scorecardresearch
 

'गुलों में रंग भरे', 5 दिलकश आवाजों में

इंकलाबी शायर फैज अहमद फैज का आज जन्मदिन है. इनकी गजल 'गुलों में रंग भरे बादे-नौबहार चले' सबसे ज्यादा मशहूर हुई. मेहदी हसन ने अपनी आवाज से इसे मुकम्मल बनाया और फिर बाद में कई अरिजित सिंह जैसे गायकों ने इसे गाया. पेश है इस गजल के पांच शानदार वर्जन. हर आवाज में आपको गजल की तासीर मुख्तलिफ महसूस होगी.

Faiz Ahmad faiz Faiz Ahmad faiz

इंकलाबी शायर फैज अहमद फैज का आज जन्मदिन है. इनकी गजल 'गुलों में रंग भरे बादे-नौबहार चले' सबसे ज्यादा मशहूर हुई. मेहदी हसन ने अपनी आवाज से इसे मुकम्मल बनाया और फिर बाद में कई अरिजित सिंह जैसे गायकों ने इसे गाया. पेश है इस गजल के पांच शानदार वर्जन. हर आवाज में आपको गजल की तासीर मुख्तलिफ महसूस होगी.

मेहदी हसन की आवाज में

अरिजित सिंह की आवाज में

जगजीत सिंह की आवाज में

रूना लैला की आवाज में

केके की आवाज में

 

 

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें