scorecardresearch
 

शाम को शराब पीकर सोने को बिहार के सीएम जीतनराम मांझी ने ठहराया जायज

बिहार के मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी के बिगड़े बोल सुधरने का नाम ही नहीं ले रहे हैं. मांझी ने एक बार फिर विवादित बयान दिया है. मांझी ने कहा, 'अगर कोई पाव भर शराब पीकर सो जाए तो मैं उसे बुरा नहीं मानता.'

Advertisement
X
बिहार के मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी (फाइल फोटो)
बिहार के मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी (फाइल फोटो)

बिहार के मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी के बिगड़े बोल सुधरने का नाम ही नहीं ले रहे हैं. मांझी ने एक बार फिर विवादित बयान दिया है. मांझी ने कहा, 'अगर कोई पाव भर शराब पीकर सो जाए तो मैं उसे बुरा नहीं मानता.'

मांझी हाल ही में बिहार के दानापुर के महादलित सम्मेलन में पहुंचे थे. सम्मेलन में मांझी ने कहा कि शाम में काम के बाद अगर लोग दारू पीकर सो जाएं तो मैं उसे बुरा नहीं मानता. हालांकि मांझी ने बाद में सफाई देते हुए कहा कि मेरी उम्र 70 साल है लेकिन मैंने कभी दारू को हाथ नहीं लगाया.

उन्होंने महादलित समुदाय के लोगों से कहा कि दारू को दवा को रूप में पिएं. नशे के कारण महादलित लोग न तो अपने बच्चों का ध्यान रख पाते हैं, न ही जीवन को बेहतर कर पाते हैं. पीना ही है तो शराब को दवा के रूप में थोड़ी-थोड़ी पियो.

गौरतलब है कि मांझी ने कुछ दिन पहले कालाबाजारी को लेकर विवादित बयान दिया था. मांझी ने कहा था कि अगर आप कालाबाजारी करते हैं, तो अपने पेट के लिए. अपने बच्चों की पढ़ाई के लिए. मुझे नहीं लगता है कि आपके बच्चे विदेश में पढ़ते होंगे. बहुत भी करते होंगे तो आप अपने बच्चे को पटना या फिर किसी और छोटे शहर में पढ़ाते होंगे. अगर उसके लिए कालाबाजारी करते हैं तो मैं आपको धन्यवाद देता हूं. अगर छोटी-मोटी गलतियां होंगी तो बिहार के मुख्यमंत्री होने के नाते हम आपको माफ कर देंगे.'

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement