नितिन गडकरी (Nitin Gadkari) एक भारतीय राजनेता (Politician), वकील (Lawyer) और उद्यमी (Businessman) हैं. उनका जन्म 27 मई, 1957 को नागपुर (Born in Nagpur) में हुआ था. उनके माता-पिता का नाम भानुताई गडकरी और जयराम गडकरी है (Nitin Gadkari’s Parents). उनके पास नागपुर विश्वविद्यालय से प्राप्त एम. कॉम. (M.Com) और एल.एल.बी. (L.L.B.) की डिग्री है. नितिन गडकरी की शादी कंचन गडकरी (Kanchan Gadkari) से हुई है जिनसे उन्हें तीन बच्चे, निखिल, सारंग और केतकी हैं (Gadkari’s Son and Daughter).
गडकरी 2009 से 2013 तक भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष (BJP President) रह चुके हैं. वे सड़क परिवहन और हाईवे मंत्रालय (Road & Transport Ministry) संभालते हैं. वे महाराष्ट्र सरकार के लिए बतौर लोक निर्माण विभाग मंत्री (PWD Minister) चर्चा में रहे हैं, जहां उनकी देखरेख में पूरे राज्य में सड़क, हाईवे और फ्लाइओवर्स के निर्माण हुए जिसमें देश का पहला छह लेन वाला कंक्रीट से निर्मित मुंबई-पुणे एक्सप्रेस-वे (Mumbai-Pune Expressway) शामिल है. वे 1995 से 1999 तक लोक निर्माण विभाग मंत्री के पद पर रहे थे.
गड़करी लोकसभा में नागपुर का प्रतिनिधित्व करते हैं (MP From Nagpur Constituency). सड़क परिवहन मंत्री के रूप में वे लगातार तेज गति से पूरे देश में सड़कों का जाल बिछा रहे हैं जिसमें कई एक्सप्रेस-वे, हाईवे और फ्लाईओवर्स शामिल हैं. अपने राजनैतिक करियर के दौरान उन्होंने कई निजी उद्योग और कंपनियों की भी स्थापना की है.
उनका ऑफिशियल ट्विटर हैंडल @nitin_gadkari है. वे @nitingadkary फेसबुक पेज पर भी उपलब्ध हैं. उनका इंस्टाग्राम यूजरनेम gadkari.nitin है.
केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को मुंबई के ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ा, जिससे वे इंडो-अमेरिकन कॉर्पोरेट एक्सीलेंस अवॉर्ड्स 2026 में देरी से पहुंचे। उन्होंने मुंबई और अन्य शहरों में ट्रैफिक समस्या के समाधान के लिए पुराने फ्लाईओवर की जगह नई मल्टी-लेवल फ्लाईओवर तकनीक अपनाने की आवश्यकता बताई.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को भी मुंबई के ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ा और वह कार्यक्रम में करीब एक घंटे की देरी से पहुंचे. गडकरी ने इसके लिए माफी मांगी और बढ़ते शहरी यातायात से निपटने के लिए पुराने फ्लाईओवर की जगह आधुनिक मल्टीलेवल व्यवस्था अपनाने की जरूरत बताई. उन्होंने एक ही पिलर पर कई स्तरों के फ्लाईओवर और ऊपर मेट्रो चलाने वाली तकनीक का सुझाव दिया है.
आपका इंश्योरेंस प्रीमियम आने वाले दिनों में कम हो सकता है. हालांकि, इसके लिए आपको कुछ शर्तों को पूरा करना होगा. केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया है कि सरकार ऐसे इंश्योरेंस सिस्टम पर काम कर रही है, जिसमें अच्छी ड्राइविंग करने वालों को कम प्रीमियम देना होगा, जबकि रैश ड्राइविंग और नियम तोड़ने वालों पर ज्यादा सख्ती की जा सकती है.
नितिन गडकरी ने मुंबई-गोवा हाईवे चौड़ीकरण में लंबी देरी पर शर्म जताते हुए कहा कि परियोजना पूरी होने पर वह उसके उद्घाटन में शामिल नहीं होंगे. उन्होंने अक्टूबर में मुंबई से गोवा तक सड़क यात्रा कर काम का निरीक्षण करने और देरी और खराब काम के लिए जिम्मेदार ठेकेदारों और अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई करने की बात कही.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने नागपुर के एक कार्यक्रम में एक बड़ा बयान दे दिया. उन्होंने कहा कि उन्हें शिक्षित से ज्यादा आपराधिक इलाकों से वोट मिले. हालांकि, उन्होंने ये भी स्पष्ट किया कि इसका यह मतलब बिल्कुल नहीं है कि वे उनके काम या गतिविधियों का समर्थन करते हैं.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का नागपुर में दिया बयान चर्चा में है. उन्होंने कहा कि उनके चुनाव में पढ़े लिखे इलाकों की तुलना में अंडरवर्ल्ड और रेड लाइट इलाकों से ज्यादा वोट मिले. गडकरी के मुताबिक, इन क्षेत्रों में उन्हें करीब 92 प्रतिशत मतदान मिला था. उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी से संबंध होने का मतलब उसकी गतिविधियों का समर्थन करना नहीं है. सड़क निर्माण और सामाजिक कामों को उन्होंने समर्थन की वजह बताया.
नितिन गडकरी ने कहा कि पुरानी डीजल बसों और ट्रकों में IIT दिल्ली की कम लागत वाली RECD डिवाइस लगाने की अनुमति दी जाएगी. टेस्टिंग में पास हो चुकी यह तकनीक प्रदूषण घटाने में मदद करेगी.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने सभी राज्यों को व्हाइट नंबर प्लेट वाली बाइक या स्कूटी को टैक्सी के रूप में चलाने की परमिशन देने के लिए कहा है.
