ऋषिकेश के काले की ढाल क्षेत्र में हरियाणा से आए पर्यटकों के साथ मारपीट का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस के अनुसार यह पूरा विवाद एक महिला से हुई गलतफहमी के बाद शुरू हुआ था, जिसने बाद में हिंसक रूप ले लिया. देहरादून पुलिस के मुताबिक 20 मई 2026 को हरियाणा के कैथल निवासी सतवीर ने कोतवाली ऋषिकेश में शिकायत दर्ज कराई थी. शिकायत में बताया गया कि वह अपने साथियों के साथ हुन्डई वेन्यू कार से ऋषिकेश घूमने आए थे. उनकी कार का नंबर HR-08-AL-9393 बताया गया है.
पर्यटकों के अनुसार जब वो काले की ढाल क्षेत्र से गुजर रहे थे, तभी वहां एक महिला से बातचीत हुई. इसी दौरान मौके पर भीड़ इकट्ठा हो गई और कुछ लोगों ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी. घटना में पर्यटकों को चोटें आईं और उनकी कार को भी नुकसान पहुंचाया गया. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने बीएनएस की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया और जांच शुरू की. एसएसपी देहरादून के निर्देश पर एक विशेष पुलिस टीम गठित की गई, जिसने जांच और लगातार दबिश के बाद दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया.
पर्यटकों से मारपीट मामले में दो गिरफ्तार
पुलिस ने बताया कि 22 मई को भरत विहार ट्रक यूनियन पार्किंग क्षेत्र से अशोक थापा और नरेश कश्यप को गिरफ्तार किया गया. दोनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है. पुलिस का कहना है कि मामले में शामिल अन्य नामजद और अज्ञात आरोपियों की तलाश अभी जारी है. इस बीच मामले में कथित पीड़ित महिला भी सामने आई हैं. महिला ने अपनी तरफ से घटना का पूरा घटनाक्रम बताया. महिला के अनुसार वह अपनी 8 साल की बेटी के साथ स्कूटी से काली की ढाल की तरफ जा रही थीं. इसी दौरान हरियाणा नंबर की एक कार उनके पास से निकली.
महिला का कहना है कि कार में बैठे कुछ लोग उनकी तरफ इशारे कर रहे थे. महिला के मुताबिक उनकी बेटी ने इस बात की ओर उनका ध्यान दिलाया. इसके बाद उन्होंने कार को रुकवाकर पूछताछ की. महिला ने कहा कि पर्यटकों ने अपनी सफाई दी थी और उस समय मामला खत्म हो गया था. लेकिन इसी दौरान आसपास के लोग वहां जमा हो गए और धीरे-धीरे विवाद बढ़ता चला गया. बाद में मामला मारपीट तक पहुंच गया.
CCTV फुटेज के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही पुलिस
घटना के बाद इलाके में काफी देर तक तनाव की स्थिति बनी रही. पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और मामले की जांच शुरू की. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे घटनाक्रम की हर पहलू से जांच की जा रही है. आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है ताकि घटना में शामिल अन्य लोगों की पहचान की जा सके. फिलहाल पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है और बाकी आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है. इस घटना के बाद पर्यटन स्थल ऋषिकेश में सुरक्षा व्यवस्था और सार्वजनिक व्यवहार को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है.