पूर्वी दिल्ली के कल्याणपुरी इलाके में सफाई कर्मचारी की चाकू मारकर हत्या के बाद सफाई कर्मचारियों की नाराजगी अब दिल्ली की सड़कों पर दिखाई देने लगी है. कर्मचारियों ने कूड़ा उठाने का काम रोक दिया है, जिसके चलते राजधानी के कई इलाकों में जगह-जगह कूड़े के ढेर जमा हो गए हैं. सड़कों और गलियों में फैली गंदगी से लोगों की परेशानी बढ़ गई है. कई स्थानों पर कूड़े से उठने वाली तेज बदबू के कारण आसपास रहने वाले लोगों और राहगीरों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है.
सामने आई तस्वीरों में कई जगह सड़क किनारे बड़ी मात्रा में कूड़ा जमा दिखाई दे रहा है. हालात ऐसे हैं कि कुछ इलाकों में लोगों को कूड़े के ढेर के बीच से होकर गुजरना पड़ रहा है. सड़कों के किनारे जमा कचरे की वजह से यातायात भी प्रभावित हो रहा है. लंबे समय तक कूड़ा नहीं उठने से लोगों में संक्रमण और बीमारियों को लेकर भी चिंता बढ़ रही है.
मामले में गरमाई सियासत
इस मामले को लेकर अब सियासत भी तेज हो गई है. पूर्वी दिल्ली की कोंडली विधानसभा से विधायक कुलदीप कुमार मोनू ने दो दिन पहले कहा था कि अगर दिल्ली में जगह-जगह कूड़ा जमा होता है तो इसकी जिम्मेदारी दिल्ली सरकार की होगी. उन्होंने सफाई व्यवस्था को लेकर सरकार पर सवाल भी उठाए थे.
वहीं, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भी लोगों से अपील की है कि अगर उन्हें दिल्ली में कहीं कूड़ा या गंदगी दिखाई देती है तो उसकी फोटो या वीडियो बनाकर उन्हें या अपने क्षेत्र के पार्षद को भेजें, ताकि समस्या पर तत्काल कार्रवाई की जा सके. हालांकि, फिलहाल कई इलाकों की जमीनी तस्वीर सरकारी दावों से अलग नजर आ रही है.
सफाई कर्मचारी की हत्या के बाद उनकी नाराजगी, कूड़ा उठाने का काम बंद होना और लगातार बढ़ते कूड़े के ढेर ने दिल्ली के सामने नई चुनौती खड़ी कर दी है. अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि सफाई कर्मचारियों की मांगों का समाधान कब होगा और राजधानी की सड़कों से जमा कूड़ा कब हटेगा. फिलहाल दिल्ली के कई इलाकों में गंदगी और बदबू ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं.
अमरजीत सिंह