नागपुर के एक कार्यक्रम में नितिन गडकरी ने कहा कि—अब पहले जितना काम नहीं कर सकता... नई पीढ़ी को जिम्मेदारी सौंपने का समय आ गया है..बस फिर क्या था...सोशल मीडिया पर अटकलें ही अटकलें..लगाई जानें लगीं..किसी ने कहा—गडकरी रिटायरमेंट का संकेत दे रहे हैं..किसी ने इसे मोदी कैबिनेट में संभावित फेरबदल से जोड़ दिया..
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के 'नई पीढ़ी को मौका देना चाहिए' वाले बयान को लेकर उनके कार्यालय की ओर से स्पष्टीकरण आया है. उनके कार्यालय का कहना है कि वे लक्ष्मणराव मानकर ट्रस्ट के बारे में बात कर रहे थे.
केंद्रीय कैबिनेट में फेरबदल की चर्चाओं के बीच केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का बड़ा बयान आया है. गडकरी ने कहा है कि वे अब ज्यादा काम नहीं सकते हैं. उनका कहना है कि अब नई पीढ़ी को जिम्मेदारियां सौंपनी चाहिए.
सामाजिक कार्यकर्ता तहसीन पूनावाला ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी का पुराना वीडियो शेयर किया है. बिना तारीख वाले इस वीडियो में नितिन गडकरी भारत में मानक तय करने की प्रक्रिया में लगने वाले लंबे समय को लेकर बात करते दिखाई दे रहे हैं.
उत्तराखंड के सिलक्यारा टनल हादसे में 41 मजदूरों की जान बचाने वाले 12 रैट माइनर्स को 'सरवोत्तम जीवन रक्षा पदक' से सम्मानित किया गया है. केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने नई दिल्ली में आयोजित समारोह में यह सम्मान प्रदान किया. नवंबर 2023 में 17 दिनों तक चले चुनौतीपूर्ण रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान इन रैट माइनर्स ने संकरी सुरंग में हाथों से मलबा हटाकर मजदूरों तक रास्ता बनाया था।. प्रत्येक सम्मानित रैट माइनर को 2 लाख रुपये की सम्मान राशि भी दी गई.
महाराष्ट्र में बॉम्बे हाई कोर्ट ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी की याचिका पर सुनवाई करते हुए E20 ईंधन विवाद से जोड़ने वाले डीपफेक वीडियो और एआई से बनाई गई तस्वीरों को हटाने का आदेश दिया है. मामले में अब सुनवाई चार सप्ताह बाद होगी.
तहसीन पूनावाला ने दावा किया कि E20 पेट्रोल नीति के खिलाफ प्रदर्शन और भूख हड़ताल से पहले दिल्ली पुलिस ने उन्हें घर में नजरबंद कर दिया. उन्होंने बिना कागजात हिरासत में लिए जाने का आरोप लगाया, जबकि पुलिस ने कानून व्यवस्था का हवाला दिया.
E20 पेट्रोल पर सरकार की सफाई जितनी बढ़ रही है, सवाल उतने गहरे होते जा रहे हैं. सरकार ही नहीं, भाजपा भी E20 पेट्रोल की गुणवत्ता के गुण गा रही है. लेकिन, इसके लिए वह जो आंकड़े दे रही है वे न सिर्फ गलत हैं, बल्कि गैर-जरूरी भी.
E20 पेट्रोल पर सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने लिखित जवाब दिया है. उन्होंने बताया कि किन वाहनों के माइलेज पर ई20 पेट्रोल का असर होगा. लोकसभा में दिए एक लिखित जवाब में उन्होंने ये जानकारी दी है. ई20 पेट्रोल को लेकर इससे पहले केंद्रीय मंत्री ने कुछ वाहनों पर पड़ने वाले असर की भी जानकारी दी थी. आइए जानते हैं इसकी डिटेल्स.
NEET पेपर लीक मुद्दे पर किरकिरी झेलने वाली सरकार के लिए दो चुनौतियां दरवाजे पर खड़ी हुई हैं. E20 पेट्रोल पर सरकार की नीतियों का विरोध सोशल मीडिया पर उबल रहा है, तो दूसरी तरफ एक प्रेशर ग्रुप आरक्षण हटाने की मुहिम चलाए बैठा है. इन दोनों मुद्दों से जुड़े लोग अहम वोटर वर्ग भी है.
इथेनॉल को लेकर इन दिनों देश में खूब चर्चा हो रही है. खासकर सोशल मीडिया पर लोग इसे लेकर सवाल उठा रहे हैं. सरकार ने इस मुद्दे पर राज्यसभा में जवाब दिया है. केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि ई20 फ्यूल की वजह से बीएस-3 गाड़ियों के कुछ पार्ट्स को बदलने की जरूरत पड़ सकती है. आइए जानते हैं उन्होंने अपने जवाब में क्या कहा है.
E-20 इथेनॉल विवाद के बीच नितिन गडकरी के हालिया रुख ने नई बहस छेड़ दी है. सवाल यह उठ रहे हैं कि जिस नीति का लंबे समय तक समर्थन किया गया, उससे अब दूरी क्यों बनाई जा रही है.
केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने बॉम्बे हाई कोर्ट में 86 पन्नों की याचिका दाखिल कर कहा है कि ई20 इथेनॉल मिश्रण योजना से उनका कोई संबंध नहीं है, क्योंकि यह योजना पेट्रोलियम मंत्रालय चलाता है. उन्होंने मेटा, एक्स, गूगल, यूट्यूब और आईटी मंत्रालय सहित कई पक्षों के खिलाफ 11 करोड़ रुपये का हर्जाना मांगा है.