तेलंगाना के भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने 'वोट के बदले नोट' मामले में अपनी जांच तेज कर दी है. बुधवार को तेलुगू देशम पार्टी (TDP) के नेता वी. नरेंद्र रेड्डी से लंबी पूछताछ की गई. वहीं अन्य नेता सांड्रा वेंकट वीरैया जांच एजेंसी के सामने अभी पेश नहीं हुए हैं.
TDP नेताओं पर कसा शिकंजा
ACB ने मंगलवार को TDP विधायक वीरैया और नरेंद्र रेड्डी को नोटिस जारी किया था. रेड्डी तेलंगाना विधान परिषद चुनाव में TDP-BJP उम्मीदवार थे. उन्हें पूछताछ के लिए ACB के समक्ष पेश होने को कहा गया था.
वीरैया अपने आवास पर मौजूद नहीं थे, तो अधिकारियों ने उनके आवास के दरवाजे पर नोटिस चिपका दिया. हालांकि, अधिकारियों ने नरेंद्र रेड्डी से कहा कि वह उन्हें लेकर आएं, उन्होंने बुधवार का वक्त मांगा.
नरेंद्र रेड्डी बुधवार सुबह बंजारा हिल्स स्थित एसीबी मुख्यालय पहुंचे. सूत्रों ने बताया कि अधिकारियों की टीम ने उनसे पूछताछ की, क्योंकि इस मामले में कथित रूप से उन्हें लाभ मिला है.
यह पूछताछ TDP अध्यक्ष और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू और पार्टी के दो अन्य सांसदों को नोटिस भेजे जाने की संभावना के बीच की जा रही है.
लगातार दूसरे दिन हैदराबाद में इस मुद्दे पर गतिविधि तेज होती देखी गई.
गरमाता जा रहा है मामला
तेलंगाना के पुलिस महानिदेशक अनुराग शर्मा, एसीबी प्रमुख एके खान और हैदराबाद के पुलिस आयुक्त महेंद्र रेड्डी ने बुधवार को मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव से मुलाकात की.
पुलिस महानिदेशक ने मंगलवार को भी तेलंगाना के मुख्यमंत्री से मुलाकात की थी, जबकि खान ने उनसे दो बार मुलाकात की थी.
TDP विधायक ए. रेवंत रेड्डी को 31 मई को एसीबी ने गिरफ्तार किया था, जब वह विधायक एल्विस स्टीफन्सन को नरेंद्र रेड्डी के पक्ष में वोट करने के लिए 50 लाख रुपये की पेशकश कर रहे थे.
स्टीफन्सन की शिकायत पर एसीबी ने जाल बिछाया था, जिसके तहत रेवंत और उनके सहयोगी सेबेस्तियन हैरी तथा उदय सिन्हा को गिरफ्तार किया गया.
ACB 50 लाख रुपये के स्रोत तथा पांच करोड़ रुपये के सौदे में 4.5 करोड़ रुपये का इंतजाम करने के संबंध में तीनों आरोपियों से पूछताछ कर चुकी है.
ACB ने नरेंद्र रेड्डी और वीरैया को रेवंत तथा दो आरोपियों के पेश किए गए आंकड़े का विश्लेषण करने के बाद बुलाया.
यह मामला सात जून को उस वक्त सामने आया, जब चंद्रबाबू नायडू और स्टीफन्सन के बीच टेलीफोन पर बातचीत का कथित ऑडियो टेप विभिन्न टेलीविजन चैनलों में जारी हुआ. तेलंगाना में तेलंगाना राष्ट्र समिति (टीआरएस) की सरकार ने इस घोटाले के पीछे आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू का हाथ होने का आरोप लगाया है.
इस बीच, ACB बुधवार को स्टीफन्सन का बयान दर्ज करेगी. मनोनित विधायक एंग्लो-इंडियन समुदाय का प्रतिनिधित्व करते हैं, जो कि दंडाधिकारी के समक्ष अपना बयान पेश करेंगे.
हैदराबाद हाईकोर्ट रेवंत की जमानत याचिका पर सुनवाई 24 जून को करेगा.