भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व क्रिकेटर अंशुमान गायकवाड़ आज (23 सितंबर) 71 साल के हो गए. अपनी डिफेंसिव तकनीक के चलते अंशुमान 'द ग्रेट वॉल' के नाम से भी मशहूर थे. यह तकनीक उस समय बहुत जरूरी भी था क्योंकि वेस्टइंडीज के तेज गेंदबाज विश्व पटल पर हावी थे. अंशुमान गायकवाड़ ने जो 40 टेस्ट मैच खेले, उसमें से ज्यादातर में वह महान बल्लेबाज सुनील गावस्कर के ओपनिंग पार्टनर रहे. उन्हें लिटिल मास्टर का 'राइट हैंड' भी कहा जाता था.
पाकिस्तान के खिलाफ खेली थी ऐतिहासिक पारी
अंशुमान गायकवाड़ ने सितंबर 1983 में पाकिस्तान के खिलाफ जालंधर टेस्ट मैच में 201 रन बनाने के लिए 671 मिनट बल्लेबाजी की थी. यह उस वक्त प्रथम श्रेणी क्रिकेट का सबसे धीमा दोहरा शतक था. अंशुमान गायकवाड़ के उस दोहरे शतक की बदौलत भारतीय टीम ने पाकिस्तान के खिलाफ उस टेस्ट मैच को आसानी से मैच ड्रॉ करवा लिया था.
अंशुमन गायकवाड़ का रिकॉर्ड अप्रैल 1987 में श्रीलंका के ब्रैंडन कुरुप्पु ने तोड़ा था. कुरुप्पु ने 777 मिनट बल्लेबाजी करके न्यूजीलैंड के खिलाफ दोहरा शतक लगाया था. फिलहाल फर्स्ट क्लास क्रिकेट में सबसे धीमा दोहरा शतक लगाने का रिकॉर्ड हिमाचल प्रदेश के राजीव नैय्यर के नाम है. राजीव ने नवंबर 1999 में जम्मू-कश्मीर के खिलाफ रणजी ट्रॉफी मुकाबले में 810 मिनट बैटिंग करके दोहरा शतक जड़ा था.
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साल 1976 में भारतीय टीम के वेस्टइंडीज दौरे पर अंशुमान गायकवाड़ ने काफी सुर्खियां बटोरी थीं. उस दौरे पर भारत ने पोर्ट ऑफ स्पेन में खेले गए तीसरे टेस्ट में 403 रनों के लक्ष्य के लक्ष्य का सफल पीछा करते हुए इतिहास रच दिया था. तीसरे टेस्ट में मिली इस हार का बदला लेने के लिए वेस्टइंडीज के गेंदबाजों ने किंग्सटन में हुए चौथे टेस्ट में बॉडीलाइन रणनीति का सहारा लिया. उस मुकाबले में भारत की पहली पारी में अंशुमान गायकवाड़ को माइकल होल्डिंग की एक गेंद कान पर जा लगी थी और उन्हें अस्पताल जाना पड़ा था. हालांकि, इससे पहले गायकवाड़ 81 रनों की साहसिक पारी खेल चुके थे.
गायकवाड़ का ऐसा रहा इंटरनेशनल रिकॉर्ड
अंशुमान गायकवाड़ ने 27 दिसंबर 1974 को कोलकाता में वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू किया था. टेस्ट मैच में उनकी आखिरी उपस्थिति साल 1984 के आखिरी दिन इंग्लैंड के खिलाफ शुरू हुए कोलकाता टेस्ट में रही. गायकवाड़ ने 40 टेस्ट मैचों के अपने करियर में 30.07 की औसत से 1985 रन बनाए, जिसमें 2 शतक और 10 अर्धशतक शामिल रहे. उनका बेस्ट स्कोर 201 रन रहा, जो उन्होंने पाकिस्तान के विरुद्ध बनाया था. गायकवाड़ ने भारत के लिए 15 वनडे मैचों में भी शिरकत की. वनडे मैचों में उनके नाम 20.69 की औसत से 269 रन दर्ज हैं.

अंशुमान गायकवाड़ ने 206 फर्स्ट क्लास मैचों में 41.56 की औसत से 12,136 रन बनाए थे. इस दौरान उनके बल्ले से 34 शतक और 47 अर्धशतक निकले हैं. प्रथम श्रेणी क्रिकेट में उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर 225 रन रहा. इसके अलावा गायकवाड़ ने 55 लिस्ट-ए मुकाबले भी खेले, जिसमें उन्होने 32.67 के एवरेज से कुल 1601 रन बनाए.
पिता ने भी भारत का किया प्रतिनिधित्व
अंशुमान गायकवाड़ ने क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद कोचिंग को अपना करियर बनाया. वह 1997-99 के दौरान भारतीय क्रिकेट टीम के हेड कोच रहे. गायकवाड़ ने गुजरात राज्य उर्वरक एवं रसायन लिमिटेड (GSFC) के लिए भी काम किया और 2000 में इस कंपनी से सेवानिवृत्ति ले ली. जून 2018 में भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड (BCCI) ने गायकवाड़ को लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित किया. अंशुमान गायकवाड़ के पिता दत्ता गायकवाड़ ने भी टेस्ट क्रिकेट में भारत का प्रतिनिधित्व किया.