उत्तराखंड के अल्मोड़ा नगर निगम के तहत आता है वेस्ट पोखरखोली. इस इलाके के निवासी अरुण कुमार पंत और उनका परिवार पिछले 30 साल से अपने घर के पास, अपने खेत में जमा हो रही गंदगी से परेशान हैं. पंत परिवार पिछले 30 साल से सरकार, नगर निगम और जिला प्रशासन से गुहार लगा रहा है कि कॉलोनी का गंदा पानी उनके घर के पास जमा न हो. इसका कोई स्थायी इंतजाम किया जाए. लेकिन परिवार की गुहार किसी ने नहीं सुनी.
आजतक ने पंत परिवार की इस व्यथा को प्रमुखता से उठाया और अब नगर निगम के मेयर ने कहा है कि जल्द ही इस समस्या का समाधान किया जाएगा. आजतक की टीम पंत परिवार के घर पहुंची. यह परिवार पिछले 30 साल से गंदगी के बीच जीवन यापन करने को मजबूर है. गंदगी की वजह से परिवार के सदस्य कई तरह की बीमारियों का भी शिकार होते रहे हैं.
उत्तराखंड को अलग राज्य बने 25 साल पूरे हो चुके हैं, लेकिन लोग आज भी मूलभूत सुविधाओं से किस तरह वंचित हैं. उत्तराखंड की सांस्कृतिक नगरी के नाम से मशहूर अल्मोड़ा में एक ऐसा वार्ड भी है जहां पर एक घर में करीब 30 साल से सीवर का पानी घर के अंदर आ रहा है, खेत में जा रहा है.
यह घर है दिनेश पंत का. दिनेश पंत बताते हैं कि साल 1995 से उनके खेत में सीवर का पानी आ रहा है. इसके लिए वह कई बार अधिकारियों और मंत्रियों से गुहार भी लगाई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई. उन्होंने कहा कि पहले कुछ ही घर हुआ करते थे, पर अब 15 से 20 घरों का पानी उनके खेत में जमा हो रहा है.
दिनेश पंत ने कहा कि घर के पीछे की दीवार में भी लगातार पानी रिस रहा है. इसके लिए उन्होंने कई बार सीएम पोर्टल और शहरीय विकास मंत्री को भी लिखा है, पर उसके बाद भी किसी ने इस ओर ध्यान नहीं दिया है. उन्होंने आगे कहा कि अगर पानी ऐसे ही आता रहा, तो भविष्य में कोई भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है.
दिनेश पंत और उनके परिवार की समस्या को लेकर अल्मोड़ा नगर निगम के मेयर अजय वर्मा ने कहा है कि जल्द ही समाधान किया जाएगा. फोन पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि इस काम के लिए पहले भी बजट आवंटित किया गया था. मेयर ने कहा कि तब सीवरेज के लिए जमीन नहीं मिलने की वजह से बजट वापस हो गया था. इस काम का इस्टीमेट बनाकर जल्द ही बजट की घोषणा की जाएगी.
अल्मोड़ा के जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने इस संबंध में कहा कि मामला संज्ञान में आया है. इस मामले की तकनीकी जांच के लिए सर्वे किया जाएगा, जिससे ताजा हालात की जानकारी मिल सके. उन्होंने कहा कि विभागीय प्रक्रिया के अनुरूप आगे की कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी. डीएम ने कहा कि जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और स्थिति पर प्रशासन की नजर बनी हुई है.