बांग्लादेश में हुए तख्तापलट के बाद से वहां के हिंदुओं को लगातार निशाना बनाया जा रहा है. वहां की हिंदू आबादी पर अलग-अलग तरह से लगातार हमले किए जा रहे हैं. इन हमलों में खास कर हिंदू छात्रों को निशाना बनाया जा रहा है.
हिंदू संगठनों का आरोप है कि बांग्लादेश के इस्लामिक चरमपंथी सांप्रदायिक समूह बांग्लादेश के विभिन्न हिस्सों में हिंदुओं की फेसबुक आईडी को हैक कर ले रहे हैे और इस्लाम के अपमान करने का झूठा आरोप लगाकर सांप्रदायिक दंगे करने की कोशिश कर रहे हैं. 28 अक्टूबर को बांग्लादेश के फरीदपुर जिले मैं 11वीं कक्षा के हिंदू छात्र हृदय पालपर को मॉब लिंचिंग की कोशिश की गई. इसके बाद हृदय पाल को गिरफ्तार कर लिया गया और सेना को सौंप दिया गया. बांग्लादेश में फिलहाल कानून व्यवस्था पुलिस के साथ सेना संभाल रही है.
मॉब लिंचिंग का जो वीडियो सामने आया है, उसमें दिखाई दे रहा है कि कैसे सेना के जवान हृदय पाल को गिरफ्तार कर ले जा रहे हैं और रास्ते में उसकी पिटाई कर रहे हैं. इसके अलावा पीछे से चरमपंथियों की भीड़ भी लगातार नारा लग रही है कि उसे मार डालो. गिरफ्तारी के दौरान हृदय पाल की आंखों पर पट्टी बंधी हुई थी.
इससे पहले ऐसा ही एक मामला खुलना में उत्सव मंडल के साथ हुआ था जहां उस पर सोशल मीडिया के जरिए मोहम्मद पैगंबर के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया गया और उसके साथ मोब लिंचिंग की गई. वहीं पिछले दिनों चांदपुर जिले में गोविंद के घर पर भी स्थानीय चरमपंथी मुस्लिम संगठनों ने हमला बोल दिया था. गोविंद पर भी इस्लामी कट्टरपंथी संगठनों ने मोहम्मद पैगंबर के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया था.
बांग्लादेश के हिंदू संगठनों का आरोप है कि एक साज़िश के तहत हिंदुओं के नाम पर फर्जी सोशल मीडिया आईडी बनाई जा रही है और इस तरह के पोस्ट को वायरल करके अलग-अलग इलाकों में हिंदू लड़कों को निशाना बनाया जा रहा है. इसके विरोध में हिंदू संगठन लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं और सुरक्षा की मांग कर रहे हैं लेकिन बांग्लादेश सरकार की ओर से उनकी मांगो पर कोई सुनवाई नहीं हो रही है पर वहीं चरमपंथी संगठनों द्वारा की जाने वाली शिकायत पर हिंदुओं की गिरफ्तारी जरूर हो रही है.