पद्मावती फिल्म को लेकर बीजेपी शासित राज्यों में विरोध की आग तेज हो रही है तो वहीं कांग्रेस की सरकार वाले मुख्यमंत्री फिल्म और कलाकारों के बचाव में खड़े हो गए हैं. हरियाणा बीजेपी नेता की अभिनेत्री दीपिका पादुकोण पर विवादित टिप्पणी के बाद से चारों तरफ उनकी आलोचना हो रही है. अब इस कड़ी में कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी का नाम भी जुड़ गया है.
ममता बनर्जी ने फिल्म पर जारी विवाद अपनी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने ट्वीट करते हुए लिखा, 'पद्मावती विवाद दुर्भाग्यपूर्ण ही नहीं बल्कि राजनीतिक दलों की ओर से अभिव्यक्ति की आजादी को खत्म करने की सोची-समझी साजिश है'. ममता ने इसे सुपर इमरजेंसी बताते हुए पूरे फिल्म जगत एक स्वर में इसके करने की अपील की है.
The controversy is not only unfortunate but also a calculated plan of a political party to destroy the freedom to express ourselves. We condemn this super emergency. All in the film industry must come together and protest in one voice
— Mamata Banerjee (@MamataOfficial)
पद्मावती की अभिनेत्री दीपिका पादुकोण के गृह राज्य कर्नाटक से भी उनके समर्थन में आवाज उठी है. पहले राज्य के ऊर्जा मंत्री डीके शिवकुमार ने फिल्म और अभिनेत्री दीपिका पादुकोण का बचाव किया और उनके लिए सीएम से सुरक्षा की मांग की. इसी के जवाब देते हुए सीएम सिद्धारमैया ने इस पूरे विवाद को कड़ी आलोचना की है.
I condemn the culture of intolerance & hate perpetuated by .
Karnataka stands with .She is a globally renowned artist from our state.
I call upon the CM of Haryana to take strict action against those holding out threats against her.
— Siddaramaiah (@siddaramaiah)
सिद्धारमैया ने ट्वीट करते हुए लिखा, 'मैं बीजेपी की इस असहिष्णु संस्कृति का निंदा करता हूं, कर्नाटक दीपिका के साथ खड़ा है'. उन्होंने लिखा कि दीपिका हमारे राज्य से हैं और हरियाणा के सीएम से अपील करता हूं कि वो दीपिको को धमकी देने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करें.
दरअसल हरियाणा के बीजेपी नेता सूरजपाल अम्मू ने खुलेआम धमकी देते हुए पद्मावती फिल्म बनाने वालों का सिर कलम करने पर 10 करोड़ रुपए के इनाम की घोषणा की थी. उन्होंने कहा है कि जो इन लोगों के सिर कलम करेगा, उसे 10 करोड़ का इनाम दिया जाएगा. इतना ही नहीं ऐसा करने वाले के परिवार का ध्यान रखने का भी उन्होंने आश्वासन दिया था.