आसमान की ऊंचाइयों पर सफर कर रही एक फ्लाइट अचानक चलती-फिरती इमरजेंसी वॉर्ड में बदल गई. विमान में सवार एक यात्री की तबीयत अचानक बहुत खराब हो गई. इस दौरान फ्लाइट में ही सफर कर रहे कुछ डॉक्टरों ने अपनी सूझबूझ से उसकी जान बचा ली.
दरअसल दिल्ली से आइजोल जाने वाली एक फ्लाइट में एक यात्री किडनी की बीमारी और डायलिसिस से जुड़े चेक-अप के लिए यात्रा कर रहा था. सफर के दौरान अचानक उसकी सांसें बहुत तेज चलने लगीं और उसका ऑक्सीजन सैचुरेशन गिरकर मात्र 40 फीसदी के आसपास पहुंच गया.
यात्री की जान पर बनती देख केबिन क्रू ने तुरंत फ्लाइट में मेडिकल मदद के लिए अनाउंसमेंट किया. इस दौरान फ्लाइट में मौजूद तीन डॉक्टरों ने तुरंत आगे बढ़कर कमान संभाली.
स्टेरॉयड देकर बचाई मरीज की जान
जनरल सर्जन डॉ. विली लालह्रुआइटलुंगा, पैडिट्रीशियन डॉ. एफ. रेमथंगपुई और गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट डॉ. बेंजामिन खियांगते ने मिलकर मरीज को संभाला. डॉक्टरों ने तुरंत मरीज को मास्क के जरिए ऑक्सीजन देना शुरू किया, लेकिन शुरुआती स्थिति में ऑक्सीजन का स्तर सिर्फ 60 फीसदी तक ही सुधार पा रहा था. इसके बाद डॉक्टरों ने मरीज को स्टेरॉयड दिए, जिसके बाद उनका SpO2 सुधरकर लगभग 90 फीसदी तक पहुंच गया.
डॉक्टरों के मुताबिक, मरीज की हालत इतनी गंभीर थी कि अगर सुधार नहीं होता, तो पायलट कोलकाता में इमरजेंसी लैंडिंग करने के लिए पूरी तरह तैयार था. हालांकि, ऑक्सीजन का लेवल कुछ समय के लिए स्थिर होने के बाद यात्रा को आइजोल तक जारी रखने का फैसला किया गया.
लेंगपुई एयरपोर्ट पर उतरी फ्लाइट, तुरंत मिली एम्बुलेंस
उड़ान के दौरान यात्री की तबीयत एक बार फिर बिगड़ने लगी, जिसके बाद डॉक्टरों ने उसे इंट्यूगेट करने के बारे में सोचा. हालांकि, फ्लाइट में लिमिटेड मेडिकल टूल्स होने के कारण जमीन पर मौजूद ग्राउंड स्टाफ से संपर्क साधा गया ताकि लैंडिंग के तुरंत बाद एम्बुलेंस मिल सके.
जैसे ही विमान लेंगपुई एयरपोर्ट पर उतरा, मरीज को तुरंत एम्बुलेंस में शिफ्ट किया गया. डॉक्टरों ने बिना समय गंवाए इंट्यूगेशन सेट और एंडोट्रैकियल ट्यूब की मदद से जरूरी प्रक्रिया पूरी की. इसके बाद आइजोल के LRM अस्पताल में ICU में एडमिट कराया और ये डॉक्टर खुद मरीज के साथ अस्पताल गए.
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अगली ही रात मरीज को एक्सट्यूबेट कर दिया गया और उसका डायलिसिस किया गया. डॉक्टरों के मुताबिक, समय पर मिले इलाज और सही सूझबूझ के चलते अब वो मरीज पूरी तरह स्थिर और खतरे से बाहर है.
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