पंजाब सरकार में मंत्री और पूर्व क्रिकेटर नवजोत सिंह सिद्धू बयानबाजी के कारण अब अपनी सरकार के मंत्रियों के निशाने पर भी हैं. सोमवार को पंजाब कैबिनेट की एक बैठक बुलाई गई. जिसमें सिद्धू को मिली बड़ी राहत मिली है.
दरअसल बैठक से पहले कयास लगाए जा रहे थे कि कुछ मंत्री अलग से बैठक कर इस मुद्दे को कैबिनेट में उठाने का फैसला कर सकते हैं. से या तो बयान वापस लेने को या माफी मांगने को कहा जा सकता है या मंत्री पद से इस्तीफे की बात भी मनवाई जा सकती है. हालांकि, इस मुद्दे पर कोई बड़ा फैसला नहीं हो सका.
पंजाब कैबिनेट की आज की बैठक में सिद्धू के 'कौन है कैप्टन'' बयान का मुद्दा नहीं उठा. आलाकमान के सख्त निर्देश के बाद कैप्टन अमरिंदर सिंह और पंजाब सरकार के मंत्रियों ने सिद्धू के मामले पर चुप्पी साधी. कैबिनेट मीटिंग में सिर्फ रूटीन मुद्दे ही डिस्कस किए गए.
कैप्टन अमरिंदर के निवास पर कैबिनेट बैठक में अरुणा चौधरी, साधु सिंह, सुखविंदर रंधावा, ओपी सोनी, मनप्रीत बादल समेत कई मंत्री पहुंचे. वहीं नवजोत सिंह सिद्धू आज चुनाव प्रचार के लिए राजस्थान के नागौर में रहेंगे. इसी कारण वह बैठक में शामिल नहीं हुए. हालांकि, आज वह रैली और प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे.
बता दें कि सिद्धू ने हाल ही में बयान दिया कि उनके कैप्टन मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह नहीं बल्कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी हैं. जिसके बाद पंजाब सरकार के कई मंत्रियों ने सिद्धू का इस्तीफा मांगा है.
'सबके सामने नहीं धोते मैली चादर'
बैठक से पहले नवजोत सिंह सिद्धू ने मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के साथ चल रहे विवाद पर पहली बार सफाई दी. राजस्थान के झालावड़ में मीडिया से सिद्धू ने कहा कि कैप्टन अमरिंदर सिंह उनके पिता के समान हैं, वह उनका सम्मान करते हैं. जो भी विवाद है वह उनसे मिलकर सुलझा लेंगे. इस बीच सिद्धू ने ट्वीट भी किया, ''बुरे दिन जाने वाले हैं, राहुल गांधी आने वाले हैं''.
The optimist sees the donut, the pessimist sees the hole.
बुरे दिन जाने वालें हैं,
राहुल गांधी आने वालें हैं|
— Navjot Singh Sidhu (@sherryontopp)
अपने ही अंदाज में सिद्धू ने कहा कि मैली चादर को सबके सामने नहीं धोया जाता है, इसलिए वह कैप्टन से मिलकर ही इस विवाद को सुलझा लेंगे.
Navjot Singh Sidhu in Jhalawar, Rajasthan: You don't want wash dirty linen in public. He (Capt Amarinder Singh) is a fatherly figure, I love him, I respect him, I will sort it out myself.
— ANI (@ANI)
पंजाब में छिड़ी पोस्टर वॉर
गौरतलब है कि पंजाब सरकार के तीन मंत्रियों ग्रामीण एवं विकास मंत्री राजिंदर सिंह बाजवा, राजस्व और पुनर्वास मंत्री सुखविंदर सिंह सरकारिया और खेल मंत्री राणा गुरमीत सिंह सोढ़ी ने सिद्धू पर हमला किया है. राज्य सरकार के करीब 10 मंत्री सिद्धू की बयानबाजी से खफा हैं. इसके अलावा मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू का कहना है कि पंजाब की सभी गलियों में पोस्टर लगे हैं कि 'पंजाब का कैप्टन हमारा कैप्टन', यानी पंजाब वालों के लिए कैप्टन ही उनके मुखिया हैं.
तेरा कैप्टन-मेरा कैप्टन
गौरतलब है कि सिद्धू ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जाने के मुद्दे पर सवाल पूछे जाने पर कहा था कि कैप्टन अमरिंदर सिंह सेना के कैप्टन हैं, उनके कैप्टन राहुल गांधी हैं. और कैप्टन (अमरिंदर सिंह) के कैप्टन भी राहुल गांधी ही हैं.
गौरतलब है कि करतारपुर साहिब कॉरिडोर के शिलान्यास के लिए सिद्धू पाकिस्तान गए थे, उन्होंने कहा था कि वह राहुल गांधी के कहने पर पाकिस्तान गए थे.