पश्चिम बंगाल में राम नवमी के मौके पर सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच जमकर शक्ति प्रदर्शन हुआ. ममता सरकार की स्पष्ट चेतावनी के बावजूद हिंदू संगठनों की तरफ से राम नवमी के मौके पर हवा में हथियार लहराने की तस्वीरें भी सामने आईं.
बंगाल के सिलीगुड़ी जिले में राम मंदिर महोत्सव समिति के कार्यकर्ताओं ने राम नवमी के अवसर पर जुलूस निकाला. इस जुलूस में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया. इस दौरान हुजूम में शामिल ज्यादातर लोगों के पास हथियार दिखाई दिए. हाथ में भगवा झंडा लिए और सिर पर केसरिया रूमाल बांधे हुए सैकड़ों की तादाद में नौजवानों ने हवा में तलवारें लहराईं.
बता दें कि और विपक्षी बीजेपी ने रामनवमी के अवसर पर राज्य के विभिन्न हिस्से में रैलियों का आयोजन किया और रंगारंग जुलूस निकाले. भारतीय जनता पार्टी इन रैलियों को बंगाल के 'हिंदुओं को एकजुट' करने की दिशा में पहला कदम बताया.
बीजेपी और संघ से जुड़े संगठनों की रैलियों के जवाब में तृणमूल कांग्रेस ने राज्य के विभिन्न हिस्सों में रंगारंग जुलूस निकाले और राम पूजा का आयोजन किया. सत्तारूढ़ दल ने कहा कि बीजेपी रामनवमी को राज्य के लोगों को बांटने का जरिया बनाने में सफल नहीं हो पाएगी.
Ram Mandir Mahotsav Samiti took out a procession on the occasion of where people were seen brandishing swords, in West Bengal's Siliguri
— ANI (@ANI)
कोलकाता में भी रैली
कोलकाता में संघ परिवार के सदस्यों की ओर से रामनवमी से संबंधित रैलियां आयोजित की गईं. भगवा झंडे और पोस्टरों से सजाए गए जुलूस निकाले गए. जुलूस में शामिल लोग भगवान राम की जय-जयकार करते दिखे.
बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष ने कहा, 'अब तक किसी अप्रिय घटना की कोई सूचना नहीं है. रैलियां सफल रही हैं क्योंकि बड़ी संख्या में आम लोगों ने इसमें हिस्सा लिया. राज्य की हिन्दू विरोधी तृणमूल सरकार के खिलाफ हिन्दुओं को एकजुट करने की दिशा में यह पहला कदम है.'
एडीजे ( कानून व्यवस्था) अनुज शर्मा के मुताबिक रैलियां शांतिपूर्ण रहीं और कहीं से किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली है.