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UP में सेफ सीट का दांव, कब आएगी Corona की तीसरी लहर की पीक? देखें एक और एक ग्यारह

UP में सेफ सीट का दांव, कब आएगी Corona की तीसरी लहर की पीक? देखें एक और एक ग्यारह

इस बार सबसे बड़ी जंग मौजूदा मुख्यमंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री में है. पहली बार दोनों फ्रंट से लड़ने को तैयार हैं. मौजूदा मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ ने इसके लिए सबसे मजबूत गढ़ गोरखपुर चुना तो अखिलेश यादव ने सबसे सुरक्षित सीट मैनपुरी के करहल को पकड़ा. दोनों ने आसान पिच पर सेफ दांव खेला ताकि खुलकर कप्तानी भी कर सके और चौके-छक्के भी लगा सके. लखनऊ से मैनपुरी की दूसरी करीब 250 किलोमीटर है. लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे से यहां 3 घंटे में पहुंचा जा सकता है. यहां की करहल सीट समाजवादी पार्टी का गढ़ रहा है. सेफ सीट का सियासी मतलब भी है. कोई नहीं चाहता कि बड़ी लड़ाई में अपनी सीट पर ही फंस जाए. देखें एक और एक ग्यारह.

This time the biggest battle is between the current Chief Minister and the former Chief Minister of Uttar Pradesh. Yogi Adityanath has chosen his stronghold Gorakhpur and Akhilesh Yadav has chosen the safest seat, Mainpuri's Karhal. The Karhal seat here has been a stronghold of the Samajwadi Party for a very long time.

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