पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (पीसीबी) ने स्पॉट फिक्सिंग मामले में शामिल होने के कारण बल्लेबाज शाहजेब हसन पर एक साल का प्रतिबंध लगा दिया है. क्रिकइंफो के अनुसार, पिछले साल हुए पाकिस्तान सुपर लीग (पीएसएल) के दौरान हसन पर स्पॉट फिक्सिंग का आरोप लगाया गया था. पीसीबी ने बुधवार को इस संबंध में अपना फैसला सुनाया.
शाहजेब हसन ने आचार संहिता के नियम 2.4.4 और 2.4.5 का उल्लंघन किया और उन्हें फिक्सिंग की जानकारी को छिपाने को दोषी पाया गया है.
एजेंसी के मुताबिक शाहजेब को पीसीबी द्वारा पिछले साल 18 मार्च को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया था और उन पर लगाए गए प्रतिबंध को समाप्त होने में अब 3 सप्ताह से भी कम समय रह गया है.
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हसन पर 10 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है. पीसीबी के कानूनी सलाहकार तफाजुल रिजवी ने कहा, 'उन पर लगा प्रतिबंध 17 मार्च को हट सकता है, लेकिन याद रखें कि भ्रष्टाचार विरोधी नियमों के अनुसार, आपको फिर से सुधार की प्रक्रिया के माध्यम से गुरजना होता है. पुनर्वास की दिशा में पहला कदम अपराध की स्वीकृति है. यदि वह स्वीकार नहीं करता कि वह दोषी था, तो उसके पुनर्वास प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकती.'
शाहजेब पीएसएल स्पॉट फिक्सिंग मामले में निलंबित होने वाले छठे खिलाड़ी हैं. उनसे पहले सरजील खान (5 वर्ष), खालिद लतीफ (5 वर्ष), नासिर जमशेद (1 वर्ष), मोहम्मद इरफान (1 वर्ष) और मोहम्मद नवाज (2 महीने) पर प्रतिबंध लगाया जा चुका है.