भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं वाराणसी से पार्टी के सांसद डॉ. मुरली मनोहर जोशी ने शनिवार को कहा कि उत्तर प्रदेश के दोनों बड़े दलों सपा एवं बसपा के नेताओं मुलायम सिंह एवं मायावती ने वास्तव में सीबीआई की तलवार से बचने के लिए केन्द्र की मनमोहन सिंह सरकार को बिना शर्त समर्थन दिया है.
जोशी ने काशी पत्रकार संघ की ओर से आयोजित प्रेस से मिलिएं कार्यक्रम में दो टूक कहा कि उत्तर प्रदेश में बसपा एवं सपा की राजनीति का कोई आधार नहीं है. उन्होंने कहा सपा और बसपा के नेताओं मुलायम सिंह यादव एवं मायावती ने वास्तव में सीबीआई की तलवार से बचने के लिए मनमोहन सिंह की केन्द्र की सरकार को बिना मांगे बिना शर्त समर्थन दिया है.
उन्होंने कहा कि यदि सीबीआई का भय नहीं होता तो इन विपरीत ध्रुवों की पार्टियों का एक साथ केन्द्र सरकार को समर्थन देने का कोई अर्थ नहीं था. जोशी ने स्पष्ट कहा कि केन्द्र में कांग्रेस की सरकार बनने का यह कतई अर्थ नहीं है कि भाजपा की ओर से जनता का मोह भंग हो गया है. एक अन्य सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि यदि भाजपा के चुनाव घोषणापत्र पर ठीक से बहस होती और उसके बारे में देश की जनता को पता चलता तो शायद चुनावों के परिणाम भिन्न होते.
उन्होंने कहा कि काशी की जनता ने उन्हें यहां से चुनाव जिताकर जो जनादेश दिया है उसके अनुरूप वह काशी के लिए जो कुछ भी संभव होगा करेंगे. जोशी ने बसपा उम्मीदवार मुख्तार अंसारी के बारे में पूछे गये एक सवाल के जवाब में कहा कि वह किसी के खिलाफ व्यक्तिगत टिप्पणी करने में विश्वास नहीं रखते और व्यक्ति की बजाय नीतियों पर बात करते हैं.