अमेरिका ने ईरान के परमाणु ठिकानों पर हमला किया है, जिससे ईरान का परमाणु कार्यक्रम बहुत पीछे चला गया है. इस हमले के बाद एक बयान में कहा गया कि "यह जारी नहीं रहेगा." इस ऑपरेशन को गोपनीय तरीके से अंजाम दिया गया और इसमें ऐसे बमों का इस्तेमाल किया गया जो पहले कभी इस्तेमाल नहीं हुए थे.