scorecardresearch
 

अधिकतर ने वाल्मीकि रामायण नहीं पढ़ी, वे रामानंद सागर को जानते हैं'

अधिकतर ने वाल्मीकि रामायण नहीं पढ़ी, वे रामानंद सागर को जानते हैं'

आजतक के मंच पर साहित्य के स‍ितारों का महाकुंभ जारी है. साह‍ित्य आजतक के ड‍िज‍िटल संस्करण e-साह‍ित्य आजतक के मंच पर दूसरे दिन लेखक अमीष त्रिपाठी ने शिरकत की. इस दौरान अमीष त्रिपाठी ने कहा कि हमारी संस्कृति हजारों साल पुरानी है. उनका कहना है कि वह ईश्वर की प्रेरणा, शिव जी की कृपा से लिखते हैं. अमीष ने कहा कि कि राम कथा हमारे खून में है. हम रामचरित मानस के साथ ही हम बड़े होते हैं. अमीष त्रिपाठी का कहना है कि हमारे पूर्वज जुझारू थे. हमारा इतिहास हारने वालों का इतिहास नहीं है. पर हमारी शिक्षा प्रणाली ने हमें गलत इतिहास पढ़ाया. अमीष ने कहा कि अधिकतर लोगों ने वाल्मीकि की रामायण नहीं पढ़ी है. ज्यादातर लोग रामानंद सागर की रामायण जानते हैं. देखिए वीडियो.

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें