scorecardresearch
 

टर्की: भूकंप से 1000 के मरने की आशंका

टर्की में आए भूकंप से अबतक 85 लोगों की मौत की खबर है. ये आकंड़ा तेजी से बढ़ रहा है. भूकंप से जिस पैमाने पर तबाही मची है उससे आशंका जताई जा रही है कि मरने वालों की संख्या हजार तक पहुंच सकती है.

X

टर्की में आए भूकंप से अबतक 85 लोगों की मौत की खबर है. ये आकंड़ा तेजी से बढ़ रहा है. भूकंप से जिस पैमाने पर तबाही मची है उससे आशंका जताई जा रही है कि मरने वालों की संख्या हजार तक पहुंच सकती है. फिलहाल बचाव दल रात दिन मलबे में फंसे लोगों को निकालने की कोशिश में जुटे हैं.

तस्‍वीरों में देखें टर्की का प्रलयंकारी भूकंप

मलबे में जिंदगी के निशान ढूंढते लोग, इस आस में कि किसी खोए हुए के जिंदा होने के सबूत मिल जाएं. उनकी एक झलक ही दिख जाए या फिर सिसकियां हीं सुनाई दे दे. ताकि कांक्रीट के ढेर से उन्हें सही सलामत बाहर निकालने की कोशिश हो सके. अपनों को ढूंढते लोगों की बदहवासी का ये आलम है कि वो अपने हाथों से ही मलबा हटाते नजर आ रहे हैं.

आजतक LIVE TV देखने के लिए क्लिक करें

रविवार की शाम टर्की के लिए बेहद मनहूस साबित हुई. कुछ सेकेंड में ही कई इलाकों की शक्ल बदल गई. जिन आशियानों में तमाम खतरों से महफूज होने का भरोसा होता था वो खुद का वजूद नहीं बचा सके हैं. कुदरत के एक थपेड़े में सैंकड़ों मकान मलबा बन चुके हैं.

स्थानीय समय के मुताबिक दोपहर 1 बजकर 41 मिनट पर एकाएक टर्की का पूर्वी इलाका बुरी तरह कांप गया. रिक्टर स्केल पर 7.2 की तीव्रता के भूकंप ने गजब की तबाही मचाई. इस भूकंप के तीन घंटे के भीतर आठ और झटके महसूस किए गए जिसमें दो की तीव्रता 5.6 तक मापी गई. इस विनाशलीला में मारे गए लोगों की संख्या 100 के करीब पहुंच चुकी है. भू वैज्ञानिक आशंका जता रहे हैं कि ये आंकड़ा हजार पार कर सकता है.

भूकंप का सबसे ज्यादा असर पड़ा है इरान सीमा के करीब इरकिस शहर पर. 75 हजार की आबादी वाले इस शहर की कई ऊंची इमारतें तो इस कदर भरभराककर गिर पड़ी हैं कि मलबा हटाना मुश्किल लग रहा है. इरकिश से करीब 90 किलोमीटर दूर वान शहर को भी भूकंप ने बेहाल कर दिया है.

भूकंप से एयरपोर्ट को भी काफी नुक्सान पहुंचा है यही वजह है कि तमाम उड़ानों को दूसरे शहरों से ऑपरेट किया जा रहा है. भूकंप के असर वाले इलाकों में रेस्क्यू टीम रात में भी मलबे में फंसे लोगों को बचाने की कोशिश करती रही. भूकंप के लिहाज से टर्की दुनिया के सबसे सक्रीय इलाको में है. भूकंप यहां अक्सर आते हैं लेकिन 7 से ज्यादा तीव्रता का भूकंप 12 सालों बाद आया है.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें