उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में अंकिता भंडारी की मां सोनी देवी का एक भावुक वीडियो सामने आया है, जिसमें वो अपनी बेटी के लिए न्याय की गुहार लगाते हुए नजर आ रही हैं. मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि माता-पिता के लिए उनकी संतान से बढ़कर इस दुनिया में कुछ भी नहीं होता. उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि अगर इस न्याय की लड़ाई में उनकी जान भी चली जाए तो उन्हें कोई अफसोस नहीं होगा, लेकिन उनकी बेटी को इंसाफ जरूर मिलना चाहिए.
'बेटी के लिए जान भी चली जाए तो गम नहीं'
सोनी देवी ने कहा कि अंकिता ने बचपन से ही गरीबी और कठिनाइयों का सामना किया. परिवार के साथ रहते हुए उसने संघर्ष भरे दिन देखे और बहुत दुख झेले. उन्होंने बताया कि उनकी बेटी मेहनती थी और अपने दम पर आगे बढ़ना चाहती थी. जब उसके जीवन में अच्छे दिन आने वाले थे, जब वह अपने सपनों को साकार करने की ओर बढ़ रही थी, उसी समय उसके साथ जो कुछ हुआ, वह पूरे देश के सामने है. मां की आंखों से छलकते आंसुओं और कांपती आवाज ने वहां मौजूद हर व्यक्ति को भावुक कर दिया.

उन्होंने कहा कि उनकी बेटी की मौत सिर्फ एक परिवार का नहीं, बल्कि पूरे समाज का नुकसान है. सोनी देवी ने सवाल उठाया कि आखिर एक सामान्य परिवार की बेटी को न्याय पाने के लिए इतनी लंबी और कठिन लड़ाई क्यों लड़नी पड़ रही है.
देहरादून में छलका अंकिता की मां का दर्द
गौरतलब है कि बुधवार रात उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के सरकारी आवास पर अंकिता के माता-पिता ने मुलाकात की थी. इस दौरान माता-पिता ने मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में सीबीआई से कराने की मांग रखी थी. परिवार का कहना है कि केवल स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच से ही सच्चाई पूरी तरह सामने आ सकती है.
आज देहरादून में मीडिया से बातचीत के दौरान सोनी देवी का यह वीडियो सामने आने के बाद एक बार फिर अंकिता भंडारी मामले ने तूल पकड़ लिया है. परिवार को अब भी उम्मीद है कि उनकी बेटी को इंसाफ मिलेगा और दोषियों को कानून के अनुसार सजा दी जाएगी.