षा एजेंसियों ने मॉक ड्रिल भी की है ताकि किसी भी आपात स्थिति में सभी टीमें तालमेल के साथ काम कर सकें. सभी कैमरों से मिलने वाली लाइव फीड को कंट्रोल रूम से लगातार मॉनिटर किया जा रहा है, ताकि किसी भी संदिग्ध गतिविधि या भीड़ से जुड़ी समस्या पर तुरंत कार्रवाई हो सके. लाल किले के आसपास लोगों और वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित करने के भी इंतजाम किए गए हैं.
इस साल स्वतंत्रता दिवस समारोह की जिम्मेदारी भारतीय सेना के पास है. गार्ड ऑफ ऑनर की कमान लेफ्टिनेंट कर्नल अर्जुन सिंह संभालेंगे. प्रधानमंत्री के गार्ड में सेना की टुकड़ी मेजर आदित्य शर्मा, नौसेना की टुकड़ी लेफ्टिनेंट कमांडर नीलम राणा और वायुसेना की टुकड़ी स्क्वाड्रन लीडर विपिन कुमार के नेतृत्व में रहेगी. दिल्ली पुलिस की टुकड़ी की कमान एडिशनल डीसीपी विनीत कुमार के पास होगी. गार्ड का निरीक्षण करने के बाद प्रधानमंत्री लाल किले की प्राचीर पर पहुंचेंगे, जहां कैप्टन सोनिया सिंह चौहान उनकी झंडा फहराने में मदद करेंगी. झंडा फहराने के साथ ही 1721 फील्ड बैटरी की तरफ से 21 तोपों की सलामी दी जाएगी. यह सलामी 105 एमएम की स्वदेशी लाइट फील्ड गन से दी जाएगी, जिसकी कमान मेजर पवन सिंह शेखावत के पास होगी.
प्रधानमंत्री मोदी जब लाल किले पहुंचेंगे तो रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, उनके डिप्टी संजय सेठ और रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह उनका स्वागत करेंगे. इसके बाद दिल्ली एरिया के जनरल ऑफिसर कमांडिंग लेफ्टिनेंट जनरल राजेश सेठी प्रधानमंत्री को सैल्यूटिंग बेस तक ले जाएंगे, जहां सेना की तीनों सेवाओं और दिल्ली पुलिस का संयुक्त गार्ड उन्हें सलामी देगा. इसके बाद प्रधानमंत्री गार्ड ऑफ ऑनर का निरीक्षण करेंगे. इस गार्ड में सेना, नौसेना, वायुसेना और दिल्ली पुलिस से एक-एक अधिकारी और 24-24 जवान शामिल होंगे. इस कार्यक्रम का पूर्वाभ्यास पहले ही लाल किले पर किया जा चुका है.
दिल्ली में मौसम विभाग ने हल्की बारिश की आशंका जताई है, जबकि सुरक्षा एजेंसियों ने लाल किले पर कड़े इंतजाम किए हैं. मौसम विभाग के मुताबिक 15 अगस्त को लाल किले के इलाके में आसमान में बादल छाए रहेंगे. सुबह 4 से 6 बजे के बीच करीब 5 मिमी हल्की बारिश होने की 70 प्रतिशत संभावना है. सुबह 6 से 9 बजे के बीच फिर से 5 मिमी बारिश की 60 प्रतिशत संभावना जताई गई है. दोपहर से शाम के बीच भी करीब 3 मिमी बारिश हो सकती है.
समारोह में देश के युवाओं की ऊर्जा और उनकी उम्मीदों पर खास ध्यान दिया जाएगा और यह भी दिखाया जाएगा कि युवा शक्ति किस तरह भारत को साल 2047 तक विकसित भारत बनाने के सफर में योगदान दे रही है. पहली बार लाल किले के इस राष्ट्रीय आयोजन में वंदे मातरम् गीत को औपचारिक रूप से गाया जाएगा. कार्यक्रम में झंडा फहराने की रस्म, 21 तोपों की सलामी, गार्ड ऑफ ऑनर और प्रधानमंत्री का देश के नाम संबोधन शामिल होगा.
देश आज 15 अगस्त को अपना 80वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली के लाल किले से इस राष्ट्रीय समारोह की अगुवाई करेंगे. इस साल का आयोजन खास इसलिए भी है क्योंकि राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् के 150 साल पूरे होने का जश्न भी इसी मौके पर मनाया जाएगा.
दिल्ली में आज 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर मेट्रो सेवाएं सामान्य दिनों के मुकाबले जल्दी शुरू कर दी गई हैं. यात्रियों की सुविधा और स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रमों को देखते हुए दिल्ली मेट्रो ने अपने परिचालन समय में बदलाव किया है.