मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध का असर अब भारत के रिहायशी इलाकों तक पहुंचता दिखाई दे रहा है. ग्रेटर नोएडा वेस्ट की कई हाईराइज हाउसिंग सोसायटियों में डीजल की कमी के चलते पावर बैकअप व्यवस्था प्रभावित होने लगी है. इससे हजारों लोगों को गर्मी के बीच परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित श्री राधा स्काई गार्डन सोसायटी की मेंटेनेंस टीम ने निवासियों के लिए एक एडवाइजरी जारी की है. इसमें कहा गया है कि एशिया में जारी युद्ध संघर्ष और भारत सरकार द्वारा लगाए गए कुछ प्रतिबंधों के कारण डीजल की थोक आपूर्ति प्रभावित हुई है. इसी वजह से डीजल खरीदने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है.
मेंटेनेंस टीम के अनुसार पावर बैकअप संचालन के लिए पर्याप्त डीजल की व्यवस्था करना बेहद मुश्किल हो गया है. इसी को देखते हुए निवासियों से अपील की गई है कि जब ग्रिड पावर बंद हो जाए तो बैकअप बिजली का इस्तेमाल कम से कम करें और जरूरत के अनुसार ही बिजली का उपयोग करें.
डीजल संकट से पावर बैकअप प्रभावित
सोसायटी में रहने वाली कल्पना ने बताया कि हाल ही में रात के समय बिजली चली गई थी, लेकिन डीजे सेट शुरू नहीं हुआ. इससे लोगों को काफी परेशानी हुई. उन्होंने कहा कि तेज गर्मी के कारण लोग अपने बच्चों के साथ देर रात तक फ्लैट के नीचे टहलते रहे क्योंकि घरों में बिजली और पंखे बंद थे.
कल्पना ने यह भी आरोप लगाया कि उस दौरान मेंटेनेंस टीम का कोई भी व्यक्ति बात करने के लिए तैयार नहीं था. उन्होंने कहा कि कई कर्मचारी तो सोसायटी छोड़कर गायब हो गए थे, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई. वहीं सोसायटी के दूसरे निवासियों ने भी मेंटेनेंस टीम के खिलाफ नाराजगी जाहिर की है. उनका कहना है कि निवासी समय पर पूरा मेंटेनेंस शुल्क देते हैं. ऐसे में पावर बैकअप की व्यवस्था बनाए रखना और डीजल उपलब्ध कराना मेंटेनेंस टीम की जिम्मेदारी है.
निवासियों का कहना है कि डीजल की कमी का सीधा असर आम लोगों पर पड़ रहा है. गर्मी के मौसम में बिजली और बैकअप की समस्या से बुजुर्गों, बच्चों और कामकाजी लोगों को सबसे ज्यादा दिक्कत हो रही है. मेंटेनेंस टीम ने अपनी एडवाइजरी में निवासियों से सहयोग और समझदारी बनाए रखने की अपील की है. टीम का कहना है कि मौजूदा परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण हैं और उपलब्ध संसाधनों का सही तरीके से इस्तेमाल करना जरूरी है ताकि पूरी सोसायटी को न्यूनतम परेशानी हो.
हालांकि इस एडवाइजरी के बाद निवासियों में नाराजगी बढ़ गई है. लोगों का कहना है कि अगर मेंटेनेंस टीम पूरा मेंटेनेंस चार्ज ले रही है तो पावर बैकअप देना उनकी जिम्मेदारी है. कई लोगों ने सवाल उठाए कि अगर पहले से स्थिति का अंदाजा था तो डीजल की वैकल्पिक व्यवस्था क्यों नहीं की गई.
मेंटेनेंस टीम ने वैश्विक हालात को बताया कारण
इस घटना के बाद ग्रेटर नोएडा वेस्ट की दूसरी सोसायटियों में रहने वाले लोग भी चिंतित नजर आ रहे हैं. लोगों को डर है कि अगर डीजल संकट और बढ़ा तो आने वाले दिनों में पावर बैकअप की समस्या और गंभीर हो सकती है. फिलहाल सोसायटी प्रबंधन और निवासी आमने-सामने हैं. एक तरफ मेंटेनेंस टीम वैश्विक परिस्थितियों और डीजल संकट का हवाला दे रही है, तो दूसरी तरफ निवासी इसे प्रबंधन की लापरवाही बता रहे हैं.