असम के बोडो क्षेत्र में पिछले कुछ दिनों से हिंसा की कोई ताजा घटना सामने नहीं आई है. शांतिपूर्ण स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने हिंसा प्रभावित तीनों राज्यों में विस्थापित लोगों के पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू कर दी है. एक अधिकारी ने यह जानकारी रविवार को दी.
ज्ञात हो कि कोकराझार, चिरांग और धुबरी जिलों में बोडो मूल के लोगों और बांग्लाभाषी मुस्लिमों के बीच हिंसक झड़पें 19 जुलाई से शुरू हुईं जो बाद में और तेज होती चली गईं. इन घटनाओं में 95 लोगों ने जान गंवाई और चार लाख से अधिक लोग बेघर हो गए.
एक अधिकारी ने बताया कि हिंसा प्रभावित तीनों राज्यों में विस्थापित लोगों के लिए राहत और पुनर्वास कार्य शुरू कर दिया गया है.
उन्होंने बताया कि गत शुक्रवार तक राहत शिविरों में रह रहे तीनों जिलों के कुल 2,40,090 लोग अपने घर लौट गए. तीनों जिलों में 200 से अधिक शिविर लगाए गए थे जिनमें अभी भी लगभग 2,45,831 लोग रह रहे हैं.
अधिकारी ने बताया कि हिंसा के कारण लगभग एक महीने से बंद सभी स्कूल एवं अन्य शिक्षण संस्थान शनिवार से खुल गए. कक्षाएं जल्द ही नियमित रूप से चलने लगेंगी.