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Covid-19: बच्चों में सबसे पहले नजर आता है कोरोना का ये लक्षण, दिखते ही हो जाएं सावधान

XE Variant Symptom: कोरोना वायरस का नया XE वेरिएंट सभी के लिए चिंता का कारण बन गया है। यह वेरिएंट काफी तेजी से फैल रहा है और अब बच्चे भी इसकी चपेट में आ रहे हैं. बच्चों में सबसे पहले इस नए वेरिएंट का एक लक्षण नजर आ रहा है. आइए जानते हैं इसके बारे में.

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Corona virus XE variant first symptom (Photo Credit: Getty Images ) Corona virus XE variant first symptom (Photo Credit: Getty Images )
स्टोरी हाइलाइट्स
  • भारत में तेजी से बढ़ रहे हैं कोरोना के नए XE वेरिएंट के मामले
  • बच्चों में दिख रहा है सबसे पहले ये लक्षण

 Covid-19 XE Variant Symptom: कोरोना का खतरा अभी तक टला नहीं हैं, दुनियाभर में कोरोना की चौथी लहर ने दस्तक दे दी है और अब भारत में भी इसे लेकर चिंता काफी ज्यादा बढ़ती जा रही है. अब कोरोना का एक नया XE वेरिएंट सामने आया है जिसकी चपेट में बड़ों समेत बच्चे भी आ रहे हैं. हेल्थ एक्सपर्ट  का कहना है कि कोरोना के इस नए वेरिएंट की चपेट में आने पर बच्चों में सबसे पहले एक लक्षण नजर आ रहा है, जिसे माता-पिता को इग्नोर करने की गलती नहीं करनी चाहिए. 

बच्चों में दिखने वाला इसका सबसे पहला लक्षण डायरिया या पेट में दर्द हो सकता है. इसलिए अलावा अन्य लक्षणों में बुखार, गले में दर्द, सूखी खांसी, थकान, सांस लेने में दिक्कत, नाक बहना, ठंड लगना, सिर दर्द, उल्टी और दस्त होना, मांसपेशियों में दर्द भी शामिल हैं. हालांकि हेल्थ एक्सपर्ट्स का यह भी कहना है कि कोरोना के इस नए वेरिएंट से  माता-पिता को घबराने की कोई जरूरत नहीं है. लेकिन इस मामले में बेफ्रिकी भी आपको महंगी पड़ सकती है. 

कैसे करें बचाव

एक्सपर्ट्स ने बताया है कि माता-पिता के लिए यह सुनिश्चित करना बेहद जरूरी है कि उनके बच्चे हेल्दी लाइफस्टाइल बनाए रखें, अच्छी तरह से खाएं और सोएं, सफाई का पालन करें और जो बच्चे टीकाकरण के योग्य हैं उन्हें जल्द से जल्द वैक्सीन लगाई जाए.

एक्सपर्ट्स का यह भी कहना है कि माता-पिता और टीचर्स को बच्चों को न्यूट्रीशन से भरपूर और एक हेल्दी लाइफस्टाइल देने पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए.  घर के साथ-साथ स्कूल परिसर में भी स्वच्छता और हाथ धोने की आदतों को बच्चों की लाइफस्टाइल में शामिल करना चाहिए.

डरने की नहीं है कोई जरूरत

हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि बच्चों के पेरेंट्स को कोरोना के इस नए वेरिएंट्स से घबराने की कोई जरूरत नहीं है. क्योंकि बच्चों में कोरोना के लक्षण काफी माइल्ड है और समय पर इलाज करवाने से बच्चे जल्दी ठीक भी हो रहे हैं. वैक्सीनेशन के लिए योग्य बच्चों को वैक्सीन लगवानी चाहिए लेकिन जिन बच्चों के लिए अभी तक वैक्सीनेशन की सुविधा नहीं है, उन्हें इससे घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि उनमें गंभीर संक्रमण होने की संभावना बहुत कम है. 

कोरोना और इसके वेरिएंट से बचने के कुछ न्यूट्रिशन टिप्स

- ऐसी चीजों को डाइट में शामिल करें जिसमें विटामिन सी की मात्रा अधिक हो.

- रेड मीट की जगह व्हाइट मीट को करें डाइट में शामिल

- खाने में कम मात्रा में नमक शामिल करें.

- दिनभर में कम के कम 8 से 10 गिलास पानी पीने की कोशिश करें, ताकि आपकी बॉडी हाइड्रेटेड रहे.

- मीट, मक्खन, नारियल तेल, क्रीम, पनीर, घी और चरबी में पाए जाने वाले अनसैचुरेटेड फैट की  बजाय मछली, एवोकैडो, नट्स, ऑलिव ऑयल, सोया, कैनोला, सूरजमुखी और मकई के तेल में पाए जाने वाले सैचुरेटेड फैट का सेवन करें.

 

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