ज्यादातर बिजनेस शुरू करने वालों के लिए सफलता का मतलब कमाई, कंपनी की कीमत या कर्मचारियों की संख्या से होता है. लेकिन 'LearnApp' के फाउंडर और सीईओ प्रतीक सिंह के लिए सफलता का मतलब कुछ और ही है अपने कर्मचारियों के पास उनके घर की चाबियां होना.
सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट शेयर करते हुए प्रतीक सिंह ने अपनी टीम के उन लोगों की खुशी मनाई, जिन्होंने अपना सपनों का घर बनाया, उसे सुधारा या नए घर में शिफ्ट हुए. सात साल पहले इंटर्न के तौर पर जुड़ी एक कर्मचारी से लेकर लंबे समय से साथ काम कर रहे साथियों तक सिंह ने बताया कि अपनी टीम को खुद के घर का मालिक बनते देखना उनके जीवन का सबसे बड़ा और गर्व से भरा पल है.
प्रतीक ने अपनी पोस्ट में लिखा- “घर खरीदना शायद इंसान के सबसे भावनात्मक फैसलों में से एक होता है, लेकिन मुझे यह मानना पड़ेगा. जब इन लोगों ने मुझे बताया कि वे अपने नए घरों में शिफ्ट हो रहे हैं, तो वह दुनिया का सबसे खूबसूरत एहसास था, मेरा सीना गर्व से चौड़ा हो गया.” अपने साथियों की शानदार तरक्की की बात करते हुए उन्होंने बताया कि कैसे शुरुआती दौर में जुड़े लोग आज बड़ी जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं और साथ ही अपनी ज़िंदगी के बड़े पड़ावों को भी हासिल कर रहे हैं.
अपनी पोस्ट में प्रतीक ने लिखा- ' सुप्रिया 7 साल पहले इंटर्न के तौर पर हमारे साथ जुड़ी थीं और अब नूर और चंदन के साथ मिलकर पूरी टेक और प्रोडक्ट टीम संभालती हैं. उन्होंने दो बार नौकरी छोड़ने का सोचा, कई ऑफर ठुकराए, शादी की, बच्चा हुआ, और इन सबके बीच पूरे मन से LearnApp और Zero1 को बनाया. यह जानकर बहुत अच्छा लगा कि उन्होंने नेपाल में अपना घर फिर से बनाया.
हमने अनुभा को ग्राफ़िक डिज़ाइनर के तौर पर हायर किया था और अब वह न सिर्फ़ ग्राफ़िक टीम को लीड करती हैं, बल्कि सभी टीमों के प्रोसेस भी मैनेज करती हैं. अनुभा ने पिछले साल दिवाली के दौरान अपने घर का रेनोवेशन पूरा किया और हमें फेयरी लाइट्स वाली घर की तस्वीरें दिखाईं, खिड़कियां लगनी अभी बाकी थीं, लेकिन घर बहुत सुंदर लग रहा था.
चंदन भाई ने 2021 में LearnApp का नया वर्जन बिल्कुल शुरुआत से बनाने में मदद की थी, पिछले 6 से ज़्यादा सालों में, उन्होंने कंपनी को सफलता के हर पड़ाव तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई है. हाल ही में जब उन्होंने अपने नए घर की तस्वीरें दिखाईं, जहां वे शिफ्ट हुए हैं, तो हम सब भावुक हो गए.
हमारी 70 लोगों की छोटी सी टीम में 6 सदस्य ऐसे हैं जिन्होंने या तो अपने घर की एक मंज़िल बनाई है, पूरा घर खड़ा किया है, या फिर अपने घर का रेनोवेशन कराया है. एक छोटी सी कंपनी होने के नाते, एक फाउंडर के तौर पर यही हमारी असली सफलता का पैमाना है, मुझे लगता है कि ज़िंदगी में हम जो सबसे बड़ी और अहम चीज़ें हासिल करते हैं, उनका हिसाब-किताब एक्सेल शीटपर नहीं, बल्कि दिल से किया जाता है. चीयर्स! '
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