स्वीडन में नौ साल की एक छोटी बच्ची ने अपने पिता को ऐसे खौफनाक अपराध करते देखा था कि वह सालों तक चुप रही. अब जाकर उसने हिम्मत जुटाई और सार्वजनिक तौर पर मुंह खोला. उसने बताया कि कैसे उसके पिता ने अपनी गर्लफ्रेंड की हत्या कर दी और एक नरभक्षी बन गया था.
डेली स्टार की रिपोर्ट के मुताबिक, जेमी ली एरो महज नौ साल की थी जब उसे पता चला कि उसके पिता इसाकिन ड्रैबड ने अपनी प्रेमिका हेले क्रिस्टेंसन की हत्या कर उसे खा लिया था.जेमी ली एरो महज नौ साल की थी जब वो ऐसे भयावह दौर से गुजरी, जिस बारे में लोग कल्पना तक नहीं कर सकते हैं.
जेमी के पिता, इसाकिन ड्रैबड, उसकी मां से तब अलग हो गए थे जब वह बहुत छोटी थी. इसके बावजूद, उसने अपने पिता के साथ संबंध बनाए रखा और उनकी नई साथी, हेले क्रिस्टेंसन से भी उसका गहरा लगाव हो गया था, जो उसके लिए सौतेली मां जैसी बन गई थी.
हेले और इसाकिन का रिश्ता अक्सर हिंसक हो जाता था. छोटी जेमी ने उन दोनों के बीच कई भयानक झगड़े देखे थे. फिर एक दुखद दिन, हेले ने जेमी को खाना परोसा और कहा- अपने खाने का आनंद लो. यह आखिरी बार है जब मैं तुम्हारे लिए खाना बना रही हूं, क्योंकि इसाकिन मुझे जान से मार देगा.
हेले की भयावह भविष्यवाणी सही साबित हुई. नवंबर 2010 में, ड्रैबड - जो खुद को शैतान का उपासक मानता था. उसने अपनी प्रेमिका का गला काटने से पहले उसका सिर धड़ से अलग कर दिया और उसके शव के कुछ हिस्सों को खा भी गया.
बुरे दौर से गुजरा जेमी का बचपन
LadBible के साथ एक पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान जेमी ने ये चौंकाने वाला खुलासा किया. उसने बताया कि कैसे उनकी मां ने उन्हें उनके पिता के बारे में भयावह सच्चाई जानने से उसे बचाने की कोशिश की. जेमी ने बताया कि मुझे टीवी देखने की इजाजत नहीं थी. मुझे रेडियो सुनने की इजाज़त नहीं थी. मुझे दुकानों पर जाने की इजाज़त नहीं थी. मुझे एक महीने तक स्कूल जाने की इजाजत नहीं थी. मेरी मां घर के पर्दे गिरा कर रखती थीं, क्योंकि आस-पास से गुजरने वाले पड़ोसी अंदर झांकने की कोशिश करते थे.
जैसे-जैसे ड्रैबड का मुकदमा आगे बढ़ा, उसका मामला चौंकाने वाली बदनामी हासिल करता गया. प्रेस कवरेज के माध्यम से स्वीडिश जनता को पता चला कि हेले की हत्या करने के बाद, ड्रैबड ने उसी ब्लेड का इस्तेमाल करके उसके कपड़े भी काट दिए थे. इसके बाद उसने उसके बेजान शरीर के साथ यौनस संबंध बनाने का प्रयास किया.
चाकू, आरी और कुल्हाड़ी से लैस होकर, जेमी के पिता ने हेले का सिर उसके धड़ से अलग कर दिया.उसने हेले के हाथों और पैरों से मांस के टुकड़े भी काट लिए, जिन्हें उसने भांग की पत्तियों के साथ मसाले के रूप में पकाया. खबरों के अनुसार, उसका इरादा हेले का सिर खाने का भी था.
जेमी ने बताया कि कैसे उसकी मां ने उसे ड्रैबड के अपराधों के भयावह विवरणों का पता चलने से बचाने की कोशिश की, और याद करते हुए कहा कि एक दिन मेरी मां सचमुच मुझे दुकान पर ले गई और अचानक मैंने अपने पिता का चेहरा स्वीडन के सबसे बड़े अखबार में देख लिया. अखबार में पिता के लिए 'नरभक्षी' शब्द लिखा था. तब इसका मतलब मुझे पता नहीं था.
