बेल्जियम की राजधानी ब्रसेल्स आतंकी हमले में लापता भारतीय नागरिक राघवेंद्र गणेशन की मौत की पुष्टि हो गई है. सॉफ्टवेयर कंपनी इंफोसिस के कर्मचारी राघवेंद्र 22 मार्च को ब्रसेल्स में मेट्रो स्टेशन पर हुए हमले के दौरान लापता हो गए थे. बेल्जियम के अधिकारियों ने सोमवार को इसकी पुष्टि की. इसके बाद भारतीय दूतावास ने इसकी जानकारी दी.
विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने जताई संवेदना
जानकारी के मुताबिक, राघवेंद्र भी धमाके में मारे गए लोगों में शामिल थे. इस सूचना पर विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने दुख जताया. उन्होंने ट्वीट किया कि मुझे यह बताते हुए बहुत दुख हो रहा है कि में मारे गए लोगों में राघवेंद्र भी शामिल हैं. उनका पार्थिव शरीर ब्रसेल्स में उनके परिवार को सौंपा जा रहा है.
I am deeply pained to inform that Brussels authorities hv identified Raghavendran as one of the victims of terror blasts in Brussels. /1
— Sushma Swaraj (@SushmaSwaraj)
इंफोसिस ने किया परिवार की मदद का वादा
इंफोसिस ने भी अपने कर्मचारी शोक जताया. कंपनी ने कहा कि दुख की इस घड़ी में राघवेंद्र के परिवार की हर संभव मदद की जाएगी. उन्होंने परिवार के लिए दुआएं करने की भी अपील की. कंपनी ने बेल्जियम और भारत सरकार को मदद के लिए शुक्रिया कहते हुए राघवेंद्र के परिजनों की प्राइवेसी का सम्मान करने की अपील की.
राघवेंद्र ने मां को किया था आखिरी कॉल
राघवेंद्र बंगलुरु के रहने वाले हैं. राघवेंद्र ने से एक घंटे पहले अपनी मां से बात की थी. स्वराज ने ट्वीट करके यह जानकारी दी थी. उन्होंने राघवेंद्र का पता लगाने में मदद की अपील भी की थी. ब्रसेल्स एयरपोर्ट पर हुए फिदायीन धमाके में घायल हुए जेट एयरवेज के चालक दल के दो सदस्य निधि चापेकर और अमित मोटवानी के बारे में स्वराज ने बताया था कि वे हो रहे हैं. ये दोनों कर्मचारी मुंबई के रहने वाले हैं.
ब्रसेल्स हमले में 35 की मौत और 300 घायल
ब्रसेल्स में एयरपोर्ट और मेट्रो स्टेशन पर हुए धमाके में करीब 35 लोगों की मौत हो गई थी जबकि 300 से अधिक लोग घायल हुए थे. कुख्यात आतंकी संगठन आईएसआईएस ने इस हमले की जिम्मेदारी ली थी. दुनियाभर में इस हमले की निंदा की गई थी.