माउंट आबू राजस्थान (Mount Abu, Rajasthan) का एकमात्र हिल स्टेशन है, जो अरावली पर्वतमाला की सबसे ऊंची चोटी पर स्थित है. समुद्र तल से लगभग 1,220 मीटर की ऊंचाई पर बसा यह खूबसूरत पर्यटन स्थल अपने सुहावने मौसम, हरियाली और शांत वातावरण के लिए जाना जाता है. गर्मियों में जब पूरा राजस्थान तपती धूप से जूझता है, तब माउंट आबू ठंडी और राहत भरी हवाओं के कारण पर्यटकों की पहली पसंद बन जाता है.
माउंट आबू का ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व भी बहुत अधिक है. यहां स्थित दिलवाड़ा जैन मंदिर विश्व प्रसिद्ध हैं, जो अपनी बारीक संगमरमर नक्काशी और स्थापत्य कला के लिए जाने जाते हैं. ये मंदिर जैन धर्म के अनुयायियों के लिए प्रमुख तीर्थ स्थल माने जाते हैं. इसके अलावा अचलगढ़ किला, अधार देवी मंदिर और गुरु शिखर जैसे स्थान भी श्रद्धालुओं और पर्यटकों को आकर्षित करते हैं. गुरु शिखर अरावली की सबसे ऊंची चोटी है, जहां से आसपास का मनोरम दृश्य दिखाई देता है.
प्राकृतिक सौंदर्य की बात करें तो नक्की झील माउंट आबू का प्रमुख आकर्षण है. यह झील पहाड़ियों से घिरी हुई है और यहां नौका विहार का आनंद लिया जा सकता है. झील के पास स्थित टो़ड रॉक और सनसेट पॉइंट से सूर्यास्त का दृश्य अत्यंत मनोहारी होता है. इसके अलावा माउंट आबू वन्यजीव अभयारण्य में विभिन्न प्रकार के वनस्पति और जीव-जंतु पाए जाते हैं, जो प्रकृति प्रेमियों के लिए खास आकर्षण हैं.
माउंट आबू न केवल पर्यटन बल्कि संस्कृति और परंपराओं का भी संगम है. यहां हर साल समर फेस्टिवल का आयोजन किया जाता है, जिसमें लोक नृत्य, संगीत और पारंपरिक कला की झलक देखने को मिलती है. कुल मिलाकर माउंट आबू प्राकृतिक सुंदरता, धार्मिक आस्था और शांति की तलाश करने वालों के लिए एक आदर्श पर्यटन स्थल है.
उत्तर की ठंडी हवाओं ने राजस्थान में सर्दी का असर तेज कर दिया है. माउंट आबू में चार दिन से न्यूनतम तापमान जमाव बिंदु पर बना हुआ है और मंगलवार को शून्य डिग्री दर्ज किया गया. मैदानी इलाकों में कोहरा और पाला दिख रहा है. मौसम विभाग ने कोल्ड वेव का यलो अलर्ट जताया है.