जबकि उसकी मां जेमी को उसके पिता के अपराध की पूरी जानकारी थी. जब जेमी की कंप्यूटर और इंटरनेट तक हुई तब उन्होंने नरभक्षी का मतलब ढूंढा. इस खुलासे से वह बेहद भयभीत हो गई.क्योंकि यह बहुत क्रूर और घृणित था. मैं यह स्वीकार ही नहीं कर सकती थी कि मेरे पिता का उस शब्द से कोई लेना-देना हो सकता है.
हत्या के आरोप में दोषी ठहराए जाने और एक सुरक्षित मनोरोग सुविधा में रखे जाने के बाद भी , ड्रैबड सुर्खियों में बना रहा. कार्सुडेन क्षेत्रीय अस्पताल में रहने के दौरान , उसका अपनी सह-मरीज मिशेल गुस्ताफसन से अफेयर हुआ. ड्रैबड को "पिशाच हत्यारा" कहा जाता था. ड्रैबड ने एक ब्लॉग भी बनाया, जिसमें वह अपने जघन्य कृत्यों के बारे में जनता की पूछताछ का जवाब देता था.
नरभक्षी ने खोला था ऑनलाइन वुडू शॉप
एक यूट्यूब वीडियो में उसने मानवता के प्रति अपनी घृणा व्यक्त करते हुए कहा कि मैं खुद को मानव-विरोधी मानता हूं. मुझे मनुष्यों में कुछ भी पसंद नहीं है. मेरी नज़र में इतिहास में केवल वाइकिंग्स, स्पार्टन्स और उनके जैसे लोग ही समझदार थे. ड्रैबड ने एक इंटरनेट पर ऑनलाइन शॉप भी खोला. इसमें वह हाथ से बनी वूडू गुड़िया बेचता था, जिन पर उसने अपने खून से हस्ताक्षर किए थे और टैगलाइन लिखी थी "वे मुझे नरभक्षी कहते हैं."
जब जेमी ने छोटी उम्र में अपने पिता को सलाखों के पीछे देखने का साहस जुटाया, तो ड्रैबड ने उसे इन वूडू गुड़ियों में से एक भेंट की. यह दावा करते हुए कि यह उन सहपाठियों को खत्म कर देगी जो उसे परेशान कर रहे थे. वह बताती हैं कि अपने पिता की बदनामी के कारण उन्हें स्कूल में एक कठिन दौर से गुजरना पड़ा, और समझाती हैं: "स्कूल में, मेरे पिता की वजह से मुझे तंग किया जाता था. लोग मुझे 'नरभक्षी की बेटी' कहते थे.
यही वह बात है जिसके लिए सब लोग मुझे जानते थे, कोई मुझे जेमी के रूप में नहीं जानता था. मैं तो बस नरभक्षी की बेटी थी. जेमी के गुस्से और निराशा ने उसे एक खतरनाक रास्ते पर धकेल दिया. उसने आगे कहा कि मैंने 14 साल की उम्र में स्कूल छोड़ दिया और गलत संगत में पड़ गई और नशे की लत में पड़ गई. हालात बहुत खराब हो गए और 15 साल की उम्र में मैं पूरी तरह से नशे की आदी हो गई थी.
पिता के ब्रेनवॉश का पड़ा बुरा असर
अपने पिता द्वारा जेल मुलाकातों के दौरान किए गए "ब्रेनवाशिंग" के कारण जेमी बुरी तरह से मानसिक रूप से विक्षिप्त हो गई. फिर ड्रैबड ने अंततः अपनी बेटी से सारे संबंध तोड़ लिए. पीपल मैगज़ीन को दिए एक इंटरव्यू में जेमी ने बताया कि हमारी कुछ बहुत लंबी और गहरी बातचीत हुई, और मैंने उन्हें बताया कि मैं उनसे प्यार करती हूं और उन्हें माफ कर देती हूं. फिर कुछ ऐसा हुआ कि उन्होंने मुझे एक लंबा, घिनौना और बीमार मानसिकता वाला टेक्स्ट मैसेज भेजा, जिसमें उन्होंने मुझे और मेरे परिवार को धमकी दी कि अगर मैंने कभी उनसे दोबारा संपर्क किया तो उन्हें नुकसान होगा.
इस संदेश ने उन्हें बेहद दुखी कर दिया. लेकिन साथ ही उन्हें राहत भी महसूस हुई. उन्होंने आगे कहा कि इससे मुझे वो सुकून मिला जिसकी मुझे जरूरत थी. मुझे यह समझने के लिए इसकी ज़रूरत थी कि यह सब कितना घिनौना है.