उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम 'पंचायत आजतक' के मंच पर राजनीति के बड़े चेहरों ने शिरकत की. इस दौरान '80:20 का खेल...पास या फेल!' नाम के सेशन में यूपी के पूर्व मंत्री मोहसिन रजा, समाजवादी पार्टी प्रवक्ता डॉ. एमएच खान और AIMIM के यूपी अध्यक्ष शौकत अली ने शिरकत की. इस दौरान सपा प्रवक्ता और AIMIM नेता के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली.
दरअसल, मंच पर भाजपा नेता मोहसिन रजा ने 'सबका साथ, सबका विकास' की नीति का हवाला दिया, जबकि समाजवादी पार्टी ने भाजपा पर भेदभाव की राजनीति करने का आरोप लगाया. वहीं एआईएमआईएम ने संभल में ईदगाह और वक्फ संपत्तियों का मुद्दा उठाते हुए भाजपा सरकार को घेरा.
भाजपा के पूर्व मंत्री मोहसिन रजा से जब सवाल किया गया कि क्या 2027 के विधानसभा चुनाव में करीब 20 फीसदी मुस्लिम आबादी को टिकटों में प्रतिनिधित्व मिलेगा? इस पर उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी 20 फीसदी या किसी एक वर्ग की नहीं, बल्कि 100 फीसदी लोगों की राजनीति करती है. हमारी सरकार योजनाओं का लाभ बिना किसी भेदभाव के पात्रता के आधार पर देती है.
इस दौरान ओवैसी की पार्टी AIMIM के प्रवक्ता से जब सवाल किया गया कि 2024 के लोकसभा चुनावों में यूपी के 92 फीसदी मुसलमानों ने समाजवादी पार्टी और कांग्रेस को वोट दिया. उन्होंने AIMIM पर इसलिए भरोसा नहीं जताया क्योंकि उन्हें लगता था कि कहीं वोट बंटने का फायदा बीजेपी को न हो जाए. इस पर जवाब देते हुए AIMIM के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने सपा प्रवक्ता डॉ एमएच खान को चचा कहकर संबोधित किया.
इस पर सपा प्रवक्ता भड़क गए और उन्होंने AIMIM नेता से सीधे कहा, 'आप नाम लीजिए. चचा कहोगे तो तुम्हें बच्चा कह देंगे हम. मेरा नाम है, उससे मुझे बुलाओ, चचा मत कहो. मैं एक पार्टी का प्रवक्ता हूं और पढ़ा लिखा हूं. ये ऐसे कैसे बोल सकते हैं.'
'सरकारी योजनाएं किसी पर ऐहसान नहीं'
समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता डॉ एमएच खान ने इससे पहले बीजेपी को घेरते हुए कहा कि सरकारी योजनाएं किसी पर ऐहसान नहीं हैं. यह जनता के टैक्स का पैसा है और हर नागरिक का उस पर बराबर का अधिकार है. उन्होंने दावा करते हुए कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी ने भाजपा को उत्तर प्रदेश में आधा कर दिया था और 2027 के विधानसभा चुनाव में भाजपा का पूरी तरह सफाया हो जाएगा.
जब उनसे पूछा गया कि क्या समाजवादी पार्टी अब सनातन की राजनीति कर रही है, तो डॉ. खान ने कहा, 'समाजवादी पार्टी सभी जाति और सभी धर्मों को साथ लेकर चलने में विश्वास करती है. हम सबको साथ लेकर आगे बढ़ने की बात करते हैं.ट
वहीं एआईएमआईएम नेता शौकत अली ने भाजपा पर निशाना साधते हुए संभल में ईदगाह तोड़े जाने का मुद्दा उठाया. उन्होंने सवाल किया कि अगर जमीन कब्रिस्तान की थी, तो वहां बनी ईदगाह को क्यों तोड़ा गया? उन्होंने आरोप लगाया कि वक्फ बाय यूजर खत्म होने के बाद पुरानी मस्जिदों, कब्रिस्तानों और दूसरी धार्मिक संपत्तियों का क्या होगा? सरकार इन संपत्तियों को अपने नियंत्रण में लेने की कोशिश कर रही है.
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