बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने शुक्रवार को तीखे जुबानी हमलों का एक और नया मोर्चा खोला. स्वामी ने वित्त मंत्री अरुण जेटली पर परोक्ष हमला करते हुए उन्हें 'बिन मांगे सलाह देने वाला बताया.' इस बार उन्होंने हालांकि इस्तीफे की मांग नहीं की. स्वामी ने एक ट्वीट में कहा, 'लोग बिना मांगे मुझे अनुशासित रहने और चुप रहने की सलाह दे रहे हैं, लेकिन यह नहीं समझ रहे हैं कि यदि मैं अनुशासन का सम्मान नहीं करूं तो खून-खराबा हो जाएगा.'
स्वामी ने हालांकि जेटली का नाम नहीं लिया, लेकिन स्वामी का यह ट्वीट जेटली द्वारा उन्हें सार्वजनिक तौर पर झिड़की लगाने के बाद आया है. स्वामी की मुख्य आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रमण्यम को बर्खास्त करने की मांग पर जेटली ने उनकी सार्वजनिक निंदा की थी.
जेटली ने कहा था, 'पार्टी ने कहा है कि वह स्वामी के बयान से सहमत नहीं है. मैं भारतीय नेताओं के अनुशासन के संदर्भ में भी एक तथ्य रखना चाहता हूं.. आखिर हम उन लोगों पर किस हद तक हमला कर सकते हैं, जो अपने कार्यालय के अनुशासन एवं नियमों के कारण जवाब नहीं दे सकते और ऐसा एक बार नहीं, बार-बार हुआ है.'
एक अन्य ट्वीट में स्वामी ने भाजपा नेतृत्व से यह भी आग्रह किया कि वे विदेश यात्रा के दौरान मंत्रियों से पारंपरिक भारतीय परिधान पहनने को कहें. स्वामी ने लिखा, 'भाजपा को हमारे मंत्रियों को विदेश में पारंपरिक और आधुनिक भारतीय परिधान पहनने का निर्देश देना चाहिए। कोट और टाई में वे बैरे (वेटर) जैसे लगते हैं.'
कई समाचार पत्रों में शुक्रवार को जेटली और बैंक ऑफ चाइना के अध्यक्ष की बीजिंग में हुई मुलाकात की तस्वीर प्रकाशित हुई है, जिसमें जेटली लाउंज सूट पहने हुए हैं.